नई दिल्ली: फैशन की दुनिया में ट्रेंड्स आते-जाते रहते हैं, लेकिन कुछ क्लासिक स्टाइल ऐसे होते हैं जो समय-समय पर दमदार वापसी करते हैं। साल 2026 में ऐसा ही कमबैक Converse Chuck Taylor स्नीकर्स ने किया है। एक समय युवाओं की पहली पसंद रहे ये हाई-टॉप स्नीकर्स अब फिर से फैशन इंडस्ट्री में छा रहे हैं और स्ट्रीट स्टाइल से लेकर सेलिब्रिटी लुक्स तक हर जगह नजर आ रहे हैं। हाल ही में न्यूयॉर्क की सड़कों पर सबसे ज्यादा दिखाई देने वाले स्नीकर्स में Converse Chuck Taylor शामिल रहे। फैशन एक्सपर्ट्स का मानना है कि लोग अब ऐसे फुटवियर पसंद कर रहे हैं जो स्टाइलिश होने के साथ-साथ आरामदायक, भरोसेमंद और लंबे समय तक चलने वाले हों। यही वजह है कि लगभग एक सदी पुराना यह आइकॉनिक डिज़ाइन एक बार फिर चर्चा में है। 100 साल पुराना डिजाइन, लेकिन आज भी ट्रेंड में Converse Chuck Taylor का इतिहास करीब 100 साल पुराना है। इस क्लासिक स्नीकर्स को पहली बार 1922 में नया नाम मिला था और तब से यह दुनिया के सबसे पहचानने योग्य फुटवियर डिजाइनों में शामिल है। Converse की फुटवियर और डिजाइन वाइस प्रेसिडेंट चैवॉन वेबस्टर के अनुसार, आज के उपभोक्ता ऐसे प्रोडक्ट चाहते हैं जो ईमानदार डिजाइन, बहुउपयोगिता और विश्वसनीयता का प्रतीक हों। Chuck Taylor इन सभी खूबियों पर खरा उतरता है। उन्होंने बताया कि इसका हाई-टॉप सिल्हूट, रबर टो कैप, क्लासिक पैच, सिलाई का डिजाइन और वल्केनाइज्ड सोल इसे अन्य स्नीकर्स से अलग पहचान देते हैं। यही कारण है कि यह लगभग हर तरह के आउटफिट के साथ आसानी से मैच हो जाता है। स्पोर्ट्स से शुरू हुआ सफर, पॉप कल्चर का बना हिस्सा Chuck Taylor को शुरुआत में बास्केटबॉल खिलाड़ियों के लिए तैयार किया गया था। इसकी नॉन-स्लिप रबर सोल खिलाड़ियों को बेहतर ग्रिप देने के लिए डिजाइन की गई थी। समय के साथ यह सिर्फ स्पोर्ट्स शू नहीं रहा, बल्कि संगीत, फिल्मों, टेलीविजन और फैशन की दुनिया का अहम हिस्सा बन गया। कई मशहूर कलाकारों, मॉडल्स और हॉलीवुड सितारों ने इसे अपने सिग्नेचर स्टाइल में शामिल किया। टीवी सीरीज Euphoria में अभिनेत्री Zendaya द्वारा पहने गए Chuck Taylor स्नीकर्स भी काफी चर्चा में रहे। इसके अलावा सुपरमॉडल्स और म्यूजिक इंडस्ट्री के कई बड़े नाम इन्हें अपने कैजुअल और स्टेज लुक का हिस्सा बना चुके हैं। हर आउटफिट के साथ आसानी से होता है मैच Converse Chuck Taylor की सबसे बड़ी खासियत इसकी बहुउपयोगिता है। इसे जींस और सफेद टी-शर्ट के साथ पहनना सबसे क्लासिक स्टाइल माना जाता है। वहीं फैशन प्रेमी इसे कार्गो पैंट, डेनिम, शॉर्ट्स, ओवरसाइज ब्लेजर और यहां तक कि ड्रेसेज़ के साथ भी स्टाइल कर रहे हैं। यही कारण है कि यह स्नीकर्स अलग-अलग उम्र और फैशन पसंद रखने वाले लोगों के बीच समान रूप से लोकप्रिय बना हुआ है। 2026 में क्यों बढ़ी इसकी डिमांड? फैशन विशेषज्ञों के अनुसार, 2026 के स्नीकर्स ट्रेंड में रेट्रो डिजाइन की वापसी देखने को मिल रही है। 1970 के दशक से प्रेरित स्लिम स्नीकर्स और विंटेज स्टाइल फिर से लोकप्रिय हो रहे हैं। हालांकि हाल के महीनों में "Sneakerina" जैसे नए हाइब्रिड डिजाइन भी चर्चा में रहे हैं, लेकिन हर कोई एक्सपेरिमेंटल स्टाइल पसंद नहीं करता। ऐसे में Converse Chuck Taylor जैसे क्लासिक स्नीकर्स उन लोगों की पहली पसंद बन रहे हैं जो टाइमलेस फैशन, आराम और बहुमुखी स्टाइल चाहते हैं। फैशन इंडस्ट्री का मानना है कि क्लासिक डिजाइन कभी पूरी तरह आउट ऑफ ट्रेंड नहीं होते और Chuck Taylor इसका सबसे बड़ा उदाहरण है।
नई दिल्ली: बॉलीवुड अभिनेत्री दीया मिर्जा एक बार फिर अपने खूबसूरत और सस्टेनेबल फैशन सेंस को लेकर चर्चा में हैं। भारतीय हस्तकरघा, पारंपरिक टेक्सटाइल और पर्यावरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के लिए पहचानी जाने वाली दीया ने हाल ही में एक इवेंट में ऐसी प्रिंटेड शिफॉन साड़ी पहनी, जिसने 90 के दशक के क्लासिक फैशन को फिर से सुर्खियों में ला दिया। दीया का यह लुक न सिर्फ बेहद एलिगेंट था, बल्कि इसने यह भी दिखाया कि पारंपरिक भारतीय परिधान को आधुनिक स्टाइलिंग के साथ कितनी खूबसूरती से पेश किया जा सकता है। हल्की, फ्लोई और ग्रेसफुल शिफॉन साड़ी में फ्लोरल प्रिंट, एब्स्ट्रैक्ट डिज़ाइन और मिरर वर्क का शानदार मेल देखने को मिला, जिसने उनके पूरे लुक को बेहद आकर्षक बना दिया। भारतीय टेक्सटाइल को बढ़ावा देने में हमेशा आगे रहती हैं दीया दीया मिर्जा लंबे समय से भारतीय हैंडलूम और पारंपरिक बुनाई को प्रमोट करती रही हैं। वह केवल अपने फैशन चॉइस से ही नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपने काम से भी लोगों को प्रेरित करती हैं। संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (UNEP) की गुडविल एंबेसडर के रूप में वह सस्टेनेबिलिटी, प्लास्टिक उपयोग कम करने और पर्यावरण संरक्षण जैसे मुद्दों पर लगातार जागरूकता फैलाती रही हैं। उनकी वॉर्डरोब भी इसी सोच को दर्शाती है। इससे पहले भी वह हैंडवोवन कॉटन, लिनन ज़री, बनारसी और कलमकारी जैसी भारतीय बुनाई वाली साड़ियों में नजर आ चुकी हैं, जिन्हें फैशन प्रेमियों ने काफी पसंद किया। 90s स्टाइल को मिला मॉडर्न ट्विस्ट हालिया इवेंट में दीया ने ब्लू और व्हाइट रंग की प्रिंटेड शिफॉन साड़ी पहनी, जिस पर ब्लैक एब्स्ट्रैक्ट और फ्लोरल मोटिफ्स के साथ बारीक मिरर वर्क किया गया था। हल्के और ट्रांसपेरेंट फैब्रिक वाली यह साड़ी बेहद एलिगेंट नजर आई। उन्होंने इस साड़ी के साथ स्पेगेटी स्ट्रैप ब्लाउज पेयर किया, जिसने 90 के दशक और शुरुआती 2000 के दशक की फैशन स्टाइल को फिर से जीवंत कर दिया। यह कॉम्बिनेशन आज के मॉडर्न फैशन और क्लासिक एस्थेटिक्स का बेहतरीन उदाहरण बनकर सामने आया। ज्वेलरी और मेकअप ने बढ़ाई खूबसूरती दीया ने अपने लुक को एंटीक सिल्वर चैंडेलियर ईयररिंग्स से पूरा किया, जिनमें मिरर वर्क की खूबसूरत डिटेलिंग देखने को मिली। इसके साथ उन्होंने डायमंड नोज पिन पहनी, जिसने उनके ट्रेडिशनल लुक में एक एलिगेंट टच जोड़ा। मेकअप को बेहद नैचुरल और सॉफ्ट रखा गया। काजल से सजी आंखें, हल्के ब्लश वाले गाल और न्यूड ब्राउन लिपस्टिक ने उनके चेहरे की प्राकृतिक खूबसूरती को और निखारा। वहीं साइड-पार्टेड स्लीक बन हेयरस्टाइल ने पूरे लुक को क्लासी फिनिश दी। शिफॉन साड़ी का फैशन आज भी कायम भारतीय फैशन में शिफॉन साड़ी का अपना अलग स्थान है। इसकी लोकप्रियता को कभी जयपुर की महारानी Gayatri Devi ने नई पहचान दी थी। उनकी खूबसूरत शिफॉन साड़ियों ने इसे भारतीय महिलाओं की पसंदीदा ड्रेप्स में शामिल कर दिया। हाल के वर्षों में भी शिफॉन साड़ी का आकर्षण बरकरार है। इसी साल आयोजित Met Gala 2026 में Gauravi Kumari ने अपनी दादी की विरासत को सम्मान देते हुए उनकी शिफॉन साड़ी को अपसाइकिल कर साड़ी गाउन के रूप में प्रस्तुत किया था, जिसने वैश्विक स्तर पर काफी चर्चा बटोरी। दीया मिर्जा का यह नया लुक एक बार फिर साबित करता है कि फैशन केवल ट्रेंड्स का पालन करना नहीं, बल्कि अपनी विरासत, पहचान और व्यक्तिगत सोच को खूबसूरती से प्रस्तुत करना भी है।
