Hyderabad की शादियों की बात हो और ‘खड़ा दुपट्टा’ का जिक्र न हो, ऐसा संभव नहीं। लगभग 400 वर्षों पुरानी यह पारंपरिक पोशाक आज भी हैदराबादी मुस्लिम दुल्हनों की पहचान बनी हुई है–जहां परंपरा, शाही अंदाज और व्यक्तिगत अभिव्यक्ति का अनोखा संगम देखने को मिलता है। सिर्फ एक पोशाक नहीं, पहचान का प्रतीक शादी का लिबास केवल कपड़ा नहीं होता, बल्कि यह एक भावनात्मक और सांस्कृतिक परिवर्तन का प्रतीक होता है। हैदराबाद में यह भूमिका ‘खड़ा दुपट्टा’ निभाता है–एक ऐसा ब्राइडल एंसेंबल जो दुल्हन की पहचान, विरासत और सौंदर्य को एक साथ प्रस्तुत करता है। यह तीन हिस्सों में बना होता है–कुर्ता, चूड़ीदार और लगभग छह गज लंबा दुपट्टा। इसकी सबसे खास बात इसका पहनने का अंदाज है, जिसमें दुपट्टा दोनों कंधों पर ‘खड़ा’ रहता है और पीछे की ओर गिरता है, जिससे एक खास और शाही सिल्हूट बनता है। मुगल काल से आज तक की यात्रा इस पोशाक की जड़ें Mughal era से जुड़ी मानी जाती हैं। माना जाता है कि उस दौर की प्रभावशाली शख्सियत Nur Jahan ने वस्त्र और शिल्प में कई नए प्रयोग किए, जिनका असर इस पोशाक में भी दिखता है। जब Nizam-ul-Mulk ने दक्कन में शासन स्थापित किया, तो मुगल और स्थानीय परंपराओं का मेल हुआ और धीरे-धीरे ‘खड़ा दुपट्टा’ ने अपना मौजूदा स्वरूप लिया। समय के साथ यह शाही पोशाक आम समाज तक पहुंची और आज यह हैदराबादी मुस्लिम दुल्हनों की पारंपरिक पहचान बन चुकी है। कारीगरी में छुपा है असली जादू ‘खड़ा दुपट्टा’ की खासियत इसकी बारीक कढ़ाई और भारी बॉर्डर में छिपी होती है। जरी, ज़रदोज़ी, दबका और गोटा वर्क कुंदन और फ्लोरल पैटर्न हाथ से की गई महीन कढ़ाई इन सभी तत्वों का संतुलन इसे एक शाही और संतुलित रूप देता है। डिजाइनर Jayanti Reddy इसे “कल्चरल हेयरलूम” मानती हैं–एक ऐसी विरासत जो समय के साथ बदलती है, लेकिन अपनी आत्मा को कायम रखती है। वहीं Karan Torani के अनुसार, यह पोशाक “लेयरिंग, गरिमा और पावर ड्रेसिंग” का बेहतरीन उदाहरण है, जो दुल्हन को एक आर्किटेक्चरल एलिगेंस देता है। परंपरा और आधुनिकता का संगम आज के दौर में भी ‘खड़ा दुपट्टा’ की लोकप्रियता कम नहीं हुई है। कई मशहूर हस्तियां जैसे Rekha, Nita Ambani, Sania Mirza और Sobhita Dhulipala इस पारंपरिक स्टाइल को आधुनिक अंदाज में अपनाकर इसकी विरासत को आगे बढ़ा चुकी हैं। एक भावनात्मक जुड़ाव ‘खड़ा दुपट्टा’ सिर्फ एक ड्रेस नहीं, बल्कि एक एहसास है–जो दुल्हन को उसके अतीत, परंपरा और परिवार से जोड़ता है। यही कारण है कि बदलते फैशन ट्रेंड्स के बावजूद यह पोशाक आज भी उतनी ही खास और प्रासंगिक बनी हुई है।
भारतीय फैशन की दुनिया में क्लासिक और मिनिमल एलिगेंस का बेहतरीन उदाहरण पेश किया है Aditi Rao Hydari ने। इस बार उनका लुक एक लाइम रंग की सिल्क साड़ी में सामने आया, जिसे डिजाइन किया है Raw Mango ने–और यह लुक अपनी सादगी में भी बेहद शाही नजर आता है। लाइम सिल्क में संतुलित खूबसूरती लाइम रंग को कैरी करना आसान नहीं होता, खासकर जब बात सिल्क की हो, जहां रंग पूरी तरह हावी हो जाता है। लेकिन अदिति की इस साड़ी में यही रंग इसकी सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरता है। मलबरी सिल्क की इस साड़ी में पूरे कपड़े पर हल्के-हल्के zardozi फ्लोरल मोटिफ्स बनाए गए हैं, जो ज्यादा भरे हुए नहीं बल्कि संतुलित दूरी पर सजाए गए हैं। इससे साड़ी का लुक ओवरडन नहीं लगता, बल्कि एक क्लीन और क्लासी अपील देता है। किनारे पर दिया गया पतला kiran border लाइट को हल्के-हल्के रिफ्लेक्ट करता है, जो साड़ी में सूक्ष्म चमक जोड़ता है। पफ स्लीव ब्लाउज में रोमांटिक टच इस लुक को खास बनाता है इसका ब्लाउज–उसी लाइम टोन में बना पफ स्लीव डिजाइन, जो पूरे आउटफिट में एक सॉफ्ट और रोमांटिक चार्म जोड़ता है। क्लीन नेकलाइन के साथ यह ब्लाउज साड़ी के साथ पूरी तरह मेल खाता है और कोई अतिरिक्त जटिलता नहीं लाता। जूलरी ने बढ़ाया स्टाइल क्वोशेंट अदिति के इस लुक में जूलरी का खास योगदान है, जो Indriya Jewels से ली गई है। गले में फिट चोकर लंबे और स्टेटमेंट ईयररिंग्स यह जूलरी फेस फ्रेम को और उभारती है, जिससे लुक में ग्रेस और डिटेल दोनों जुड़ते हैं। मेकअप और हेयरस्टाइल में सॉफ्ट ग्लो मेकअप में आंखों को हल्का डिफाइन किया गया है, भौंहें नेचुरल रखी गई हैं और लिप कलर न्यूड पिंक टोन में है–जो पूरे लुक को सॉफ्ट और एलिगेंट बनाता है। मॉडर्न ट्विस्ट के साथ स्टाइलिंग टिप इस क्लासिक लुक को और मॉडर्न बनाने के लिए– गोल्ड बैंगल की जगह स्लिम सिल्वर वॉच ट्राई करें बालों को सिंपल बन में बांधें व्हाइट लेस स्क्रंची से गजरा जैसा हल्का इफेक्ट दें क्लासिक साड़ियों के लिए अदिति का प्यार Aditi Rao Hydari का Raw Mango साड़ियों के प्रति प्यार पहले भी कई बार देखा गया है–रेड कार्पेट से लेकर उनकी अपनी शादी के फंक्शंस तक।