नई दिल्ली: पिछले कुछ वर्षों में कोरियन फैशन का प्रभाव दुनिया भर में तेजी से बढ़ा है। कपड़ों के बाद अब कोरियन फुटवियर भी फैशन इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बना रहा है। साल 2026 में ऐसे कई कोरियन शू ट्रेंड्स सामने आए हैं, जो स्टाइल, कम्फर्ट और मिनिमल डिजाइन का शानदार मेल पेश करते हैं। यही वजह है कि ये फुटवियर फैशन लवर्स की पहली पसंद बनते जा रहे हैं। अगर आप अपने वॉर्डरोब में ऐसे जूते शामिल करना चाहते हैं जो जींस, स्कर्ट, ड्रेस और कैजुअल आउटफिट्स के साथ आसानी से मैच हो जाएं, तो ये सात कोरियन शू ट्रेंड्स आपके लिए बेहतरीन विकल्प साबित हो सकते हैं। 1. पॉइंटेड-टो प्लेटफॉर्म शूज़ इस साल पॉइंटेड-टो प्लेटफॉर्म शूज़ सबसे चर्चित ट्रेंड्स में शामिल हैं। इनका डिजाइन पारंपरिक कोरियन Beoseon Toe स्टाइल से प्रेरित है, जिसे आधुनिक लुक के साथ तैयार किया गया है। एलिवेटेड टो, इलास्टिक स्ट्रैप और हैंडमेड फिनिश इन्हें बेहद खास बनाते हैं। यह फुटवियर एंकल-लेंथ जींस, मिडी स्कर्ट और सिंपल ड्रेसेज़ के साथ बेहद आकर्षक दिखाई देता है। इसका मिनिमल डिजाइन पूरे लुक को प्रीमियम टच देता है। 2. ब्रिक-रेड मैरी जेन फ्लैट्स मैरी जेन फ्लैट्स ने 2026 में दमदार वापसी की है। ब्रिक-रेड रंग और डायगोनल स्ट्रैप वाला यह डिजाइन क्लासिक स्टाइल को आधुनिक फैशन से जोड़ता है। करीब 3 सेंटीमीटर की लो हील होने के कारण ये पूरे दिन आरामदायक रहते हैं। फ्लोरल स्कर्ट, लिनेन ड्रेस और सॉलिड कलर आउटफिट्स के साथ इनकी स्टाइलिंग बेहतरीन लगती है। 3. ब्राउन वेज हील्स अगर आपको हील्स पहनना पसंद है लेकिन कम्फर्ट भी उतना ही जरूरी है, तो ब्राउन वेज हील्स शानदार विकल्प हैं। इनकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इन्हें कई घंटों तक आसानी से पहना जा सकता है। 2026 में ब्राउन शेड सबसे ज्यादा पसंद किए जाने वाले रंगों में शामिल है। हल्के रंग के कपड़ों के साथ ये शूज़ पूरे लुक का आकर्षण बन जाते हैं। 4. ब्लैक स्ट्रैपी फ्लैट्स ब्लैक फ्लैट्स हमेशा से फैशन का हिस्सा रहे हैं, लेकिन कोरियन डिजाइन इन्हें बिल्कुल नया रूप देता है। क्रिंकल्ड लेदर, आकर्षक स्ट्रैप्स और क्लासिक डिजाइन इन्हें ऑफिस, कैजुअल आउटिंग, डेट या किसी भी सेमी-फॉर्मल मौके के लिए परफेक्ट बनाते हैं। यह ऐसा फुटवियर है जो लंबे समय तक ट्रेंड में बना रह सकता है। 5. जेली फिनिश थॉन्ग सैंडल Y2K फैशन की वापसी के साथ जेली फिनिश वाली थॉन्ग सैंडल्स भी एक बार फिर लोकप्रिय हो गई हैं। हल्की, रंग-बिरंगी और बेहद आरामदायक ये सैंडल्स समर सीजन, बीच वेकेशन और कैजुअल आउटिंग के लिए शानदार विकल्प हैं। इनका ट्रेंडी लुक युवाओं के बीच खासा पसंद किया जा रहा है। 6. 'अग्ली' क्लॉग्स ओवरसाइज और चंकी फुटवियर का ट्रेंड 2026 में भी जारी है। इसी ट्रेंड का हिस्सा हैं 'अग्ली' क्लॉग्स, जो अपने अलग डिजाइन और बेहतरीन कम्फर्ट के लिए चर्चा में हैं। बैगी जींस, कार्गो पैंट और ओवरसाइज टी-शर्ट के साथ इनकी स्टाइलिंग बेहद आकर्षक लगती है। स्ट्रीट फैशन पसंद करने वालों के लिए यह बेहतरीन विकल्प माना जा रहा है। 7. हाइब्रिड एथलेटिक शूज़ स्नीकर और स्पोर्ट्स सैंडल का मिश्रण कहे जाने वाले हाइब्रिड एथलेटिक शूज़ उन लोगों के लिए बनाए गए हैं जो स्टाइल के साथ-साथ पूरे दिन आराम भी चाहते हैं। इनमें शानदार ग्रिप, हल्का वजन और ट्रैवल-फ्रेंडली डिजाइन मिलता है। ब्राउन और ऑलिव ग्रीन जैसे अर्थी शेड्स इस साल सबसे ज्यादा ट्रेंड में हैं और लगभग हर तरह के कैजुअल आउटफिट के साथ आसानी से मैच हो जाते हैं। आखिर क्यों बढ़ रही है कोरियन शूज़ की लोकप्रियता? कोरियन फुटवियर की बढ़ती लोकप्रियता के पीछे कई वजहें हैं। इनमें सबसे प्रमुख हैं— मिनिमल और मॉडर्न डिजाइन प्रीमियम लेदर और बेहतर क्वालिटी स्टाइल के साथ बेहतरीन कम्फर्ट जींस, स्कर्ट, ड्रेसेज़ और ट्राउजर समेत लगभग हर आउटफिट के साथ आसान मैचिंग लंबे समय तक चलने वाली मजबूत क्वालिटी कोरियन फुटवियर की खासियत यह है कि ये सिर्फ फैशनेबल दिखने के लिए नहीं बनाए जाते, बल्कि पूरे दिन आरामदायक अनुभव देने पर भी बराबर ध्यान दिया जाता है। यही वजह है कि 2026 में ये दुनिया भर के फैशन ट्रेंड्स में अपनी मजबूत जगह बना चुके हैं और स्टाइल के साथ कम्फर्ट चाहने वालों की पहली पसंद बनते जा रहे हैं।
सुबह उठते ही अधिकांश लोग सिर्फ पानी से चेहरा धो लेते हैं और मानते हैं कि रात में अच्छी तरह चेहरा साफ करने के बाद सुबह दोबारा फेसवॉश की जरूरत नहीं होती। लेकिन स्किन एक्सपर्ट्स के मुताबिक यह सोच पूरी तरह सही नहीं है। रातभर त्वचा पर पसीना, अतिरिक्त तेल (सीबम), स्किनकेयर प्रोडक्ट्स के अवशेष और धूल-मिट्टी के सूक्ष्म कण जमा हो जाते हैं, जिन्हें केवल पानी से हटाया नहीं जा सकता। फेशियलिस्ट क्रिस्टीना गालमिशे के अनुसार, सुबह त्वचा की सही तरीके से सफाई करना स्वस्थ और दमकती त्वचा के लिए बेहद जरूरी है। इससे न सिर्फ त्वचा साफ रहती है, बल्कि बाद में लगाए जाने वाले सीरम, मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन भी बेहतर तरीके से काम करते हैं। क्या रातभर में त्वचा गंदी हो जाती है? भले ही सुबह उठने पर चेहरे पर गंदगी दिखाई न दे, लेकिन रातभर के दौरान त्वचा पर कई तरह के अवशेष जमा हो जाते हैं, जैसे— पसीना अतिरिक्त सीबम (तेल) नाइट क्रीम या सीरम के अवशेष बालों से आने वाला तेल मृत त्वचा कोशिकाएं यदि इन्हें साफ नहीं किया जाए तो रोमछिद्र (पोर्स) बंद हो सकते हैं, जिससे ब्लैकहेड्स, मुंहासे और त्वचा की चमक कम होने जैसी समस्याएं हो सकती हैं। सुबह फेस क्लींजिंग करने के फायदे नियमित रूप से सुबह फेसवॉश करने से कई लाभ मिलते हैं— त्वचा से पसीना, तेल और रातभर के अवशेष हटते हैं। ब्लैकहेड्स और मुंहासों का खतरा कम होता है। त्वचा में ऑक्सीजन का प्रवाह और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। स्किन टेक्सचर और प्राकृतिक निखार में सुधार आता है। विटामिन C, हायलूरोनिक एसिड और अन्य एक्टिव इंग्रीडिएंट्स बेहतर तरीके से काम करते हैं। त्वचा की प्राकृतिक सुरक्षा परत (स्किन बैरियर) मजबूत होती है। सुबह चेहरा धोने का सही तरीका 1. अपनी स्किन टाइप के अनुसार फेस क्लींजर चुनें ऑयली या कॉम्बिनेशन स्किन: नियासिनामाइड या सैलिसिलिक एसिड युक्त जेल या फोम क्लींजर चुनें। ड्राई या सेंसिटिव स्किन: सल्फेट-फ्री या क्रीम-बेस्ड क्लींजर का इस्तेमाल करें। 2. हाथों से करें मसाज कॉटन पैड की बजाय अपनी उंगलियों से लगभग 30 सेकंड तक हल्के गोलाकार (सर्कुलर) मोशन में चेहरे की मसाज करें। इससे त्वचा अच्छी तरह साफ होती है और ब्लड सर्कुलेशन भी बढ़ता है। 3. गुनगुने पानी से धोएं बहुत गर्म पानी त्वचा की प्राकृतिक नमी और लिपिड बैरियर को नुकसान पहुंचा सकता है, जबकि बहुत ठंडा पानी क्लींजर को पूरी तरह हटाने में प्रभावी नहीं होता। 4. साफ तौलिये से हल्के हाथों से सुखाएं चेहरे को रगड़ने की बजाय हल्के-हल्के थपथपाकर सुखाएं। बेहतर होगा कि रोजाना साफ तौलिये का इस्तेमाल करें। सिर्फ पानी से चेहरा धोना क्यों पर्याप्त नहीं है? सिर्फ पानी त्वचा पर मौजूद तेल, पसीना और स्किनकेयर प्रोडक्ट्स के अवशेषों को पूरी तरह नहीं हटा पाता। ऐसे में बाद में लगाए जाने वाले सीरम, मॉइस्चराइजर और सनस्क्रीन त्वचा में सही तरीके से अवशोषित नहीं हो पाते। विशेषज्ञों का मानना है कि साफ त्वचा ही स्किनकेयर प्रोडक्ट्स के लिए सबसे बेहतर आधार होती है। इसलिए सुबह फेस क्लींजर और पानी दोनों का इस्तेमाल करना त्वचा को स्वस्थ, साफ और चमकदार बनाए रखने का आसान लेकिन बेहद महत्वपूर्ण कदम है।
मुंबई: बॉलीवुड अभिनेत्री अनन्या पांडे ने हाल ही में आयोजित एक प्रतिष्ठित अवॉर्ड समारोह में अपने फैशन स्टेटमेंट से सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। फिल्म 'केसरी चैप्टर 2' में अपने शानदार अभिनय के लिए सम्मानित हुईं अनन्या ने रेड कार्पेट पर मशहूर लेबनानी फैशन डिजाइनर Elie Saab के प्री-फॉल 2026 कलेक्शन का खूबसूरत ब्लैक एन्सेंबल पहनकर Y2K फैशन ट्रेंड को एक बार फिर जीवंत कर दिया। एम्बेलिश्ड ब्लैक हाल्टर-नेक लुक बना आकर्षण का केंद्र अनन्या ने ब्लैक लेस से तैयार एम्बेलिश्ड हाल्टर-नेक टॉप को मैचिंग मैक्सी स्कर्ट के साथ स्टाइल किया। पूरे आउटफिट में नाजुक ब्लैक लेस, बेज लाइनिंग, फ्लोरल एप्लीके वर्क, सीक्विन्स और क्रिस्टल एम्बेलिशमेंट का इस्तेमाल किया गया था, जिसने उनके लुक को बेहद आकर्षक और रॉयल बनाया। स्कर्ट का लंबा ट्रेल रेड कार्पेट पर उनके स्टाइल में चार चांद लगा रहा था। मिनिमल ज्वेलरी और ओल्ड हॉलीवुड-इंस्पायर्ड मेकअप ने बढ़ाई खूबसूरती स्टाइलिस्ट प्रियंका कापड़िया ने इस लुक को मिनिमल एक्सेसरीज़ के साथ पूरा किया। अनन्या ने आर्ट डेको-इंस्पायर्ड डायमंड और पर्पल जेमस्टोन डैंगलर ईयररिंग्स, डायमंड व सिट्रीन हगी ईयररिंग्स और कीमती पत्थरों से सजी रिंग्स पहनीं। मेकअप में उन्होंने 1960 के दशक के ओल्ड हॉलीवुड ग्लैमर से प्रेरित लुक अपनाया। ल्यूमिनस हाईलाइटर, शार्प विंग्ड आईलाइनर, ब्रॉन्ज्ड शोल्डर्स, न्यूड ग्लॉसी लिप्स और स्लीक वेट-लुक हेयरस्टाइल ने उनके पूरे लुक को बेहद एलिगेंट बना दिया। बेरूत से प्रेरित है Elie Saab का 'Indelible Love' कलेक्शन अनन्या का यह आउटफिट Elie Saab के 'Indelible Love' कलेक्शन का हिस्सा है। यह कलेक्शन लेबनान की राजधानी बेरूत और वहां की महिलाओं की खूबसूरती, मजबूती और शालीनता को समर्पित है। इसमें 1950 से 1970 के दशक के बीच 'Paris by the Sea' कहे जाने वाले बेरूत की ग्लैमरस विरासत को मोनोक्रोम रंगों, शानदार फैब्रिक्स, लेस वर्क और शानदार एम्बेलिशमेंट के जरिए दर्शाया गया है। Elie Saab के डिजाइन्स में पहले भी नजर आ चुकी हैं अनन्या यह पहला मौका नहीं है जब अनन्या पांडे ने Elie Saab का डिजाइन पहना हो। इससे पहले वह मुंबई के एक अवॉर्ड शो में डिजाइनर के Spring/Summer 2007 आर्काइव हाल्टरनेक गाउन और लंदन में आयोजित एक ज्वेलरी इवेंट में Fall/Winter 2025-26 कलेक्शन की शीयर ड्रेस पहनकर भी चर्चा में रही थीं। Y2K ट्रेंड को फिर बनाया फैशन का हॉट फेवरेट अनन्या पांडे का यह लेटेस्ट रेड कार्पेट लुक एक बार फिर साबित करता है कि Y2K फैशन, क्लासिक ब्लैक आउटफिट और ओल्ड हॉलीवुड ग्लैमर का मेल आज भी फैशन प्रेमियों के बीच सबसे बड़ा ट्रेंड बना हुआ है।
नई दिल्ली। फैशन की दुनिया में मैक्सी स्कर्ट एक ऐसा आउटफिट है जो कभी आउट ऑफ ट्रेंड नहीं होता। यह न केवल आरामदायक है बल्कि बेहद एलिगेंट और वर्सेटाइल भी माना जाता है। चाहे कॉलेज जाना हो, ऑफिस मीटिंग हो या कैजुअल आउटिंग—मैक्सी स्कर्ट हर मौके पर स्टाइलिश लुक दे सकती है। बेसिक टी-शर्ट से मिलता है सिंपल और क्लासी लुक फैशन एक्सपर्ट्स के अनुसार फ्लोई मैक्सी स्कर्ट के साथ बेसिक टी-शर्ट एक सुरक्षित और स्टाइलिश विकल्प है। यह खासकर गर्मियों में कॉलेज और कैजुअल आउटिंग के लिए बेहतर माना जाता है। पेपलम टॉप और ऑफ-शोल्डर टॉप से बढ़ता है ग्लैमरस लुक पेपलम टॉप कमर को हाइलाइट कर फिगर को आकर्षक बनाता है, जबकि ऑफ-शोल्डर या असिमेट्रिक टॉप पार्टी और डेट नाइट के लिए परफेक्ट ग्लैमरस लुक देते हैं। ऑफिस के लिए फॉर्मल शर्ट है बेस्ट विकल्प ऑफिस या प्रोफेशनल मीटिंग के लिए मैक्सी स्कर्ट के साथ फॉर्मल शर्ट का कॉम्बिनेशन ट्रेंड में है। इसे बेल्ट और हील्स के साथ स्टाइल करने पर पॉलिश्ड लुक मिलता है। वेस्टकोट और कार्डिगन भी हैं ट्रेंडी विकल्प फैशन में पावर ड्रेसिंग के लिए वेस्टकोट और सैटिन मैक्सी स्कर्ट का कॉम्बिनेशन तेजी से लोकप्रिय हो रहा है, जबकि कार्डिगन के साथ यह लुक सिंपल और क्लासी बन जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि सही टॉप का चुनाव आपकी पूरी पर्सनैलिटी को निखार सकता है, इसलिए स्कर्ट की फिटिंग, फैब्रिक और मौके के अनुसार स्टाइल चुनना जरूरी है।
बारिश का मौसम आते ही फैशन और कम्फर्ट के बीच संतुलन बनाना सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है। ऐसे में विंडचीटर (Windcheater) इस सीजन का सबसे उपयोगी और स्टाइलिश फैशन पीस बनकर उभरा है। कभी केवल ट्रैकिंग या स्कूल ट्रिप्स तक सीमित रहने वाला विंडचीटर अब हाई-स्ट्रीट और लग्जरी फैशन का अहम हिस्सा बन चुका है। हल्का, मौसम के अनुकूल और स्टाइलिश डिजाइन वाला आधुनिक विंडचीटर न सिर्फ बारिश और हवा से बचाता है, बल्कि आपके पूरे लुक को भी नया आयाम देता है। अगर आप इस मॉनसून अपने वार्डरोब को अपडेट करना चाहती हैं, तो यहां जानिए विंडचीटर को स्टाइल करने के 7 शानदार तरीके। 1. कैप्री पैंट्स के साथ करें पेयर कैप्री पैंट्स एक बार फिर फैशन में वापसी कर रही हैं। क्रॉप्ड विंडचीटर और स्लिम फिट कैप्री का कॉम्बिनेशन बेहद मॉडर्न और आरामदायक लुक देता है। इस लुक को और बेहतर बनाने के लिए: बैले फ्लैट्स पहनें ओवरसाइज्ड सनग्लासेज़ जोड़ें मिनिमल एक्सेसरीज़ रखें यह आउटफिट कैफे डेट, ट्रैवल और कैजुअल आउटिंग के लिए परफेक्ट है। 2. बबल स्कर्ट के साथ बनाएं फन और फैशनेबल लुक अगर आप कुछ अलग ट्राय करना चाहती हैं, तो वॉल्यूमिनस बबल स्कर्ट के साथ टेक्निकल विंडचीटर बेहतरीन विकल्प हो सकता है। यह कॉम्बिनेशन: ट्रेंडी और यंग लुक देता है बारिश के मौसम में प्रैक्टिकल रहता है गैलरी विजिट या वीकेंड आउटिंग के लिए परफेक्ट है स्लीक सैंडल्स और सिंपल हेडबैंड के साथ इसे पूरा किया जा सकता है। 3. डेनिम के साथ क्लासिक कॉम्बिनेशन जब जींस और व्हाइट टी-शर्ट वाला लुक थोड़ा बोरिंग लगने लगे, तब रंगीन विंडचीटर उसे नया जीवन दे सकता है। स्टाइल टिप्स: रेड या ब्राइट कलर विंडचीटर चुनें डेनिम के साथ गोल्ड ज्वेलरी जोड़ें रेन-फ्रेंडली फुटवेयर पहनें यह लुक कैजुअल और स्टाइलिश दोनों दिखाई देता है। 4. शॉर्ट्स के साथ एक्सपेरिमेंट करें बारिश के मौसम में शॉर्ट्स और विंडचीटर का कॉम्बिनेशन बेहद आरामदायक रहता है। आप: प्रिंटेड विंडब्रेकर चुन सकती हैं कॉटन पोलो टी-शर्ट के साथ लेयर कर सकती हैं स्नीकर्स के साथ लुक पूरा कर सकती हैं यह आउटफिट स्ट्रीट स्टाइल और फैशन वीक इंस्पायर्ड वाइब देता है। 5. समर ड्रेस के ऊपर पहनें विंडचीटर बारिश के बावजूद अपनी पसंदीदा समर ड्रेस को अलमारी में बंद करने की जरूरत नहीं है। एक हल्का और रंगीन विंडचीटर: ड्रेस को बारिश से बचाता है आउटफिट में लेयरिंग जोड़ता है स्टाइल और कम्फर्ट दोनों देता है ब्रंच, शॉपिंग या ट्रैवल के लिए यह लुक शानदार रहता है। 6. कुलॉट्स के साथ बनाएं एलिगेंट लुक वाइड और फ्लोई कुलॉट्स के साथ विंडचीटर का कॉम्बिनेशन मॉडर्न फैशन प्रेमियों के लिए बेहतरीन विकल्प है। इस लुक की खासियत: टेक्सचर और सिल्हूट का शानदार संतुलन बारिश के मौसम में आराम ब्लैक मोनोक्रोम स्टाइल में और भी आकर्षक रबर रेन बूट्स इसके साथ शानदार लगते हैं। 7. सलवार-कमीज़ के साथ इंडो-वेस्टर्न ट्विस्ट भारतीय परिधान के साथ विंडचीटर पहनना चुनौतीपूर्ण जरूर है, लेकिन सही कलर कॉम्बिनेशन इसे बेहद स्टाइलिश बना सकता है। ध्यान रखें: रंगों का संतुलन बनाए रखें हल्के प्रिंट्स चुनें सिंपल फ्लैट्स और मिनिमल ज्वेलरी पहनें यह लुक पारंपरिक और आधुनिक फैशन का खूबसूरत मेल पेश करता है। क्यों बन गया है विंडचीटर मॉनसून का फैशन स्टार? आज के विंडचीटर पहले जैसे भारी और साधारण नहीं रहे। अब ये: हल्के और सांस लेने योग्य फैब्रिक में आते हैं स्टाइलिश कट और रंगों में उपलब्ध हैं बारिश और हवा दोनों से सुरक्षा देते हैं लगभग हर आउटफिट के साथ आसानी से मैच हो जाते हैं मॉनसून 2026 में विंडचीटर सिर्फ एक जरूरत नहीं, बल्कि फैशन स्टेटमेंट बन चुका है।