मुंबई: Rashmika Mandanna ने अपने सिंपल लेकिन असरदार फुटकेयर रूटीन का खुलासा किया है, जो न सिर्फ आसान है बल्कि बजट-फ्रेंडली भी है। एप्सम सॉल्ट से फुट सोक रश्मिका बताती हैं कि वह अपने पैरों को गर्म पानी में Epsom Salt (सेंधा नमक) डालकर भिगोती हैं। यह तरीका खासतौर पर उनके लिए जरूरी है क्योंकि उनका काम ट्रैवल, शूट और डांस से भरा रहता है। यह फुट सोक: मसल्स को रिलैक्स करता है थकान और स्ट्रेस कम करता है पैरों को सॉफ्ट बनाता है अच्छी बात यह है कि एप्सम सॉल्ट आसानी से ₹50–₹100 में मिल जाता है, यानी यह हर किसी के लिए अफॉर्डेबल है। मॉइश्चराइजिंग है जरूरी Rashmika Mandanna के मुताबिक, सिर्फ फुट सोक ही नहीं, बल्कि पैरों को मॉइश्चराइज करना भी बेहद जरूरी है। इससे त्वचा हाइड्रेटेड रहती है और क्रैक या ड्रायनेस से बचाव होता है। सही फुटवियर भी है अहम रश्मिका इन दिनों आरामदायक फुटवियर जैसे स्नीकर्स पहनना पसंद कर रही हैं, ताकि पैरों को रिकवरी का समय मिल सके—खासतौर पर उनकी हालिया लेग इंजरी के बाद। क्यों अपनाएं ये रूटीन? अगर आप भी दिनभर खड़े रहते हैं, ज्यादा चलते हैं या ट्रैवल करते हैं, तो यह आसान फुटकेयर रूटीन आपके लिए काफी फायदेमंद हो सकता है।
मुंबई: बॉलीवुड की स्टाइल क्वीन Kareena Kapoor Khan ने एक बार फिर अपने लेटेस्ट लुक से इंटरनेट पर धूम मचा दी है। इस बार वह Sabyasachi की लेपर्ड प्रिंट साड़ी में नजर आईं, जिसे देखकर फैंस उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे। स्टाइल और एटीट्यूड का परफेक्ट कॉम्बिनेशन इस शानदार लुक को Rhea Kapoor ने स्टाइल किया, और हमेशा की तरह उनका स्टाइलिंग गेम ऑन पॉइंट रहा। करीना ने साड़ी को मॉडर्न ड्रेप में कैरी किया, जिसमें डीप-कट ब्लाउज ने ग्लैमरस टच जोड़ दिया। बोल्ड लेपर्ड प्रिंट ने लुक में ड्रामा और फियरस वाइब्स दीं, वहीं साड़ी का फ्लोई सिल्हूट इसे एलिगेंट बनाता है। ज्वेलरी और मेकअप ने बढ़ाई खूबसूरती करीना ने इस लुक को पॉल्की और टर्कॉइज़ ज्वेलरी के साथ पेयर किया, जिससे ट्रेडिशनल और मॉडर्न का खूबसूरत बैलेंस देखने को मिला। मेकअप आर्टिस्ट Tanvi Chemburkar ने मिनिमल ग्लैम के साथ बोल्ड काजल-रिम्ड आंखें दीं, जबकि खुले बालों ने पूरे लुक को और भी ग्रेसफुल बना दिया। क्यों खास है ये लुक? यह लुक दिखाता है कि कैसे Kareena Kapoor Khan ट्रेडिशनल साड़ी को मॉडर्न ट्विस्ट देकर उसे स्टेटमेंट बना देती हैं। उनका कॉन्फिडेंस, एटीट्यूड और स्टाइल—तीनों इस आउटफिट को और खास बनाते हैं।
आज की तेज़ रफ्तार जिंदगी में पुरुषों की त्वचा लगातार धूप, धूल और प्रदूषण के संपर्क में रहती है। ऑफिस जाने का रोज़ाना सफर हो, वीकेंड पर बाइक राइड हो या आउटडोर स्पोर्ट्स–इन सबके कारण चेहरे पर जिद्दी टैन, असमान स्किन टोन और डलनेस साफ दिखाई देने लगती है। अच्छी बात यह है कि टैन हटाने के लिए आपको बहुत जटिल या लंबी स्किनकेयर रूटीन की जरूरत नहीं है। सही प्रोडक्ट्स और साइंटिफिक अप्रोच के साथ आप सिर्फ एक हफ्ते में अपनी स्किन को बेहतर बना सकते हैं। आखिर टैन होता क्यों है? जब आपकी त्वचा सूरज की UV किरणों के संपर्क में आती है, तो शरीर खुद को बचाने के लिए मेलानिन नामक पिगमेंट बनाता है। यही मेलानिन त्वचा को डार्क बनाता है। पुरुषों की त्वचा महिलाओं की तुलना में लगभग 20% मोटी होती है और इसमें ऑयल प्रोडक्शन भी ज्यादा होता है। यही कारण है कि टैन त्वचा पर जमा होकर ज्यादा गहरा और पैची दिखाई देता है। 7 दिनों का असरदार डिटैन रूटीन Step 1: दिन की शुरुआत करें डिटैन फेसवॉश से कई पुरुष आज भी चेहरे पर साबुन या बॉडी वॉश का इस्तेमाल करते हैं, जो स्किन के लिए नुकसानदायक हो सकता है। एक अच्छा डिटैन फेसवॉश त्वचा की ऊपरी परत से डेड स्किन और गंदगी हटाता है। यह स्किन को साफ करने के साथ-साथ आगे इस्तेमाल होने वाले प्रोडक्ट्स को बेहतर तरीके से काम करने में मदद करता है। Step 2: हफ्ते में 2 बार डिटैन फेस मास्क लगाएं सिर्फ फेसवॉश से गहरा टैन नहीं हटता। इसके लिए डिटैन फेस मास्क जरूरी है। यह मास्क खास एक्टिव इंग्रीडिएंट्स और क्ले से बना होता है, जो त्वचा के अंदर जमा मेलानिन को तोड़ने में मदद करता है। हफ्ते में 2 बार 10–15 मिनट लगाने से स्किन धीरे-धीरे साफ और ब्राइट दिखने लगती है। Step 3: मॉइश्चराइजर से स्किन को हाइड्रेट रखें बहुत से लोग मानते हैं कि टैन हटाने के लिए स्किन को ड्राय रखना चाहिए, लेकिन यह गलत है। ड्राय स्किन और भी ज्यादा डल और डार्क दिखती है। इसलिए हर बार फेसवॉश या मास्क के बाद एक हल्का, ऑयल-फ्री मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं। इससे त्वचा सॉफ्ट, हेल्दी और ग्लोइंग बनी रहती है। Step 4: सनस्क्रीन है सबसे जरूरी अगर आप सनस्क्रीन नहीं लगाते, तो आपका सारा डिटैन प्रयास बेकार हो सकता है। SPF 50 वाला ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन रोज सुबह लगाना जरूरी है। यह आपकी त्वचा को UV किरणों से बचाता है और नए टैन को बनने से रोकता है। यह रूटीन क्यों सबसे असरदार है? यह डिटैन रूटीन तीन स्तरों पर काम करता है: Removal (हटाना): डेड और डार्क स्किन को साफ करता है Correction (सुधार): गहरे पिगमेंट को कम करता है Prevention (बचाव): नए टैन को बनने से रोकता है