सोशल मीडिया पर इन दिनों एक स्किनकेयर इंग्रीडिएंट तेजी से वायरल हो रहा है, जिसका दावा है कि यह बिना किसी इंजेक्शन या कॉस्मेटिक प्रक्रिया के चेहरे को भरा-भरा और युवा दिखा सकता है। इस इंग्रीडिएंट का नाम है Volufiline। TikTok, Instagram और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हजारों यूजर्स इसे अंडर-आई एरिया, गालों और होंठों के आसपास लगाकर अपने पहले और बाद के परिणाम साझा कर रहे हैं। कई लोग इसे "बॉटल में फिलर" तक कह रहे हैं। लेकिन क्या वास्तव में Volufiline फिलर्स का विकल्प बन सकता है? या फिर यह सिर्फ एक और वायरल ब्यूटी ट्रेंड है? आइए जानते हैं विशेषज्ञों की राय और इसके पीछे की सच्चाई। क्या है Volufiline? Volufiline एक ट्रेडमार्क्ड कॉस्मेटिक इंग्रीडिएंट है, जिसे Hydrogenated Polyisobutene और Anemarrhena Asphodeloides Root Extract के मिश्रण से तैयार किया जाता है। इसका मुख्य सक्रिय तत्व Sarsasapogenin माना जाता है, जिसके बारे में दावा किया जाता है कि यह फैट सेल्स को परिपक्व होने और उनमें लिपिड स्टोर करने की प्रक्रिया को बढ़ावा देता है। सरल भाषा में कहें तो इसका उद्देश्य त्वचा के नीचे मौजूद फैट सेल्स को बड़ा दिखाना है, जिससे चेहरे पर अतिरिक्त वॉल्यूम दिखाई दे सके। क्या वैज्ञानिक रिसर्च इसके दावों का समर्थन करती है? कॉस्मेटिक डर्मेटोलॉजिस्ट डॉ. जैश्री शरद के अनुसार, Volufiline को लेकर उपलब्ध अधिकांश रिसर्च प्रयोगशाला में अलग किए गए फैट सेल्स पर की गई है, न कि बड़े पैमाने पर इंसानों पर किए गए क्लीनिकल ट्रायल्स पर। विशेषज्ञों का कहना है कि अभी तक ऐसा कोई मजबूत वैज्ञानिक प्रमाण मौजूद नहीं है जो यह साबित करता हो कि Volufiline लंबे समय तक चेहरे की वॉल्यूम बढ़ाने में सक्षम है, खासकर तब जब इसका उपयोग बंद कर दिया जाए। क्यों मुश्किल है चेहरे के फैट तक पहुंचना? त्वचा के नीचे मौजूद फैट लेयर डर्मिस से भी नीचे स्थित होती है। अधिकांश स्किनकेयर प्रोडक्ट्स त्वचा की ऊपरी परतों तक ही सीमित रहते हैं। डॉ. शरद बताती हैं कि जब तक किसी प्रोडक्ट में अत्याधुनिक डिलीवरी टेक्नोलॉजी न हो, तब तक किसी क्रीम या सीरम का चेहरे के फैट सेल्स तक गहराई से पहुंचना और उन्हें बड़ा करना बेहद मुश्किल है। यही कारण है कि वैज्ञानिक समुदाय अभी तक Volufiline को वास्तविक वॉल्यूम बढ़ाने वाला समाधान नहीं मानता। फिर लोगों को रिजल्ट क्यों दिखाई देते हैं? सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे कई "पहले और बाद" की तस्वीरों का सबसे बड़ा कारण हाइड्रेशन हो सकता है। Volufiline युक्त अधिकांश प्रोडक्ट्स में समृद्ध मॉइस्चराइजिंग तत्व मौजूद होते हैं, जो— त्वचा को गहराई से हाइड्रेट करते हैं डिहाइड्रेशन लाइन्स को कम करते हैं त्वचा को स्मूद और सॉफ्ट बनाते हैं चेहरे को अस्थायी रूप से भरा-भरा दिखाते हैं विशेषज्ञों के अनुसार, यह प्रभाव वास्तविक फैट बढ़ने के बजाय त्वचा की बेहतर नमी और कंडीशनिंग का परिणाम होता है। क्या Volufiline फिलर या Botox का विकल्प है? सीधा जवाब है—नहीं। फिलर्स कैसे काम करते हैं? डर्मल फिलर्स त्वचा के नीचे इंजेक्ट किए जाते हैं और सीधे वॉल्यूम को बढ़ाते या पुनर्स्थापित करते हैं। Botox कैसे काम करता है? Botox मांसपेशियों की गतिविधि को अस्थायी रूप से कम करता है, जिससे झुर्रियां कम दिखाई देती हैं। Volufiline क्या करता है? Volufiline केवल एक टॉपिकल कॉस्मेटिक इंग्रीडिएंट है, जो मुख्य रूप से त्वचा की नमी और अस्थायी प्लंपिंग में मदद कर सकता है। फिलहाल ऐसा कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है जो इसे Botox या फिलर्स के बराबर प्रभावी साबित करता हो। किन लोगों के लिए उपयोगी हो सकता है? Volufiline उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकता है जो— त्वचा को अधिक हाइड्रेटेड दिखाना चाहते हैं हल्का प्लंपिंग इफेक्ट चाहते हैं इंजेक्शन या कॉस्मेटिक प्रक्रियाओं से बचना चाहते हैं स्किनकेयर रूटीन में अतिरिक्त मॉइस्चराइजिंग चाहते हैं हालांकि, ऑयली या एक्ने-प्रोन त्वचा वाले लोगों को हल्के और नॉन-कॉमेडोजेनिक फॉर्मूले चुनने की सलाह दी जाती है।
मुंबई: बॉलीवुड अभिनेत्री करीना कपूर खान एक बार फिर अपने एथनिक फैशन सेंस को लेकर सुर्खियों में हैं। मुंबई में आयोजित आमिर खान प्रोडक्शंस के 25वें वर्ष और फिल्म लगान की सिल्वर जुबली सेलिब्रेशन में करीना ने अपने बेहद एलिगेंट अंदाज से सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। रेड कार्पेट पर भारी-भरकम गाउन की जगह करीना ने पारंपरिक भारतीय परिधान को चुना और अपने सिग्नेचर मिनिमलिस्ट स्टाइल से साबित कर दिया कि सादगी में भी शाही अंदाज छिपा होता है। ₹41 हजार का हैंडवोवन बनारसी सूट करीना कपूर ने लग्जरी लेबल Ekaya Banaras का ब्लश-पिंक हैंडवोवन बनारसी सिल्क सूट पहना था, जिसकी कीमत करीब 40,975 रुपये बताई जा रही है। यह खास कलेक्शन प्रसिद्ध भारतीय चित्रकार अमृता शेरगिल के जीवन और कला से प्रेरित है। सूट के साथ उन्होंने मैचिंग स्ट्रेट-कट पैंट और हल्का शीयर दुपट्टा कैरी किया, जिसने उनके पूरे लुक को बेहद ग्रेसफुल बना दिया। सैंडल की कीमत सुनकर हो जाएंगे हैरान करीना के आउटफिट से भी ज्यादा चर्चा उनकी फुटवियर की हुई। उन्होंने अपने एथनिक लुक के साथ Aquazzura Embellished Satin Sandals पहनी थीं, जिनकी कीमत लगभग 91,874 रुपये बताई जा रही है। इन कस्टम हैंड-असेंबल्ड हील्स ने उनके पूरे लुक में लग्जरी टच जोड़ दिया। एमराल्ड और डायमंड ज्वेलरी बनी आकर्षण का केंद्र करीना ने अपने लुक को एमराल्ड और डायमंड से बने झूमर स्टाइल ईयररिंग्स के साथ पूरा किया। इसके अलावा उन्होंने: गोल्ड और डायमंड की चूड़ियां स्टेटमेंट रिंग्स छोटी स्टोन बिंदी के जरिए अपने एथनिक लुक को और निखारा। मिनिमल मेकअप में दिखीं बेहद खूबसूरत अपने सिग्नेचर स्टाइल को बरकरार रखते हुए करीना ने ड्यूई मेकअप लुक चुना। उन्होंने: न्यूड लिप्स ग्लोइंग स्किन डार्क काजल से हाइलाइटेड आंखें के साथ लुक को पूरा किया। वहीं बालों को क्लासिक बन में स्टाइल किया गया था, जिसने उनके पूरे लुक में शालीनता का एहसास जोड़ा। वर्कफ्रंट पर क्या है अगला प्रोजेक्ट? वर्कफ्रंट की बात करें तो करीना कपूर खान जल्द ही निर्देशक मेघना गुलजार की फिल्म 'दायरा' में नजर आएंगी। इस फिल्म में उनके साथ अभिनेता पृथ्वीराज सुकुमारन मुख्य भूमिका में दिखाई देंगे।
नई दिल्ली: भारतीय पारंपरिक परिधानों में ब्लाउज को लंबे समय तक केवल एक सहायक परिधान माना जाता रहा। साड़ी के पल्लू या दुपट्टे के नीचे छिपा यह हिस्सा अक्सर पूरे लुक का केंद्र नहीं बन पाता था। लेकिन अब फैशन की दुनिया में स्टेटमेंट ब्लाउज का दौर है, जहां ब्लाउज केवल एक जरूरत नहीं बल्कि पूरे आउटफिट का सबसे आकर्षक हिस्सा बन चुका है। कॉर्सेट, हाई कॉलर, कट-आउट, ज्वेलरी ब्लाउज और अनोखे नेकलाइन डिजाइनों ने पारंपरिक भारतीय पहनावे को नया और आधुनिक रूप दिया है। बॉलीवुड और देश की कई चर्चित हस्तियों ने अपने अनोखे ब्लाउज डिजाइनों से इस ट्रेंड को लोकप्रिय बनाया है। 1. राधिका अंबानी का मेटल कॉर्सेट ब्लाउज राधिका अंबानी ने अपने वेडिंग रिसेप्शन में अनामिका खन्ना की गोल्डन साड़ी के साथ Dolce & Gabbana Alta Moda का मेटल कॉर्सेट पहना था। यह आर्मर-स्टाइल ब्लाउज पारंपरिक साड़ी के साथ आधुनिक फैशन का बेहतरीन उदाहरण बना। 2. ईशा अंबानी का जड़ाऊ ज्वेलरी ब्लाउज ईशा अंबानी का Abu Jani Sandeep Khosla द्वारा डिजाइन किया गया ब्लाउज बेहद खास था। इसे जड़ाऊ ज्वेलरी से तैयार किया गया था, जिसमें उनके निजी कलेक्शन के पारंपरिक आभूषणों को नए डिजाइन के साथ शामिल किया गया। 3. अनन्या पांडे का Qipao-प्रेरित कॉलर ब्लाउज Ekaya Banaras की पाउडर ब्लू साड़ी के साथ अनन्या पांडे ने एक अनोखा हाई-कॉलर ब्लाउज पहना, जो चीनी Qipao स्टाइल से प्रेरित था। इसमें पीक-ए-बू नेकलाइन और बो डिटेलिंग ने पूरे लुक को अलग पहचान दी। 4. जाह्नवी कपूर का रॉयल कट-आउट ब्लाउज Marwar Couture की साड़ी के साथ जाह्नवी कपूर का ब्लैक वेलवेट ब्लाउज काफी चर्चा में रहा। इसमें Queen Anne नेकलाइन, हाई कॉलर और बैक कट-आउट डिजाइन ने इसे शाही और एलिगेंट लुक दिया। रंग-बिरंगे टैसल्स ने इसमें और आकर्षण जोड़ा। 5. कियारा आडवाणी का स्वीटहार्ट नेकलाइन ब्लाउज House of Masaba की साड़ी के साथ कियारा आडवाणी ने गोल्ड एम्ब्रॉयडरी वाला स्पेगेटी स्ट्रैप ब्लाउज पहना। इसका स्वीटहार्ट नेकलाइन डिजाइन और शीयर पल्लू के जरिए दिखाई देने वाला पैटर्न पूरे लुक का मुख्य आकर्षण बना। 6. भूमि पेडनेकर का हैल्टर-नेक ग्लैमरस लुक Shehla Chatoor के डिजाइन किए गए आउटफिट में भूमि पेडनेकर का हैल्टर-नेक ब्लाउज बेहद आकर्षक नजर आया। क्रिस्टल, स्टोन और बीडवर्क से सजे इस हाई-नेक और ओपन-बैक ब्लाउज ने उनके लुक को ग्लैमरस टच दिया। 7. खुशी कपूर का मल्टीकलर टैसल ब्लाउज Nidhi Tambi Kejriwal की रेड साड़ी के साथ खुशी कपूर ने एक्वामरीन शेड का स्कूप नेक ब्लाउज पहना। ब्लाउज के पीछे और हेमलाइन पर लगे मल्टीकलर टैसल्स ने इसे बेहद ट्रेंडी और युवा अंदाज दिया। क्यों बढ़ रहा है स्टेटमेंट ब्लाउज का ट्रेंड? आज के समय में महिलाएं केवल भारी साड़ी या लहंगे पर निर्भर नहीं रहना चाहतीं। एक यूनिक ब्लाउज पूरे लुक को नया आयाम दे सकता है। यही वजह है कि फैशन डिजाइनर अब पारंपरिक ब्लाउज में मॉडर्न सिल्हूट, कॉर्सेट, कॉलर और कट-आउट जैसे तत्व जोड़ रहे हैं। अगर आप भी शादी, रिसेप्शन या फेस्टिव सीजन के लिए नया लुक तलाश रही हैं, तो ये स्टेटमेंट ब्लाउज डिजाइन्स आपके लिए शानदार प्रेरणा बन सकते हैं।
मुंबई: रिलायंस फाउंडेशन की चेयरपर्सन और समाजसेवी नीता अंबानी एक बार फिर भारतीय हस्तशिल्प और पारंपरिक वस्त्रों को बढ़ावा देने के अपने प्रयासों के कारण चर्चा में हैं। अपने खास और शालीन फैशन सेंस के लिए पहचानी जाने वाली नीता अंबानी ने हाल ही में एक सार्वजनिक कार्यक्रम में ऐसी साड़ी पहनी, जिसे तैयार करने में एक वर्ष से अधिक समय लगा। नीता अंबानी ने अपने स्वयं के क्राफ्ट-केंद्रित पहल 'स्वदेश इंडिया' की एक विशेष हस्तनिर्मित चिकनकारी साड़ी को चुना। वर्ष 2023 में शुरू किए गए इस प्लेटफॉर्म का उद्देश्य भारत की पारंपरिक कलाओं और शिल्प विरासत को संरक्षित और प्रोत्साहित करना है। एक साल की मेहनत से तैयार हुई चिकनकारी की उत्कृष्ट कृति नीता अंबानी की एंटीक मॉव रंग की शिफॉन साड़ी में लखनऊ की सदियों पुरानी चिकनकारी कला की खूबसूरत झलक देखने को मिली। साड़ी के पारदर्शी कपड़े पर बारीक फ्लोरल जाल डिज़ाइन बनाए गए थे, जो इसकी सुंदरता को और बढ़ा रहे थे। इस शानदार साड़ी को लखनऊ के मास्टर कारीगर अंजनी कश्यप ने पारंपरिक 'दो तार चिकनकारी' तकनीक से हाथों से तैयार किया। इसे बनाने में एक साल से अधिक का समय लगा। साड़ी में जाली, मुर्री, घास पत्ती और बलदा वर्क जैसी जटिल कढ़ाई तकनीकों का इस्तेमाल किया गया, जो लखनऊ की समृद्ध शिल्प परंपरा का प्रतीक हैं। मनीष मल्होत्रा के ब्लाउज ने बढ़ाई खूबसूरती नीता अंबानी ने साड़ी को पारंपरिक निवी स्टाइल में ड्रेप किया और इसके साथ डिजाइनर मनीष मल्होत्रा द्वारा तैयार कस्टम ऑर्गेंजा और लेस ब्लाउज पहना। ब्लाउज की प्लीटेड और रफल डिटेलिंग साड़ी की टेक्सचर और चिकनकारी के साथ बेहद खूबसूरती से मेल खा रही थी। डायमंड ज्वेलरी और मिनिमल मेकअप में दिखीं एलिगेंट अपने मोनोक्रोमैटिक लुक को पूरा करने के लिए नीता अंबानी ने डायमंड ड्रॉप ईयररिंग्स, डायमंड बैंगल, स्टेटमेंट रिंग और एक क्लासिक घड़ी को चुना। ब्यूटी लुक को उन्होंने बेहद सादगी के साथ रखा। कोहल-रिम्ड आंखें, हल्के गुलाबी होंठ और सेंटर-पार्टेड बन में सजे बैंगनी गुलाब उनके पूरे लुक को और भी आकर्षक बना रहे थे। मैचिंग बिंदी ने उनके पारंपरिक अंदाज में चार चांद लगा दिए। नीता अंबानी का यह लुक सिर्फ फैशन नहीं बल्कि भारतीय कारीगरों की कला, धैर्य और विरासत को सम्मान देने का एक शानदार उदाहरण बनकर सामने आया है। यह एक बार फिर साबित करता है कि भारतीय हस्तशिल्प की खूबसूरती और शान वैश्विक मंच पर अपनी अलग पहचान रखती है।
मुंबई: बॉलीवुड अभिनेता अर्जुन कपूर की बहन अंशुला कपूर अपनी शादी से पहले ही फैशन प्रेमियों के बीच चर्चा का विषय बन गई हैं। पिछले साल अक्टूबर में रोहन ठक्कर के साथ उनकी सगाई की तस्वीरें सामने आने के बाद से ही फैंस उनकी शादी से जुड़ी हर अपडेट का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे। अब अंशुला के प्री-वेडिंग प्रेयर सेरेमनी की तस्वीरें सामने आई हैं, जिनमें उनका भव्य ब्राइडल लुक सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। अंशुला कपूर ने इस खास मौके के लिए डिजाइनर रिधि बंसल और सेलिब्रिटी स्टाइलिस्ट मोहित राय के लेबल 'Itrh' का कस्टम-मेड लहंगा चुना। इस शानदार आउटफिट को तैयार करने में कारीगरों को कुल 1,600 घंटे का समय लगा, जो इसकी बारीक कारीगरी और शाही अंदाज को दर्शाता है। बनारसी सिल्क और पारंपरिक कढ़ाई का खूबसूरत मेल लहंगे की स्कर्ट बनारसी सिल्क टिश्यू ब्रोकेड से तैयार की गई थी, जिसे पोल्की, घुंघरू, आरी (मिरर) वर्क और जरी-जरदोजी कढ़ाई से सजाया गया था। इसके साथ पहना गया हाई-नेक ब्लाउज इस पूरे लुक का सबसे आकर्षक हिस्सा रहा। ब्लाउज पर भी पोल्की एम्बेलिशमेंट और एंटीक गोल्ड फिनिश धागों से डबका, बदला और गोटा वर्क किया गया था। ब्लाउज को मोतियों और घुंघरुओं से और अधिक आकर्षक बनाया गया, जिससे यह एक ज्वेलरी पीस जैसा दिखाई दे रहा था। माना जा रहा है कि इस तरह का हाई-नेक और हैवी एम्बेलिश्ड ब्लाउज आने वाले ब्राइडल सीजन का बड़ा ट्रेंड बन सकता है। दो दुपट्टों ने बढ़ाई शाही भव्यता अंशुला ने अपने लुक को और खास बनाने के लिए दो अलग-अलग दुपट्टे कैरी किए। पहला मेटैलिक टिश्यू दुपट्टा था, जिस पर हाथ से की गई बारीक कढ़ाई देखने को मिली। वहीं दूसरा पारंपरिक फुलकारी दुपट्टा था, जिसमें ज्वेल टोन फ्लोरल मोटिफ्स बने हुए थे। फुलकारी दुपट्टा पंजाबी दुल्हनों के ट्रूसो का एक अहम हिस्सा माना जाता है और इसने उनके लुक में सांस्कृतिक विरासत की खूबसूरती जोड़ दी। ज्वेलरी ने पूरा किया रॉयल ब्राइडल लुक अंशुला कपूर की ज्वेलरी भी उनके आउटफिट जितनी ही आकर्षक रही। उन्होंने कान चेन के साथ ईयर कफ और झुमके पहने, जिन्हें क्लासिक जूड़े में खूबसूरती से पिन किया गया था। इसके अलावा जूड़े के लिए विशेष हेयर पिन और मांग के बीचों-बीच सजा मांग टीका उनके लुक में चार चांद लगा रहा था। उनका भव्य पोल्की नेकलेस ब्लाउज की ज्वेल्ड डिटेलिंग के साथ इतनी खूबसूरती से मेल खा रहा था कि दोनों एक-दूसरे का विस्तार प्रतीत हो रहे थे। अंशुला कपूर का यह प्री-वेडिंग लुक पारंपरिक भारतीय शिल्प, आधुनिक डिजाइन और शाही भव्यता का बेहतरीन उदाहरण बनकर सामने आया है। अब फैंस उनकी शादी के बाकी समारोहों और ब्राइडल लुक्स का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