मैं बियर्ड ऑयल के बारे में खुलकर बात करना चाहता हूँ, क्योंकि दाढ़ी सिर्फ एक लुक नहीं–ये एक लाइफस्टाइल है। जब मैंने बियर्ड ग्रूमिंग की दुनिया में कदम रखा, तो मैंने अपने तीन “पर्सनल ग्रूमिंग एक्सपर्ट्स” की मदद ली–मेरे भाई (बियर्ड गोल्स), मेरे पापा (ओरिजिनल स्मूद ऑपरेटर) और मेरी खुद की दाढ़ी (जिसे मैं रॉयल्टी की तरह ट्रीट करता हूँ)। कई हफ्तों तक सबकी मॉर्निंग रूटीन को ऑब्ज़र्व करने, अलग-अलग ऑयल्स ट्राय करने और भाई-पापा की राय लेने के बाद, मैंने समझा कि असल में क्या काम करता है। ऐसे ऑयल्स जो आपकी दाढ़ी को शानदार खुशबू दें और जिद्दी बालों को आसानी से सेट कर दें–ये वही बेस्ट बियर्ड ऑयल्स हैं जो आपकी स्टाइल को परफेक्शन तक ले जाते हैं। टॉप बियर्ड ऑयल्स जो आपके ग्रूमिंग गेम को बनाएंगे शानदार सच कहें तो बियर्ड केयर, मेंस सेल्फ-केयर का अहम हिस्सा है। ये 5 बियर्ड ऑयल्स आपके लुक में शाइन, सॉफ्टनेस, खुशबू और स्टाइल–सब कुछ जोड़ देते हैं। चाहे आप रफ-टफ लुक चाहते हों या क्लीन और क्लासी स्टाइल–ये ऑयल्स आपको बेसिक से बॉस बना देंगे। 1. Jack Black Beard Oil मेरा भाई ग्रूमिंग को लेकर काफी पिकी है। जब उसने Jack Black Beard Oil इस्तेमाल किया, तो मैं समझ गया कि ये खास है। “भाई, ये तो कमाल है,” उसने शीशे में खुद को देखते हुए कहा। हल्का लेकिन बेहद नॉरिशिंग दाढ़ी को सॉफ्ट और स्मूद बनाता है सबटल (हल्की) खुशबू, जो लोगों को पसंद आए इसमें Kalahari melon और marula जैसे नैचुरल ऑयल्स होते हैं, जो बिना चिपचिपाहट के हाइड्रेशन देते हैं। 2. Premium Beard Oil ये ऑयल हमारे घर में एक तरह की “विरासत” बन चुका है। पापा ने इसे भाई को गिफ्ट किया था, और अब ये दोनों का फेवरेट है। पापा इसे “मॉर्निंग आर्मर” कहते हैं, जबकि भाई इसे लगभग परफ्यूम की तरह इस्तेमाल करता है। हल्का लेकिन गहराई से मॉइस्चराइजिंग दाढ़ी को स्मूद और सेट करता है शानदार और क्लासी खुशबू ये वो ऑयल है जो हमेशा बाथरूम शेल्फ से गायब रहता है 3. Arlo’s 99% Natural Beard Oil Pro-Growth मेरे पापा किसी भी प्रोडक्ट को आसानी से पसंद नहीं करते। लेकिन जब उन्होंने इसे “मस्ट-हैव” कहा, तो समझिए ये खास है। 99% नैचुरल फॉर्मूला दाढ़ी को सॉफ्ट और शाइनी बनाता है फ्लाईअवे (उड़े हुए बाल) कंट्रोल करता है सबसे खास बात–ये बियर्ड ग्रोथ में भी मदद करता है। पापा हमेशा कहते हैं: “अगर दाढ़ी बढ़े, तो चमके भी।” 4. Forest Essentials Grooming Beard Oil ये पापा का सबसे भरोसेमंद (ride-or-die) बियर्ड ऑयल है। एक बार उन्होंने गलती से सुगंध वाला ऑयल लगा लिया और पूरा दिन “नाइटक्लब” जैसी खुशबू में बिताया 😄 तब से उन्होंने फ्रेगरेंस-फ्री ऑयल ही चुना–और यही उनका फेवरेट बन गया। बिना खुशबू (fragrance-free) हल्का और नॉन-ग्रीसी स्किन-फ्रेंडली, कोई एलर्जी नहीं ये सादा लेकिन असरदार ऑयल है–एकदम क्लासिक। 5. Maharajah Beard Oil (10ml Travel Size) ये छोटा सा ऑयल मेरे दोस्त की वजह से हमारे घर में आया–और अब सबका फेवरेट बन चुका है। शानदार और रॉयल खुशबू दाढ़ी को स्मूद और सॉफ्ट बनाता है ट्रैवल-फ्रेंडली और कॉम्पैक्ट अब हाल ये है कि मैं, मेरा भाई और पापा–तीनों इसे इस्तेमाल कर रहे हैं। लगता है हमारे घर में “Maharajah Beard Oil क्लब” बन चुका है बियर्ड ऑयल इस्तेमाल करने के टिप्स हल्की गीली दाढ़ी पर लगाएं 2–5 बूंद काफी होती हैं स्किन तक मसाज करें कंघी से अच्छे से फैलाएं
आज के दौर में जहां लोग इंस्टेंट ग्लो पाने के लिए केमिकल प्रोडक्ट्स का सहारा लेते हैं, वहीं स्किन एक्सपर्ट्स लगातार नेचुरल उपायों की ओर लौटने की सलाह दे रहे हैं। लंबे समय तक केमिकल प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल त्वचा को नुकसान पहुंचा सकता है। ऐसे में सत्तू फेस मास्क एक सस्ता, सुरक्षित और असरदार घरेलू विकल्प बनकर सामने आ रहा है, जो त्वचा को अंदर से पोषण देकर नेचुरल ग्लो देता है। क्यों खास है सत्तू फेस मास्क? सत्तू, जो आमतौर पर खाने में इस्तेमाल होता है, अब स्किन केयर रूटीन में भी अपनी जगह बना रहा है। इसमें मौजूद पोषक तत्व त्वचा को साफ करने, डेड स्किन हटाने और रंगत सुधारने में मदद करते हैं। सत्तू फेस मास्क के फायदे 1. स्किन टोन में सुधार सत्तू का नियमित इस्तेमाल त्वचा की रंगत को निखारता है और उसे साफ व चमकदार बनाता है। 2. डेड स्किन सेल्स हटाने में मददगार यह फेस मास्क त्वचा की गहराई से सफाई करता है और डेड सेल्स को हटाकर स्किन को फ्रेश बनाता है। 3. दाग-धब्बे और मुंहासों से राहत सत्तू, हल्दी और शहद का मिश्रण एंटी-बैक्टीरियल गुणों से भरपूर होता है, जिससे मुंहासे और दाग-धब्बे कम हो सकते हैं। घर पर कैसे बनाएं सत्तू फेस मास्क? 2 चम्मच सत्तू लें एक चुटकी हल्दी पाउडर मिलाएं 1 चम्मच शहद डालें जरूरत के अनुसार गुलाब जल मिलाकर स्मूद पेस्ट तैयार करें लगाने का सही तरीका इस पेस्ट को चेहरे और गर्दन पर समान रूप से लगाएं 15-20 मिनट तक सूखने दें इसके बाद साफ पानी से चेहरा धो लें हफ्ते में 2-3 बार इस्तेमाल करें ध्यान रखें: अगर लगाने के बाद जलन या खुजली महसूस हो, तो तुरंत इसका इस्तेमाल बंद कर दें।
गर्मियों के मौसम में तेज धूप, पसीना और प्रदूषण का सीधा असर हमारी त्वचा पर पड़ता है। इससे स्किन डल, टैन और बेजान नजर आने लगती है। ऐसे में प्राकृतिक उपायों की बात करें तो गुलाब जल और चंदन का मिश्रण एक बेहद असरदार और सुरक्षित विकल्प माना जाता है। यह न सिर्फ त्वचा को ठंडक देता है बल्कि कई स्किन समस्याओं को भी दूर करने में मदद करता है। त्वचा के लिए क्यों फायदेमंद है गुलाब जल और चंदन? 1. दाग-धब्बे और मुंहासों में राहत गुलाब जल और चंदन का पेस्ट चेहरे पर लगाने से स्किन साफ होती है और दाग-धब्बे धीरे-धीरे कम होने लगते हैं। इसके नियमित उपयोग से मुंहासों की समस्या में भी सुधार देखा जाता है। 2. स्किन टोन में निखार यह मिश्रण टैनिंग को कम करने में मदद करता है और त्वचा की रंगत को एकसमान बनाता है। मेलेनिन के प्रभाव को नियंत्रित करके स्किन को नैचुरल ग्लो देता है। 3. ठंडक और सुकून गर्मियों में सनबर्न, जलन और रेडनेस आम समस्या है। ऐसे में गुलाब जल और चंदन का पेस्ट त्वचा को ठंडक पहुंचाता है और सूजन को कम करता है। 4. ऑयल कंट्रोल और ग्लोइंग स्किन यह मिश्रण चेहरे के एक्स्ट्रा ऑयल को हटाकर स्किन को फ्रेश और मुलायम बनाता है। साथ ही, फाइन लाइन्स को कम करने में भी मदद करता है, जिससे त्वचा ज्यादा यंग और चमकदार दिखती है। लगाने का सही तरीका एक चम्मच चंदन पाउडर लें उसमें आवश्यकतानुसार गुलाब जल मिलाकर पेस्ट तैयार करें इस पेस्ट को चेहरे और गर्दन पर समान रूप से लगाएं 10-15 मिनट बाद ठंडे पानी से धो लें हफ्ते में 2-3 बार इस्तेमाल करने से बेहतर परिणाम मिल सकते हैं