बॉलीवुड अभिनेत्री भूमि पेडनेकर एक बार फिर अपने अनोखे फैशन सेंस को लेकर चर्चा में हैं। हाल ही में आयोजित एक अवॉर्ड समारोह में अभिनेत्री ने पारंपरिक रेड कार्पेट गाउन की बजाय भारतीय विरासत की खूबसूरती को चुनते हुए एक शानदार सिल्वर कांजीवरम साड़ी पहनकर सबका ध्यान अपनी ओर खींच लिया। अपनी चर्चित वेब सीरीज 'दलदल' में बेहतरीन प्रदर्शन के लिए ट्रॉफी लेने पहुंचीं भूमि ने Ekaya Banaras की सिल्वर मेटैलिक कांजीवरम साड़ी को एक मॉडर्न अंदाज में स्टाइल किया। उनके इस लुक ने साबित कर दिया कि पारंपरिक भारतीय बुनाई आज भी समकालीन फैशन में उतनी ही प्रासंगिक और स्टाइलिश है। सिल्वर कांजीवरम साड़ी के साथ पहना गोल्डन ब्रोकेड कॉर्सेट भूमि की हैंडवोवन कांजीवरम साड़ी सिल्क-टिश्यू फैब्रिक से तैयार की गई थी, जिसकी चमकदार फिनिश ने पूरे लुक को बेहद रॉयल टच दिया। तमिलनाडु की प्रसिद्ध कांजीवरम बुनाई अपनी शानदार कारीगरी, मजबूती और सदाबहार आकर्षण के लिए जानी जाती है। पारंपरिक ब्लाउज की जगह अभिनेत्री ने हल्के गोल्डन रंग का ब्रोकेड कॉर्सेट चुना, जिसमें स्वीटहार्ट नेकलाइन और स्ट्रक्चर्ड बोनिंग डिटेल्स थीं। इस कॉम्बिनेशन ने उनके ट्रेडिशनल आउटफिट को ग्लैमरस और आधुनिक रूप दिया। पल्लू स्टाइलिंग ने बढ़ाई पूरे लुक की खूबसूरती भूमि ने साड़ी को पारंपरिक तरीके से ड्रेप करने के बजाय पल्लू को दोनों कंधों पर केप की तरह स्टाइल किया। इस यूनिक स्टाइलिंग ने उनके लुक को रेड कार्पेट के लिए और भी आकर्षक बना दिया। डायमंड और पोल्की ज्वेलरी ने लुक में जोड़ी शाही चमक अभिनेत्री ने अपने लुक को शानदार ज्वेलरी के साथ पूरा किया। उन्होंने अनकट डायमंड, रूबी और पर्ल पेंडेंट वाला चोकर पहना। इसके अलावा पोल्की जड़ी ईयर कफ, हेयर ब्रोच और कई खूबसूरत रिंग्स ने उनके पूरे लुक में रॉयल फिनिश दी। ग्लैमरस मेकअप और स्लीक हेयरस्टाइल ने बनाया लुक परफेक्ट भूमि ने अपने बालों को स्लीक अपडू में बांधा और कॉपर टोन आईशैडो, रेड लिपस्टिक और ग्लोइंग हाईलाइटर के साथ क्लासिक इवनिंग मेकअप चुना। पारंपरिक साड़ी का मॉडर्न फैशन स्टेटमेंट भूमि पेडनेकर का यह लुक इस बात का शानदार उदाहरण है कि भारतीय विरासत की पारंपरिक साड़ियां सही स्टाइलिंग के साथ कॉकटेल पार्टी से लेकर वेडिंग फंक्शन तक हर अवसर पर बेहद स्टाइलिश दिखाई दे सकती हैं।
गर्मी के मौसम में आरामदायक कपड़ों की बात हो तो शॉर्ट्स हमेशा पसंदीदा विकल्प रहे हैं। लेकिन फैशन की दुनिया में अब शॉर्ट्स केवल कैज़ुअल या बीचवियर तक सीमित नहीं हैं। स्प्रिंग/समर 2026 के रनवे पर कई बड़े फैशन हाउस ने इन्हें नए और लग्जरी अंदाज में पेश किया है। Emporio Armani ने हाई-वेस्टेड टेलर्ड शॉर्ट्स को प्रमोट किया, जबकि Calvin Klein ने पायजामा-इंस्पायर्ड स्टाइल को नया ट्रेंड बनाया। वहीं Dolce & Gabbana, Max Mara और Balmain जैसे ब्रांड्स ने भी शॉर्ट्स को एलिगेंट फैशन स्टेटमेंट के रूप में पेश किया। अगर आप मिनी लेंथ को छोड़ना नहीं चाहतीं, तो 2026 में इन 5 स्टाइलिश तरीकों से शॉर्ट्स को अपने लुक का हिस्सा बना सकती हैं। 1. सैटिन शॉर्ट्स: ग्लैमरस और वर्सेटाइल विकल्प सैटिन या लिंजरी-इंस्पायर्ड शॉर्ट्स इस सीजन का सबसे ट्रेंडी फैशन पीस माने जा रहे हैं। ये दिन और रात दोनों समय आसानी से स्टाइल किए जा सकते हैं। दिन में इन्हें सिंपल टी-शर्ट और बैले फ्लैट्स के साथ पहनें, जबकि शाम के लिए डीप नेक टॉप और हील्स के साथ पेयर कर सकती हैं। इनका सॉफ्ट और लग्जरी लुक इन्हें खास बनाता है। 2. लिनन शॉर्ट्स: कम्फर्ट और क्लास का परफेक्ट कॉम्बिनेशन लिनन शॉर्ट्स 2026 की वॉर्डरोब का सबसे जरूरी हिस्सा बन चुके हैं। चाहे टेलर्ड कट हो या लंबा डिजाइन, ये गर्मियों में आराम के साथ एलिगेंस भी देते हैं। ब्लाउज, पोलो टी-शर्ट या हल्के फॉर्मल टॉप के साथ इन्हें पहनकर आप ऑफिस मीटिंग या सिटी आउटिंग के लिए भी स्टाइलिश लुक पा सकती हैं। 3. कॉटन शॉर्ट्स: हर मौके के लिए परफेक्ट हल्के कॉटन या सॉफ्ट डेनिम फैब्रिक वाले शॉर्ट्स भी इस सीजन में काफी लोकप्रिय हैं। हाई-वेस्ट, बेल्टेड या ड्रॉस्ट्रिंग डिजाइन वाले शॉर्ट्स पूरे दिन आरामदायक महसूस कराते हैं। इनके साथ बोहो शर्ट्स, ब्लेज़र या समर क्रॉप टॉप का कॉम्बिनेशन बेहद आकर्षक लगता है। 4. डेनिम शॉर्ट्स: हमेशा ट्रेंड में रहने वाला क्लासिक फैशन डेनिम शॉर्ट्स का ट्रेंड कभी पुराना नहीं होता। 2026 में अलग-अलग रंगों और डिजाइन में डेनिम शॉर्ट्स देखने को मिल रहे हैं। ओवरसाइज्ड शर्ट, बेसिक टी-शर्ट और किटन-हील थॉन्ग सैंडल्स के साथ इन्हें स्टाइल करके आप एक चिक और मॉडर्न लुक पा सकती हैं। 5. पैटर्न्ड शॉर्ट्स: रंगों और प्रिंट्स का मजेदार एक्सपेरिमेंट अगर आप अपने लुक में थोड़ा फन और कलर जोड़ना चाहती हैं, तो पैटर्न्ड शॉर्ट्स बेहतरीन विकल्प हैं। पोल्का डॉट्स, फ्लोरल प्रिंट्स, स्ट्राइप्स और लोगो डिजाइनों वाले शॉर्ट्स इस सीजन में खूब पसंद किए जा रहे हैं। ये आपके समर लुक को फ्रेश और प्लेफुल बनाने का काम करते हैं। 2026 का फैशन मंत्र इस साल शॉर्ट्स सिर्फ कैज़ुअल कपड़े नहीं, बल्कि एक एलिवेटेड फैशन स्टेटमेंट बन चुके हैं। सही फैब्रिक, कट और स्टाइलिंग के साथ इन्हें ऑफिस मीटिंग से लेकर डिनर डेट और वेकेशन तक हर मौके पर पहना जा सकता है।
नई दिल्ली, एजेंसियां। गर्मी के मौसम में तेज धूप, पसीना और बढ़ता तापमान त्वचा को अधिक संवेदनशील बना देता है। ऐसे में कई लोग इंस्टेंट ग्लो पाने या दाग-धब्बे हटाने के लिए सोशल मीडिया पर बताए गए घरेलू नुस्खों और ब्यूटी टिप्स को अपनाने लगते हैं। हालांकि, त्वचा विशेषज्ञों का कहना है कि कुछ चीजें गर्मियों में चेहरे पर लगाने से फायदा कम और नुकसान ज्यादा हो सकता है। स्वस्थ और चमकदार त्वचा के लिए सही स्किनकेयर रूटीन अपनाने के साथ-साथ ऐसी चीजों से बचना भी जरूरी है, जो स्किन की प्राकृतिक सुरक्षा परत को नुकसान पहुंचाती हैं। इन चीजों से रखें दूरी विशेषज्ञों के अनुसार, गर्मियों में नींबू का रस सीधे चेहरे पर नहीं लगाना चाहिए। इसमें मौजूद साइट्रिक एसिड त्वचा को धूप के प्रति अधिक संवेदनशील बना सकता है, जिससे जलन, लालिमा और पिगमेंटेशन की समस्या हो सकती है। इसी तरह टूथपेस्ट को पिंपल्स पर लगाने का घरेलू उपाय भी नुकसानदायक साबित हो सकता है। इसमें मौजूद केमिकल्स त्वचा को ड्राई और इरिटेट कर सकते हैं, जिससे सूजन और जलन बढ़ सकती है। बेकिंग सोडा का pH स्तर त्वचा के प्राकृतिक pH से अलग होता है। इसे चेहरे पर लगाने से स्किन बैरियर कमजोर हो सकता है और त्वचा रूखी व संवेदनशील बन सकती है। स्क्रब और ऑयल-बेस्ड प्रोडक्ट्स का भी रखें ध्यान गर्मी में बार-बार स्क्रब करने से त्वचा की ऊपरी परत को नुकसान पहुंच सकता है, जिससे सन डैमेज और रेडनेस का खतरा बढ़ जाता है। वहीं, भारी ऑयल-बेस्ड क्रीम और प्रोडक्ट्स रोमछिद्रों को बंद कर सकते हैं, जिससे मुंहासे, ब्लैकहेड्स और चिपचिपाहट की समस्या बढ़ सकती है। विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि गर्मियों में हल्के, नॉन-कॉमेडोजेनिक स्किनकेयर प्रोडक्ट्स, नियमित सनस्क्रीन, पर्याप्त पानी और संतुलित आहार अपनाकर त्वचा को स्वस्थ और प्राकृतिक रूप से चमकदार रखा जा सकता है।