भारत की तेज धूप और बढ़ते प्रदूषण के बीच पुरुषों की त्वचा पर टैनिंग, डलनेस और पिगमेंटेशन की समस्या आम होती जा रही है। खासकर जब SPF 50 सनस्क्रीन का नियमित उपयोग नहीं किया जाता, तो UV किरणें त्वचा में मेलेनिन उत्पादन बढ़ा देती हैं, जिससे रंगत असमान और बेजान दिखने लगती है। ऐसे में De-Tan फेस मास्क एक प्रभावी समाधान बनकर सामने आते हैं। ये मास्क न सिर्फ डेड स्किन को हटाते हैं, बल्कि पोर्स को साफ कर त्वचा की नैचुरल चमक भी वापस लाते हैं। अच्छी बात यह है कि ये सिर्फ 15–20 मिनट में असर दिखाते हैं और आसानी से आपकी साप्ताहिक ग्रूमिंग रूटीन का हिस्सा बन सकते हैं। नीचे 2026 में भारत में पुरुषों के लिए 6 बेहतरीन De-Tan फेस मास्क की पूरी लिस्ट दी गई है, जो खासतौर पर भारतीय स्किन और क्लाइमेट को ध्यान में रखकर चुने गए हैं। 1. Foxtale Skin Radiance De-Tan Mask सभी समस्याओं का ऑल-इन-वन समाधान यह मास्क टैन, क्लॉग्ड पोर्स और डल स्किन–तीनों समस्याओं को एक साथ टारगेट करता है। पारंपरिक उबटन से प्रेरित यह फॉर्मूला आधुनिक केमिकल एक्सफोलिएशन और क्ले टेक्नोलॉजी के साथ आता है। मुख्य फायदे: Lactic Acid से डेड स्किन हटती है Brazilian Purple Clay पोर्स को डीप क्लीन करता है स्किन को हाइड्रेट रखता है किसके लिए बेहतर? जो पुरुष एक ही मास्क में ब्राइटनेस, ऑयल कंट्रोल और पोर्स क्लीनिंग चाहते हैं। 2. mCaffeine Coffee Face Mask ऑयली और एक्ने-प्रोन स्किन के लिए बेस्ट कॉफी और क्ले बेस्ड यह मास्क उन पुरुषों के लिए परफेक्ट है जिनकी स्किन जल्दी ऑयली हो जाती है और टैन के साथ पिंपल्स भी होते हैं। मुख्य फायदे: डीप क्लीनिंग और ऑयल कंट्रोल एंटीऑक्सीडेंट से स्किन रिकवरी ब्लैकहेड्स कम करने में मदद किसके लिए बेहतर? ऑयली और एक्ने-प्रोन स्किन वाले पुरुष। 3. Mamaearth Ubtan Face Pack (Turmeric & Saffron) नेचुरल और आयुर्वेदिक विकल्प यह फेस पैक पारंपरिक उबटन फॉर्मूला पर आधारित है, जिसमें हल्दी, केसर और पपीता जैसे तत्व शामिल हैं। मुख्य फायदे: हल्दी से सूजन और बैक्टीरिया कम पपीता एंजाइम से हल्का एक्सफोलिएशन स्किन को कूल और सॉफ्ट रखता है किसके लिए बेहतर? जो लोग नेचुरल और आयुर्वेदिक स्किनकेयर पसंद करते हैं। 4. Dot & Key Mango Detan Clay Mask डार्क स्पॉट और पिगमेंटेशन के लिए असरदार यह मल्टी-एक्शन मास्क टैन के साथ-साथ डार्क स्पॉट्स और बड़े पोर्स पर भी काम करता है। मुख्य फायदे: Glycolic + Lactic Acid से एक्सफोलिएशन Niacinamide से स्किन टोन बेहतर Clay से पोर्स क्लीनिंग किसके लिए बेहतर? जिन्हें टैन के साथ पिगमेंटेशन और अनइवन स्किन टोन की समस्या है। 5. Beardo De-Tan Peel-Off Mask क्विक रिजल्ट चाहने वालों के लिए यह पील-ऑफ मास्क तुरंत नजर आने वाले परिणाम देता है, जो व्यस्त पुरुषों के लिए एक अच्छा विकल्प है। मुख्य फायदे: डेड स्किन और गंदगी हटाता है ब्लैकहेड्स कम करता है स्किन टेक्सचर स्मूद करता है किसके लिए बेहतर? जो लोग फास्ट और आसान ग्रूमिंग चाहते हैं। 6. Good Vibes De-Tan Face Mask (Papaya & Turmeric) डेली यूज के लिए जेंटल विकल्प यह हल्का और सौम्य मास्क नियमित उपयोग के लिए उपयुक्त है। मुख्य फायदे: पपीता एंजाइम से नैचुरल एक्सफोलिएशन स्किन को कूलिंग इफेक्ट धीरे-धीरे ब्राइटनेस बढ़ाता है किसके लिए बेहतर? सेंसिटिव स्किन या जेंटल केयर चाहने वाले पुरुष। De-Tan मास्क कैसे इस्तेमाल करें? बेहतर परिणाम के लिए सही तरीका अपनाना जरूरी है: पहले फेस वॉश से चेहरा साफ करें आंख और होंठ छोड़कर मास्क लगाएं 15–20 मिनट तक छोड़ दें गुनगुने पानी से धो लें बाद में मॉइस्चराइज़र जरूर लगाएं कितनी बार इस्तेमाल करें? ऑयली स्किन: हफ्ते में 2–3 बार नॉर्मल स्किन: 1–2 बार सेंसिटिव स्किन: हफ्ते में 1 बार सबसे जरूरी बात–दिन में SPF 50 सनस्क्रीन का इस्तेमाल जरूर करें, ताकि नई टैनिंग से बचा जा सके।
भारतीय साड़ी फैशन में दशकों तक अपनी अलग पहचान बनाने वाला ब्रांड Garden Vareli अब एक नए दौर में प्रवेश कर चुका है। 