फैशन की दुनिया में विंटेज शॉपिंग अब सिर्फ एक ट्रेंड नहीं, बल्कि एक स्मार्ट और सस्टेनेबल लाइफस्टाइल का हिस्सा बन चुकी है। जहां पहले लोग केवल विंटेज बैग्स और जैकेट्स की तलाश करते थे, वहीं अब विंटेज हील्स भी फैशन प्रेमियों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रही हैं। खास बात यह है कि इन क्लासिक डिजाइनों में आपको लग्जरी ब्रांड्स के आइकॉनिक पीस कम कीमत में मिल सकते हैं। फैशन एक्सपर्ट्स के अनुसार, 2026 में Chanel, Prada, Gucci, Dior और Manolo Blahnik जैसे ब्रांड्स की पुरानी लेकिन शानदार हील्स की डिमांड लगातार बढ़ रही है। सुपरमॉडल बेला हदीद से लेकर कई Vogue एडिटर्स तक, सभी विंटेज फुटवियर को अपने स्टाइल का हिस्सा बना रहे हैं। विंटेज हील्स की लोकप्रियता क्यों बढ़ रही है? आज के दौर में लोग यूनिक और एक्सक्लूसिव फैशन पीस की तलाश में रहते हैं। विंटेज हील्स न केवल अलग पहचान देती हैं, बल्कि यह पर्यावरण के लिहाज से भी बेहतर विकल्प मानी जाती हैं। 2025 में Vestiaire Collective की रिपोर्ट के मुताबिक, विंटेज हील्स की सर्च में साल-दर-साल 37 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई थी। 2026 में किन विंटेज हील्स पर करें निवेश? 1. Chanel Pumps मैथ्यू ब्लेज़ी के Chanel डेब्यू के बाद ब्रांड की क्लासिक पंप्स फिर चर्चा में हैं। अगर नई कलेक्शन आपके बजट से बाहर है, तो प्री-लव्ड Chanel पंप्स शानदार विकल्प हो सकती हैं। 2. Prada Kitten Heels बेला हदीद द्वारा पहनी गई शुरुआती 2000 के दशक की Prada किटन हील्स इस समय सबसे ज्यादा पसंद की जा रही हैं। सॉफ्ट सुएड और एलिगेंट डिज़ाइन इन्हें टाइमलेस बनाते हैं। 3. Gucci Monogram Slingbacks Demna के Gucci में आने की चर्चा के बीच Gucci का मोनोग्राम स्टाइल फिर वापसी कर रहा है। ऐसे में पुराने मोनोग्राम स्लिंगबैक हील्स भविष्य के लिए अच्छा फैशन निवेश माने जा रहे हैं। 4. Dior Logo Heels लोगो फैशन की वापसी के साथ Dior की 2000s की लोगो बकल हील्स भी दोबारा ट्रेंड में आ गई हैं। ये क्लासिक और स्टेटमेंट दोनों का बेहतरीन मिश्रण हैं। 5. Céline Ballerina Heels Phoebe Philo के दौर की Céline बैलेरीना हील्स आज भी फैशन प्रेमियों की विशलिस्ट में शामिल हैं। 2015 की यह डिज़ाइन आज भी उतनी ही मॉडर्न और स्टाइलिश लगती है। 6. Vivienne Westwood Ghillie Platforms अगर आप बोल्ड फैशन पसंद करते हैं तो Vivienne Westwood की मशहूर Ghillie Platforms आपके लिए हैं। इन्हें सुपरमॉडल नाओमी कैंपबेल ने 1993 के रनवे शो में पहनकर इतिहास रचा था। 7. Manolo Blahnik Kitten Heels 90 के दशक के मिनिमलिस्ट फैशन की वापसी के साथ Manolo Blahnik की ब्लैक सुएड किटन हील्स फिर ट्रेंड में हैं। इनका क्लासिक लुक कभी आउट ऑफ फैशन नहीं होता। क्यों खास हैं विंटेज हील्स? यूनिक और रेयर डिज़ाइन लग्जरी ब्रांड्स कम कीमत में सस्टेनेबल फैशन का हिस्सा लंबे समय तक चलने वाली क्वालिटी हर आउटफिट में क्लासिक टच अगर आप अपने वॉर्डरोब में कुछ ऐसा जोड़ना चाहती हैं जो ट्रेंडी होने के साथ-साथ हमेशा स्टाइलिश रहे, तो विंटेज हील्स एक शानदार निवेश साबित हो सकती हैं।
बॉलीवुड अभिनेत्री आलिया भट्ट एक बार फिर अपने फैशन स्टेटमेंट को लेकर सुर्खियों में हैं। इस साल कान्स फिल्म फेस्टिवल में अपने शानदार लुक्स से चर्चा बटोरने के बाद अब आलिया अपनी आगामी एक्शन-थ्रिलर फिल्म 'Alpha' के ट्रेलर प्रमोशन के दौरान एक बेहद स्टाइलिश और बोल्ड अवतार में नजर आईं। आलिया ने इस बार पारंपरिक ग्लैमर से हटकर एक पावरफुल और मॉडर्न लुक चुना, जिसने फैशन प्रेमियों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। Elsa Hosk के ब्रांड Helsa Studio का चुना खास सूट आलिया भट्ट ने स्वीडिश सुपरमॉडल एल्सा हॉस्क के फैशन लेबल Helsa Studio का चारकोल ग्रे सूट पहना। यह आउटफिट ब्रांड के सिग्नेचर Devereux Blazer और स्ट्रेट-फिट ट्राउजर का हिस्सा था। इस ब्लेजर की खासियत इसकी ऑफ-किल्टर सिल्हूट, स्ट्रक्चर्ड पैडेड शोल्डर्स और हेमलाइन व स्लीव्स पर दिया गया सफेद शिफॉन ट्रिम था। डिजाइन में बॉडिस और पेंगुइन टेलकोट टक्सीडो का अनोखा मिश्रण देखने को मिला, जिसने पूरे लुक को अलग पहचान दी। लेस ब्रालेट ने जोड़ा फेमिनिन टच आलिया ने इस पावर सूट के साथ ब्लैक लेस ब्रालेट को पेयर किया, जिसने मोनोक्रोम लुक में एक सॉफ्ट और फेमिनिन एलिमेंट जोड़ दिया। डीप नेकलाइन और मिनिमल बटन क्लोजर वाले ब्लेजर के साथ यह स्टाइल बेहद एलिगेंट नजर आया। Christian Louboutin हील्स और डायमंड स्टड्स से पूरा किया लुक स्टाइलिस्ट प्रियंका कपाड़िया बदानी ने इस आउटफिट को Christian Louboutin की Miss Z 100mm लेदर पंप्स और मुंबई बेस्ड ब्रांड Kaj Fine Jewellery के स्टड ईयररिंग्स के साथ स्टाइल किया। मेकअप और हेयरस्टाइल रहा बेहद नैचुरल आलिया ने अपने ब्यूटी लुक को सिंपल और ग्लोइंग रखा। उन्होंने न्यूड-पिंक लिप्स, विंग्ड आईलाइनर और डिफाइंड लैशेज के साथ मिनिमल मेकअप चुना। वहीं, उनके बाल साइड पार्टिंग के साथ खुले और स्लीक स्टाइल में नजर आए। 'Alpha' में दिखेगा दमदार एक्शन अवतार फिल्म 'Alpha' के ट्रेलर में आलिया भट्ट हाई-ऑक्टेन एक्शन सीक्वेंस करती दिखाई दे रही हैं। उनका यह प्रमोशनल लुक भी फिल्म के किरदार की आत्मविश्वास भरी छवि को दर्शाता है।
नई दिल्ली, एजेंसियां। आजकल ग्लोइंग और बेदाग त्वचा पाने की चाह में लोग कई तरह के स्किनकेयर प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल कर रहे हैं, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार इनमें मौजूद कुछ रसायन लंबे समय में त्वचा के लिए बेहद नुकसानदायक साबित हो सकते हैं। त्वचा विशेषज्ञों का कहना है कि कई ब्यूटी प्रोडक्ट्स तुरंत नतीजे तो देते हैं, लेकिन बाद में स्किन थिनिंग, एलर्जी, पिगमेंटेशन और हार्मोनल असंतुलन जैसी गंभीर समस्याएं पैदा कर सकते हैं। स्टेरॉयड युक्त क्रीम से बढ़ता खतरा स्टेरॉयड युक्त क्रीम त्वचा को अस्थायी रूप से चमकदार बना सकती हैं, लेकिन लंबे समय तक उपयोग से त्वचा पतली हो सकती है। इसके अलावा मुंहासे, अनचाहे बाल और स्किन डैमेज जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं। विशेषज्ञ बिना डॉक्टर की सलाह के इनके इस्तेमाल से बचने की सलाह देते हैं। मरकरी और हाइड्रोक्विनोन से गंभीर नुकसान मरकरी एक जहरीला तत्व है, जो स्किन ब्राइटनिंग प्रोडक्ट्स में पाया जा सकता है। यह त्वचा का रंग असमान करने के साथ-साथ किडनी और नर्वस सिस्टम पर भी असर डाल सकता है। वहीं हाइड्रोक्विनोन के अनियंत्रित उपयोग से स्थायी काले धब्बे और पिगमेंटेशन बढ़ने का खतरा रहता है। पैराबेन्स और सल्फेट्स पर भी सावधानी जरूरी पैराबेन्स कॉस्मेटिक प्रोडक्ट्स में प्रिजर्वेटिव के रूप में इस्तेमाल होते हैं, लेकिन इनके संभावित हार्मोनल प्रभावों को लेकर चिंता जताई जाती रही है। वहीं सल्फेट्स त्वचा की प्राकृतिक नमी को खत्म कर सकते हैं, जिससे रूखापन, जलन और संवेदनशीलता बढ़ सकती है। फ्रेगरेंस और परफ्यूम से एलर्जी का खतरा स्किनकेयर प्रोडक्ट्स में इस्तेमाल होने वाली खुशबू या परफ्यूम कई रसायनों का मिश्रण हो सकता है, जो संवेदनशील त्वचा में एलर्जी, खुजली और एक्जिमा जैसी समस्याएं पैदा कर सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी स्किनकेयर प्रोडक्ट को खरीदने से पहले उसकी सामग्री सूची (इंग्रीडिएंट्स) जरूर जांचनी चाहिए और सुरक्षित विकल्पों को ही प्राथमिकता देनी चाहिए।
नई दिल्ली, एजेंसियां। वैक्सिंग के बाद त्वचा पर दाने, खुजली और जलन की समस्या कई लोगों में देखी जाती है। डर्मेटोलॉजिस्ट के अनुसार यह समस्या केवल स्किन की संवेदनशीलता तक सीमित नहीं है, बल्कि रोजमर्रा की कुछ गलतियों और देखभाल में कमी के कारण भी बढ़ सकती है। हालांकि सही केयर से इस परेशानी को काफी हद तक रोका जा सकता है। इन वजहों से आते हैं वैक्सिंग के बाद दाने विशेषज्ञों के अनुसार वैक्सिंग के बाद दाने आने के कई कारण हो सकते हैं। सबसे पहले, सेंसेटिव स्किन वाले लोगों में स्किन बैरियर कमजोर होने के कारण वैक्सिंग के बाद तुरंत रिएक्शन हो सकता है। दूसरा कारण हेयर फॉलिकल्स में होने वाली चोट है, जिससे त्वचा में सूजन और छोटे-छोटे दाने बन सकते हैं। इनग्रोन हेयर भी एक बड़ी वजह है, जिसमें बाल त्वचा के अंदर ही उगने लगते हैं और दाने जैसे दिखते हैं। इसके अलावा, अगर वैक्सिंग के दौरान साफ-सफाई का ध्यान नहीं रखा जाए तो बैक्टीरियल इंफेक्शन का खतरा बढ़ जाता है। कुछ लोगों में वैक्स या उसके केमिकल्स से एलर्जी भी दानों का कारण बन सकती है। गलतियां जो बढ़ा सकती हैं समस्या डर्मेटोलॉजिस्ट का कहना है कि कई बार लोग वैक्सिंग के बाद कुछ सामान्य गलतियां कर बैठते हैं, जिससे दाने और बढ़ जाते हैं। इनमें तुरंत कसे हुए कपड़े पहनना, गर्म पानी से नहाना, जिम या एक्सरसाइज करना, स्विमिंग करना और स्किन पर फ्रेगरेंस वाले प्रोडक्ट्स लगाना शामिल है। वैक्सिंग के तुरंत बाद स्क्रबिंग भी त्वचा को नुकसान पहुंचा सकती है। राहत के लिए क्या करें विशेषज्ञों के अनुसार वैक्सिंग के बाद एलोवेरा जेल का इस्तेमाल त्वचा को शांत करता है और जलन कम करता है। टी ट्री ऑयल को कैरियर ऑयल के साथ मिलाकर लगाने से एंटी-बैक्टीरियल फायदा मिलता है। बर्फ से सेक करने पर सूजन और लालिमा में राहत मिलती है। नारियल तेल और कैलेमाइन लोशन भी त्वचा को आराम देने में मदद करते हैं। डर्मेटोलॉजिस्ट सलाह देते हैं कि सही प्री और पोस्ट-वैक्सिंग केयर अपनाकर इस समस्या से काफी हद तक बचा जा सकता है और त्वचा को स्वस्थ रखा जा सकता है।
नई दिल्ली, एजेंसियां। आम को फलों का राजा कहा जाता है, लेकिन इसके छिलके भी त्वचा के लिए बेहद फायदेमंद माने जा रहे हैं। ब्यूटी एक्सपर्ट्स के अनुसार आम के छिलकों में विटामिन C, विटामिन A और एंटीऑक्सिडेंट भरपूर मात्रा में होते हैं, जो स्किन को हेल्दी, ग्लोइंग और जवान बनाए रखने में मदद कर सकते हैं। इन्हें फेस पैक और स्क्रब के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। त्वचा के लिए क्यों फायदेमंद हैं आम के छिलके? विशेषज्ञों के मुताबिक आम के छिलकों में मौजूद फाइबर डेड स्किन हटाने में मदद करता है, जिससे त्वचा साफ और मुलायम बनती है। विटामिन C कोलेजन बढ़ाकर दाग-धब्बों को कम करने और एजिंग के असर को धीमा करने में मदद करता है। वहीं विटामिन A एक्ने को नियंत्रित करने और स्किन सेल्स को रिपेयर करने में सहायक माना जाता है। इसके अलावा एंटीऑक्सिडेंट त्वचा को ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से बचाकर नमी और इलास्टिसिटी बनाए रखते हैं। फेस पैक के आसान तरीके आम के छिलकों को सुखाकर उनका पाउडर बनाया जा सकता है और उसमें गुलाब जल मिलाकर फेस पैक तैयार किया जा सकता है। इसे चेहरे पर 10 से 15 मिनट लगाकर धोने से त्वचा में निखार आता है। ताजे छिलकों को पीसकर उसमें शहद और दही मिलाकर भी फेस पैक बनाया जा सकता है, जो स्किन को मॉइस्चराइज और क्लीन करने में मदद करता है। स्क्रब और डी-टैन के लिए उपयोग सूखे छिलकों के पाउडर में गुलाब जल या दूध मिलाकर स्क्रब तैयार किया जा सकता है, जो त्वचा को एक्सफोलिएट करता है। इसमें कॉफी या नारियल तेल मिलाकर इसे और प्रभावी बनाया जा सकता है। वहीं टैनिंग हटाने के लिए छिलकों के पाउडर को दही या लोशन के साथ मिलाकर प्रभावित हिस्सों पर लगाया जा सकता है। सावधानी जरूरी विशेषज्ञों का कहना है कि हालांकि आम के छिलके प्राकृतिक और फायदेमंद हैं, लेकिन यदि त्वचा पर लंबे समय से रैश, एलर्जी या एक्ने की समस्या है तो घरेलू उपाय अपनाने से पहले त्वचा विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है।
बॉलीवुड अभिनेत्री जान्हवी कपूर एक बार फिर अपने एथनिक फैशन और आध्यात्मिक जुड़ाव को लेकर सुर्खियों में हैं। हाल ही में वह आंध्र प्रदेश के तिरुमला स्थित वेंकटेश्वर मंदिर में दर्शन के लिए पहुंचीं, जहां उनका पारंपरिक लुक सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। इस दौरान जान्हवी ने राजस्थान के कोटा स्थित लेबल Sonchiriya की बेहद खास सिल्क साड़ी पहनी, जिसकी जरी में असली सोने और चांदी का इस्तेमाल किया गया है। मंदिर दर्शन के दौरान दिखा पारंपरिक अंदाज जान्हवी कपूर अक्सर भारतीय परिधानों में नजर आती हैं और समय-समय पर देश के विभिन्न मंदिरों में दर्शन करती दिखाई देती हैं। इस बार उन्होंने बोतल ग्रीन और डीप पर्पल रंग की मुलबेरी सिल्क साड़ी चुनी, जो ब्रांड के नवीनतम कलेक्शन 'तारिणी' का हिस्सा है। इस साड़ी पर सुंदरबन के फूलों और पत्तियों से प्रेरित डिजाइन बनाए गए हैं। खास बात यह है कि इसकी जरी में असली सोने और चांदी का उपयोग किया गया है, जिससे यह और भी खास बन जाती है। 90 के दशक की झलक वाला ब्लाउज जान्हवी ने साड़ी को पारंपरिक नवी (Nivi) स्टाइल में ड्रेप किया था। इसके साथ उन्होंने मैचिंग ब्लाउज पहना, जिसकी कैप स्लीव्स 90 के दशक के फैशन की याद दिलाती हैं। भारतीय फैशन में इस तरह की स्लीव्स का ट्रेंड एक बार फिर वापसी करता दिखाई दे रहा है। पोल्की ज्वेलरी ने बढ़ाई खूबसूरती स्टाइलिस्ट मीगन कंसेसियो और शुभ्रा शर्मा ने जान्हवी के इस लुक को मल्टीकलर जेमस्टोन वाली पोल्की नेकलेस, इयररिंग्स और चूड़ियों के साथ पूरा किया। इसके अलावा उन्होंने एक स्टेटमेंट कमरबंद और रिंग भी कैरी की, जिसने पूरे लुक को रॉयल टच दिया। मिनिमल मेकअप और साउथ इंडियन हेयरस्टाइल मेकअप आर्टिस्ट रिवेरा लिन ने जान्हवी के लिए हल्का ब्लश, पिंक टोन लिप्स और डिफाइंड लैशेज वाला नैचुरल मेकअप चुना। वहीं उनके हाफ-अप, हाफ-डाउन हेयरस्टाइल ने साउथ इंडियन ट्रेडिशनल लुक को और भी आकर्षक बना दिया। जान्हवी कपूर का यह एथनिक अवतार एक बार फिर साबित करता है कि पारंपरिक भारतीय पहनावा आधुनिक फैशन के साथ भी शानदार तरीके से प्रस्तुत किया जा सकता है।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।