80 और 90 के दशक में अपनी हल्की शिफॉन, जॉर्जेट और सिग्नेचर प्रिंट्स के लिए मशहूर रहा यह ब्रांड अब डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के जरिए खुद को फिर से स्थापित करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। D2C प्लेटफॉर्म के साथ नई शुरुआत ब्रांड की यह नई पारी तब शुरू हुई जब The Chatterjee Group (TCG) ने Garden Vareli को लाइफस्टाइल सेगमेंट में आगे बढ़ाने की रणनीति के तहत इसका डायरेक्ट-टू-कंज्यूमर (D2C) प्लेटफॉर्म लॉन्च किया। मुंबई में आयोजित एक बड़े इवेंट में इस डिजिटल प्लेटफॉर्म का अनावरण किया गया, जहां ब्रांड के नए कलेक्शन की भी झलक देखने को मिली। यह लॉन्च सिर्फ एक ऑनलाइन स्टोर की शुरुआत नहीं है, बल्कि ब्रांड के डिजिटल-फर्स्ट विजन का संकेत है, जिसमें टेक्नोलॉजी, रिटेल और कस्टमर एक्सपीरियंस को एक साथ जोड़ा गया है। शोस्टॉपर बनीं भूमि पेडनेकर इस खास मौके पर एक्ट्रेस भूमि पेडनेकर शोस्टॉपर के रूप में नजर आईं। उन्होंने आधुनिक भारतीय महिला की छवि को बखूबी पेश किया जो परंपरा से जुड़ी होने के साथ-साथ अपनी अलग पहचान भी रखती है। उनकी मौजूदगी ने ब्रांड के इस ट्रांजिशन को और मजबूत किया, खासकर युवा और फैशन-फॉरवर्ड ऑडियंस से जुड़ने के लिहाज से। AI और टेक्नोलॉजी पर फोकस Garden Vareli का नया D2C प्लेटफॉर्म AI-पावर्ड है, जो इसे पारंपरिक रिटेल ब्रांड से एक डिजिटल-फर्स्ट कंपनी में बदलने की दिशा में बड़ा कदम बनाता है। इस प्लेटफॉर्म की खासियतें: रिटेल, इन्वेंट्री और कस्टमर एंगेजमेंट का इंटीग्रेशन ऑनलाइन और ऑफलाइन का seamless अनुभव स्केलेबल और डेटा-ड्रिवन सिस्टम ओमनीचैनल रणनीति पर जोर MCPI प्राइवेट लिमिटेड के MD & CEO देबी प्रसाद पात्रा के अनुसार, कंपनी अब ओमनीचैनल मॉडल पर काम कर रही है, जिसमें फिजिकल स्टोर्स को फुलफिलमेंट हब के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा। इससे ग्राहक ऑफलाइन ब्राउजिंग और ऑनलाइन खरीदारी के बीच आसानी से स्विच कर पाएंगे। नई पीढ़ी को ध्यान में रखकर बदलाव Garden Silk Fashions के CEO डॉ. महेंद्र सिंह भदौरिया ने कहा कि आज के डिजिटल-सेवी कंज्यूमर्स तक पहुंचने के लिए यह बदलाव जरूरी है। D2C प्लेटफॉर्म ब्रांड और ग्राहकों के बीच सीधा कनेक्शन बनाने का काम करेगा। विरासत के साथ भविष्य की ओर कदम Garden Vareli का यह ट्रांसफॉर्मेशन इस बात का संकेत है कि ब्रांड सिर्फ अपनी पुरानी पहचान पर निर्भर नहीं रहना चाहता, बल्कि नई तकनीक, डिजाइन और रणनीति के साथ खुद को फिर से गढ़ रहा है। यह बदलाव न सिर्फ समय के हिसाब से जरूरी है, बल्कि भारतीय फैशन इंडस्ट्री में इसकी नई भूमिका को भी परिभाषित करेगा।
वेडिंग सीजन के बीच Nupur Sanon और Stebin Ben की शादी ने हर किसी का ध्यान खींचा। उनकी ड्रीमी वेडिंग लुक्स के पीछे थीं सेलिब्रिटी मेकअप आर्टिस्ट Shradha Luthra, जिन्होंने अब ब्राइड्स-टू-बी के लिए कुछ अहम मेकअप सीक्रेट्स साझा किए हैं। ट्रेंड बदल रहा है: नैचुरल और टाइमलेस ब्यूटी का दौर Shradha Luthra के मुताबिक, इस वेडिंग सीजन में “स्किन जैसी स्किन” का ट्रेंड हावी है। यानी ग्लोइंग, हेल्दी और नैचुरल लुक। सॉफ्ट स्कल्प्टिंग, फ्लश्ड चीक्स और ब्रश्ड ब्रोज़ ट्रेंड में हैं आंखों में हल्का डेप्थ, लेकिन ओवरड्रामेटिक मेकअप नहीं ओवर मैट बेस, हार्श कंटूरिंग और केकी मेकअप अब आउट ऑफ ट्रेंड ब्राइड्स के लिए 2 बड़े मेकअप टिप्स 1. हाइड्रेशन और सिंपल स्किनकेयर है सबसे जरूरी शादी से 2–3 महीने पहले सबसे जरूरी है - खूब पानी पीना और स्किन को हाइड्रेट रखना। नए प्रोडक्ट्स ट्राय करने से बचें जो आपकी स्किन को सूट करता है, उसी पर टिके रहें कंसिस्टेंसी ही असली ग्लो देती है 2. फाउंडेशन का सही शेड और नैचुरल फिनिश चुनें इंडियन स्किन टोन के लिए सही फाउंडेशन चुनना बेहद अहम है: हमेशा फाउंडेशन को चेहरे नहीं, बल्कि गर्दन और चेस्ट से मैच करें रेडिएंट और स्किन-लाइक फिनिश चुनें मेकअप ऐसा हो जो स्किन में घुल जाए, अलग से दिखे नहीं हेवी आउटफिट के साथ कैसे करें मेकअप बैलेंस? अगर ब्राइड का लहंगा और ज्वेलरी हैवी है, तो मेकअप को ओवरपावरिंग नहीं होना चाहिए। ग्लोइंग स्किन सॉफ्ट लेकिन डिफाइंड आईज पूरे लुक में हार्मनी बनाए रखना जरूरी है Nupur Sanon का ब्राइडल लुक क्यों था खास? Shradha Luthra ने बताया कि नुपुर का ब्राइडल लुक पूरी तरह उनकी पर्सनैलिटी से इंस्पायर्ड था - फ्रेश, एलिगेंट और टाइमलेस। दिलचस्प बात यह रही कि उन्होंने क्रिश्चियन और हिंदू, दोनों सेरेमनी में एक ही बात पर फोकस रखा - खुद जैसा दिखना। उनके लहंगे के रंग को मेकअप में हल्के तौर पर शामिल कर एक परफेक्ट बैलेंस बनाया गया।
बॉलीवुड एक्ट्रेस Shraddha Kapoor अपनी नैचुरल ब्यूटी और नो-मेकअप लुक्स के लिए जानी जाती हैं। सोशल मीडिया पर उनकी बिना फिल्टर वाली तस्वीरें अक्सर चर्चा में रहती हैं, जहां उनकी साफ, हेल्दी और ग्लोइंग स्किन साफ नजर आती है। अब एक्ट्रेस ने अपने स्किनकेयर रूटीन के कुछ आसान लेकिन असरदार सीक्रेट्स शेयर किए हैं, जिन्हें हर कोई अपनी लाइफस्टाइल में अपना सकता है। हाइड्रेशन है सबसे बड़ा मंत्र श्रद्धा कपूर के अनुसार, हेल्दी स्किन की सबसे जरूरी कुंजी है - हाइड्रेशन। वह दिनभर भरपूर पानी पीती हैं और इसके साथ रोजाना कम से कम एक बार नारियल पानी जरूर लेती हैं। नारियल पानी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा को पोषण देते हैं, एजिंग के लक्षणों को कम करते हैं और स्किन टेक्सचर को बेहतर बनाते हैं। क्लीन ईटिंग से आता है नेचुरल ग्लो एक्ट्रेस अपने खाने-पीने का भी खास ख्याल रखती हैं। वह जंक फूड से दूरी बनाकर हेल्दी और क्लीन डाइट को प्राथमिकता देती हैं। श्रद्धा ने यह भी बताया कि वह धीरे-धीरे वीगन डाइट अपनाने की कोशिश कर रही हैं। उनका मानना है कि अच्छा और संतुलित खानपान चेहरे पर प्राकृतिक चमक लाता है। मेकअप के साथ सख्त नियम श्रद्धा कपूर का एक सबसे अहम ब्यूटी रूल है - मेकअप के साथ कभी न सोना। वह हर हाल में सोने से पहले अपना मेकअप हटा देती हैं, ताकि स्किन को सांस लेने का मौका मिल सके। इसके अलावा, वह दिन में बाहर निकलते समय सनस्क्रीन लगाना कभी नहीं भूलतीं, जिससे त्वचा सूरज की हानिकारक किरणों से सुरक्षित रहती है। क्यों खास हैं ये टिप्स? श्रद्धा कपूर के ये ब्यूटी हैक्स महंगे प्रोडक्ट्स पर नहीं, बल्कि सिंपल और हेल्दी आदतों पर आधारित हैं। यही वजह है कि उनका स्किनकेयर रूटीन हर किसी के लिए आसान और प्रभावी बन जाता है।
आधुनिक दौर में ज्वेलरी सिर्फ सजावट का साधन नहीं रह गई है, बल्कि यह अब व्यक्तिगत अभिव्यक्ति, तकनीक और डिजाइन इनोवेशन का संगम बन चुकी है। एक समय था जब फाइन ज्वेलरी को सिर्फ खास मौकों या शादी-ब्याह तक सीमित माना जाता था, लेकिन आज यह रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन रही है। नई पीढ़ी, खासकर जेन Z और मिलेनियल्स, अब ऐसी ज्वेलरी को पसंद कर रहे हैं जो न सिर्फ खूबसूरत हो, बल्कि इंटरैक्टिव, हल्की और उनकी पर्सनैलिटी के साथ मेल खाती हो। ज्वेलरी में नया बदलाव: सिर्फ चमक नहीं, अब ‘रिएक्शन’ भी पहले ज्वेलरी स्थिर होती थी-एक ही तरह से चमकती और दिखती थी। लेकिन अब डिजाइनर ऐसे मटेरियल और तकनीकों का इस्तेमाल कर रहे हैं जो रोशनी के साथ बदलते हैं। फोटोक्रोमिक फिनिश और लाइट-सेंसिटिव एनामेल अब ज्वेलरी को सूरज की रोशनी में रंग बदलने की क्षमता देते हैं UV एक्सपोजर के साथ पिगमेंट्स की संरचना बदलती है और रंग में बदलाव आता है रोशनी हटने पर ज्वेलरी फिर अपने मूल रंग में लौट आती है यह तकनीक ज्वेलरी को एक नया आयाम देती है, जहां वह सिर्फ रोशनी को प्रतिबिंबित नहीं करती, बल्कि उसके साथ संवाद भी करती है। ‘फायरफ्लाई इफेक्ट’: अंधेरे में चमकने वाली ज्वेलरी हाल के वर्षों में एक और अनोखा ट्रेंड तेजी से उभरा है-ग्लो-इन-द-डार्क ज्वेलरी। यह ज्वेलरी हल्की रोशनी में एक सॉफ्ट चमक देती है, जो इसे खास बनाती है। यह कोई तेज या भड़कीला इफेक्ट नहीं, बल्कि बेहद सटल और एलिगेंट ग्लो होता है। यह ट्रेंड खासकर उन लोगों के बीच लोकप्रिय हो रहा है जो ज्वेलरी में कुछ अलग और यादगार चाहते हैं। हल्की ज्वेलरी: आराम और स्टाइल का संतुलन आज के समय में ज्वेलरी डिजाइन सिर्फ दिखावे तक सीमित नहीं है, बल्कि उपयोगिता पर भी ध्यान दिया जा रहा है। हल्के वजन की ज्वेलरी पूरे दिन पहनने में आरामदायक होती है 14KT, 18KT और 9KT गोल्ड में नए डिजाइन बनाए जा रहे हैं स्मार्ट क्लैप्स और बेहतर स्ट्रक्चर ज्वेलरी को ज्यादा टिकाऊ बनाते हैं विशेषज्ञों के अनुसार, 14KT गोल्ड रोजमर्रा के इस्तेमाल के लिए सबसे संतुलित विकल्प माना जाता है, जबकि 18KT अधिक प्रीमियम फिनिश देता है। टेक्नोलॉजी और क्राफ्ट का मेल ज्वेलरी डिजाइन में अब तकनीक की भूमिका तेजी से बढ़ रही है: CAD मॉडलिंग से जटिल और सटीक डिजाइन संभव हो रहे हैं लेजर टेक्नोलॉजी से महीन पैटर्न बनाए जा रहे हैं मटेरियल साइंस से नए इफेक्ट्स जैसे ग्लो और कलर शिफ्ट सुरक्षित रूप से जोड़े जा रहे हैं यह बदलाव पारंपरिक कारीगरी को खत्म नहीं कर रहा, बल्कि उसे और उन्नत बना रहा है। नई पीढ़ी क्यों कर रही है पसंद? युवा उपभोक्ता अब ज्वेलरी को निवेश या परंपरा से ज्यादा “एक्सप्रेशन” के रूप में देख रहे हैं। वे ऐसी ज्वेलरी चाहते हैं जो रोज पहनी जा सके डिजाइन में यूनिकनेस और पर्सनल टच हो हल्की, टिकाऊ और स्टाइलिश हो यही वजह है कि एक्सपेरिमेंटल ज्वेलरी का ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है। परंपरा और इनोवेशन का संतुलन इस पूरे बदलाव की सबसे खास बात यह है कि परंपरा खत्म नहीं हो रही, बल्कि नए रूप में सामने आ रही है। सोना अब भी कीमती है, कारीगरी अब भी अहम है-लेकिन अब उसमें रंग, रोशनी और तकनीक का नया स्पर्श जुड़ गया है। आज की ज्वेलरी सिर्फ पहनने के लिए नहीं, बल्कि जीने के लिए बनाई जा रही है।
दुनिया में पहली बार एक ऐसा लग्जरी बैग सामने आया है, जिसे दावा किया जा रहा है कि यह T-Rex (डायनासोर) के कोलेजन से बने लेदर से तैयार किया गया है। फिलहाल यह अनोखा बैग एम्सटर्डम के Artis Zoo Museum में प्रदर्शित है और 11 मई के बाद इसकी नीलामी होगी। कितनी है कीमत? शुरुआती बोली: 5 लाख डॉलर (₹4 करोड़+ लगभग) यानी यह बैग सिर्फ फैशन नहीं, बल्कि अल्ट्रा-लक्जरी कलेक्टर आइटम बन चुका है। कैसे बना “डायनासोर लेदर”? यह सुनने में जितना फिल्मी लगता है, प्रक्रिया उतनी ही साइंटिफिक है: T-Rex के फॉसिल से कोलेजन (protein) के छोटे टुकड़े निकाले गए इन्हें लैब में दूसरे जानवर की कोशिकाओं में डाला गया नया कोलेजन तैयार किया गया फिर उसे प्रोसेस करके लेदर में बदला गया यानी यह बैग सीधे डायनासोर की स्किन से नहीं, बल्कि लैब-ग्रोउन (Lab-grown) लेदर से बना है किसने बनाया यह प्रोजेक्ट? यह अनोखा प्रोजेक्ट तीन कंपनियों के सहयोग से बना: The Organoid Company VML (क्रिएटिव एजेंसी) Lab Grown Leather Ltd. ये वही टीम है जिसने पहले मैमथ DNA से मीटबॉल बनाकर सुर्खियां बटोरी थीं। क्यों है इतना खास? “डायनासोर कनेक्शन” इसे यूनिक बनाता है एथिकल (जानवरों को नुकसान नहीं) लेदर का विकल्प फ्यूचर फैशन और बायोटेक्नोलॉजी का कॉम्बिनेशन वैज्ञानिकों के सवाल हर कोई इस दावे से सहमत नहीं है: कुछ वैज्ञानिकों का कहना है कि डायनासोर कोलेजन सिर्फ छोटे-छोटे टुकड़ों में मिलता है इससे असली लेदर जैसा मजबूत मटेरियल बनाना मुश्किल यह “T-Rex लेदर” ज्यादा कॉन्सेप्ट या मार्केटिंग भी हो सकता है क्या आप लगाएंगे बोली? यह बैग सिर्फ एक फैशन आइटम नहीं, साइंस + लक्जरी + इनोवेशन का मेल है लेकिन सवाल यही है: क्या आप ₹4 करोड़ देकर “डायनासोर टच” वाला बैग खरीदना चाहेंगे?
फैशन इंडस्ट्री में अपनी मजबूत पहचान बना चुकी H&M ने अब भारत में अपने ब्यूटी सेगमेंट की भी शानदार शुरुआत कर दी है। H&M Beauty का यह बहुप्रतीक्षित लॉन्च फेस्टिव सीजन के दौरान हुआ है, जो ग्राहकों को मेकअप, फ्रेगरेंस और ब्यूटी टूल्स की एक बड़ी और ट्रेंडी रेंज उपलब्ध कराता है। 200+ प्रोडक्ट्स के साथ बड़ा लॉन्च H&M Beauty के इस कलेक्शन में 200 से ज्यादा प्रोडक्ट्स शामिल हैं, जो हर तरह के यूजर्स के लिए डिजाइन किए गए हैं। बोल्ड लिपस्टिक से लेकर डेली यूज मेकअप स्टेटमेंट ब्लश और मस्कारा फ्रेगरेंस और ब्यूटी टूल्स यह कलेक्शन खासतौर पर फेस्टिव सीजन में आपकी पर्सनैलिटी को और निखारने के लिए तैयार किया गया है। ये हैं खास प्रोडक्ट्स कंपनी ने कुछ “हीरो प्रोडक्ट्स” भी पेश किए हैं, जो पहले से ही चर्चा में हैं: Satin Icon Lipstick – रिच कलर और स्मूद फिनिश Mad for Matte Liquid Lipstick – लॉन्ग-लास्टिंग मैट लुक Never Ending Lash Mascara – आईज को देता है इंस्टेंट ड्रामा Do-it-All Stick Blush – आसान और मल्टी-यूज एप्लिकेशन फ्रेगरेंस कैटेगरी में नए Eau de Parfum लॉन्च किए गए हैं, जो वेगन फॉर्मूला और लॉन्ग-लास्टिंग खुशबू के साथ आते हैं। बजट-फ्रेंडली और वेगन प्रोडक्ट्स H&M Beauty का सबसे बड़ा आकर्षण इसकी कीमत और क्वालिटी का संतुलन है। मेकअप की कीमत: ₹799 से शुरू परफ्यूम: ₹1299 से शुरू सभी प्रोडक्ट्स: 100% वेगन यानी अब ग्राहक स्टाइल के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी भी निभा सकते हैं। ऑनलाइन और स्टोर-दोनों जगह उपलब्ध यह पूरी रेंज भारत में H&M के स्टोर्स और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है, जिससे ग्राहक आसानी से अपनी पसंद के प्रोडक्ट्स खरीद सकते हैं। 10 साल पूरे होने का खास मौका यह लॉन्च H&M India के 10 साल पूरे होने के मौके पर किया गया है, जिससे ब्रांड ने फैशन के साथ ब्यूटी को जोड़ते हुए ग्राहकों के लिए एक नया अनुभव तैयार किया है।
बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड तक अपनी पहचान बना चुकीं प्रियंका चोपड़ा सिर्फ अपने अभिनय ही नहीं, बल्कि अपनी दमकती त्वचा के लिए भी जानी जाती हैं। उनकी “ग्लास स्किन” जैसी चमक के पीछे महंगे प्रोडक्ट्स ही नहीं, बल्कि घरेलू नुस्खे और अनुशासित लाइफस्टाइल का बड़ा योगदान है। घरेलू नुस्खों पर भरोसा प्रियंका चोपड़ा अक्सर बताती हैं कि उनकी स्किनकेयर का बड़ा हिस्सा उनकी मां और दादी के बताए पारंपरिक नुस्खों से आता है। राइस वॉटर + नारियल तेल मास्क: यह मिश्रण स्किन को टाइट करने और पोर्स को छोटा करने में मदद करता है इसे सोने से पहले कुछ मिनट के लिए लगाने की सलाह दी जाती है 6-स्टेप नाइट रूटीन प्रियंका अपनी त्वचा की देखभाल के लिए एक सख्त नाइट स्किनकेयर रूटीन फॉलो करती हैं। मेकअप हटाना डीप क्लीनिंग मॉइश्चराइजिंग स्किन को हाइड्रेट रखना साथ ही, वह नियमित रूप से प्रोफेशनल फेशियल भी करवाती हैं। हेल्दी ड्रिंक्स से आती है नेचुरल ग्लो प्रियंका की स्किनकेयर सिर्फ बाहर से नहीं, बल्कि अंदर से भी होती है। सौंफ, जीरा और धनिया का पानी: यह ड्रिंक पाचन सुधारता है और एसिडिटी कम करता है अदरक और शहद का शॉट: इम्यूनिटी बढ़ाने और गले की खराश दूर करने में मददगार अनोखा टिप भी किया शेयर एक बार प्रियंका ने मजाकिया अंदाज में बताया कि पैरों पर कच्चा लहसुन रगड़ने से सूजन कम हो सकती है। हालांकि, ऐसे उपाय अपनाने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना जरूरी है। क्यों खास है उनका तरीका? प्रियंका चोपड़ा का मानना है कि असली खूबसूरती अंदर से आती है। संतुलित आहार हेल्दी लाइफस्टाइल नियमित स्किनकेयर इन तीनों का मेल ही उनकी ग्लोइंग स्किन का असली राज है।
भारतीय घरों में सदियों से इस्तेमाल होने वाला उबटन आज भी स्किन केयर का अहम हिस्सा है, लेकिन बदलते समय और बढ़ते प्रदूषण के बीच अब क्ले मास्क जैसे मॉडर्न विकल्प तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं। सवाल यह है कि टैन हटाने के लिए आखिर कौन सा तरीका ज्यादा असरदार है-पारंपरिक उबटन या नए जमाने का क्ले मास्क? पारंपरिक उबटन: परंपरा और प्राकृतिक देखभाल उबटन भारतीय स्किन केयर का पारंपरिक तरीका रहा है, जिसमें बेसन, हल्दी, चंदन और दूध या गुलाब जल जैसे प्राकृतिक तत्वों का इस्तेमाल किया जाता है। फायदे: पूरी तरह प्राकृतिक और केमिकल-फ्री स्किन को ठंडक और हल्की एक्सफोलिएशन घर पर आसानी से तैयार कमियां: हर बार समान परिणाम नहीं मिलते बेसन के कण कुछ लोगों की त्वचा को रुखा या इरिटेट कर सकते हैं गहराई से जमा गंदगी और प्रदूषण हटाने में सीमित असर क्ले मास्क: मॉडर्न स्किन केयर का समाधान आज के समय में क्ले मास्क-खासतौर पर Kaolin और Bentonite जैसे क्ले से बने-शहरी जीवनशैली के लिए ज्यादा प्रभावी माने जाते हैं। फायदे: पोर्स की गहराई तक जाकर गंदगी, तेल और प्रदूषण साफ करते हैं कंट्रोल्ड एक्सफोलिएशन, जिससे स्किन को नुकसान नहीं होता Niacinamide और Vitamin C जैसे एक्टिव इंग्रीडिएंट्स से बेहतर रिजल्ट कमियां: कुछ मास्क ड्राई स्किन पर टाइट महसूस हो सकते हैं (हालांकि नए फॉर्मूले इसे कम करते हैं) कौन सा विकल्प आपकी स्किन के लिए बेहतर? ऑयली स्किन: क्ले मास्क बेहतर, क्योंकि यह एक्स्ट्रा ऑयल सोखता है ड्राई स्किन: हाइड्रेटिंग क्ले मास्क या मॉडर्न उबटन बेहतर सेंसिटिव स्किन: DIY उबटन से बचें, जेंटल क्ले मास्क चुनें कॉम्बिनेशन स्किन: क्ले मास्क सबसे संतुलित विकल्प डेली स्किन केयर क्यों जरूरी है? सिर्फ हफ्ते में एक बार मास्क लगाने से काम नहीं चलता। डेली: एक अच्छा डिटैन फेस वॉश स्किन को साफ और फ्रेश रखता है वीकली: क्ले मास्क डीप क्लीनिंग कर टैन हटाने में मदद करता है
आज के दौर में फैशन और स्टेटस का बड़ा हिस्सा बन चुके सनग्लासेस की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं। खासकर Designer Sunglasses की कीमत ₹10,000 से ₹25,000 तक पहुंच जाती है। लेकिन क्या यह ऊंची कीमत वास्तव में बेहतर क्वालिटी की गारंटी देती है? एक नया विश्लेषण बताता है कि महंगे सनग्लासेस की कीमत का बड़ा हिस्सा उनके ब्रांड, मार्केटिंग और रिटेल खर्च पर आधारित होता है-ना कि केवल उनकी असली क्वालिटी पर। Designer Sunglasses इतने महंगे क्यों होते हैं? हाई-एंड ब्रांड्स की कीमत कई फैक्टर्स से तय होती है: ब्रांड की ग्लोबल पहचान महंगे रिटेल स्टोर्स सेलिब्रिटी एंडोर्समेंट विज्ञापन और इंपोर्ट लागत विशेषज्ञों के मुताबिक, कई मामलों में असली प्रोडक्शन कॉस्ट कुल कीमत का छोटा हिस्सा होती है। यानी आप अक्सर “ब्रांड वैल्यू” के लिए ज्यादा भुगतान करते हैं। सनग्लास खरीदते समय क्या देखना चाहिए? अगर आप समझदारी से खरीदारी करना चाहते हैं, तो इन चीजों पर ध्यान देना जरूरी है: UV400 प्रोटेक्शन लेंस की क्लैरिटी और ग्लेयर कंट्रोल फ्रेम की मजबूती हिंग की क्वालिटी चेहरे पर सही फिट ध्यान रखें-ब्रांड नाम इन फीचर्स की गारंटी नहीं देता। Rawbare की पोजिशनिंग क्या है? Rawbare खुद को “Affordable Premium” कैटेगरी में रखता है। इसका फोकस ज्यादा ब्रांडिंग पर नहीं, बल्कि असली उपयोगिता और टिकाऊपन पर है। इसकी खास बातें: भारतीय धूप के हिसाब से UV प्रोटेक्शन रोज़ाना पहनने के लिए संतुलित फ्रेम मजबूत और लंबे समय तक चलने वाले हिंग मॉडर्न और सिंपल डिजाइन Wayfarer स्टाइल जैसे Quadra कलेक्शन ऑफिस, ट्रैवल और कैजुअल हर जगह फिट बैठते हैं। Designer vs Rawbare: कौन बेहतर? Designer Sunglasses: हाई ब्रांड वैल्यू लग्जरी एक्सपीरियंस महंगी कीमत Rawbare: किफायती कीमत रोज़मर्रा के इस्तेमाल के लिए मजबूत सिंपल और ट्रेंडी डिजाइन डायरेक्ट-टू-कस्टमर मॉडल
वीकेंड आते ही क्लबिंग का क्रेज युवाओं में तेजी से बढ़ जाता है। चाहे शुक्रवार की थकान मिटानी हो या शनिवार रात को दोस्तों के साथ धमाल करना-क्लब नाइट आज के लाइफस्टाइल का अहम हिस्सा बन चुकी है। लेकिन जहां पार्टी प्लान करना आसान होता है, वहीं पुरुषों के लिए सही आउटफिट चुनना अक्सर चुनौती बन जाता है। फैशन एक्सपर्ट्स का मानना है कि क्लबिंग के लिए कोई सख्त ड्रेस कोड नहीं है, लेकिन “शार्प और प्रेजेंटेबल” दिखना बेहद जरूरी है। सही आउटफिट न सिर्फ आपका कॉन्फिडेंस बढ़ाता है बल्कि आपको भीड़ में अलग पहचान भी दिलाता है। इसी को ध्यान में रखते हुए पेश हैं क्लब नाइट के लिए 10 बेहतरीन और ट्रेंडी आउटफिट कॉम्बिनेशन: 1. क्लासिक कैजुअल लुक Plain T-shirt + Blue Denim Jeans + White Sneakers यह सबसे आसान और स्टाइलिश कॉम्बिनेशन है। Vicky Kaushal की तरह सिंपल लेकिन स्मार्ट लुक अपनाएं। 2. स्मार्ट-कैजुअल स्टाइल Plain Henley Shirt + Denim Jeans + Loafers यह लुक कम्फर्ट और क्लास का परफेक्ट बैलेंस देता है। 3. लेयरिंग वाला ट्रेंडी लुक Shirt over T-shirt + Jeans + Sneakers यह स्टाइल आपको कूल और मॉडर्न वाइब देता है-डांस फ्लोर पर अलग पहचान बनाने के लिए परफेक्ट। 4. स्ट्राइप्ड एलिगेंस Stripe Shirt + Trousers + Boots यह आउटफिट थोड़ा फॉर्मल लेकिन बेहद स्टाइलिश है। Govinda के फैशन से प्रेरणा ली जा सकती है। 5. डेनिम ऑन डेनिम Denim Jacket + Denim Jeans + Formal Shoes यह ट्रेंड आज भी हिट है-क्लासिक और बोल्ड दोनों। 6. पैटर्न्ड शर्ट स्टाइल Patterned Shirt + Denim Jeans + Sneakers/Boots यह लुक आपको भीड़ में अलग और आकर्षक बनाता है। 7. मिक्स एंड मैच फैशन Plain T-shirt + Printed Shirt + Pants + Formal Shoes यह फ्यूजन स्टाइल क्लब के लिए परफेक्ट है-कैजुअल और फॉर्मल का बेहतरीन मिश्रण। 8. बॉम्बर जैकेट लुक Plain T-shirt + Bomber Jacket + Denim Jeans + Boots यह लुक आपको स्टाइलिश और एटीट्यूड से भरपूर दिखाता है। 9. लेदर जैकेट स्टाइल Plain T-shirt + Leather Jacket + Denim Jeans + Boots यह क्लासिक क्लब लुक है। Prateek Babbar जैसा रफ-टफ अंदाज अपनाएं। 10. फॉर्मल-फ्यूजन लुक Plain Shirt + Casual Blazer + Trousers + Formal Shoes अगर आप एलिगेंट दिखना चाहते हैं तो यह आउटफिट बेस्ट है।
खूबसूरत और चमकदार त्वचा पाने के लिए सिर्फ महंगे प्रोडक्ट्स काफी नहीं होते। असली ग्लो आपकी डाइट से आता है। अगर आप सही ड्रिंक्स को अपनी रोज़ाना दिनचर्या में शामिल करें, तो आपकी स्किन अंदर से हेल्दी और चमकदार बन सकती है। आइए जानते हैं 5 ऐसे ड्रिंक्स जो आपकी त्वचा को नेचुरल ग्लो देंगे 1. गाजर + चुकंदर का जूस — नेचुरल ग्लो बूस्टर यह जूस स्किन के लिए सुपरफूड जैसा है। चुकंदर खून साफ करता है गाजर में मौजूद बीटा-कैरोटीन स्किन को डैमेज से बचाता है चेहरे पर गुलाबी निखार लाता है 2. एलोवेरा जूस — स्किन हीलिंग ड्रिंक एलोवेरा स्किन के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। मुंहासे और ड्रायनेस कम करता है स्किन को हाइड्रेट रखता है अंदर से हीलिंग करता है 3. खीरे का जूस — कूलिंग और डिटॉक्स ड्रिंक गर्मियों में यह सबसे बेस्ट ड्रिंक है। स्किन को ठंडक देता है सूजन और डार्क सर्कल कम करता है बॉडी को डिटॉक्स करता है 4. अनार का जूस — एंटी-एजिंग सीक्रेट अनार एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है। एजिंग के लक्षण कम करता है ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाता है स्किन को टाइट और यंग बनाता है 5. टमाटर का जूस — नेचुरल सन प्रोटेक्शन टमाटर में लाइकोपीन होता है, जो स्किन को सूरज से बचाता है। स्किन की इलास्टिसिटी बढ़ाता है झुर्रियों को कम करने में मदद करता है इन बातों का रखें ध्यान हमेशा ताजा जूस ही पिएं जूस में चीनी न डालें सुबह खाली पेट या नाश्ते के साथ लें
गर्मियों ने दस्तक दे दी है और मार्च से ही तेज धूप ने हाल बेहाल कर दिया है। ऐसे में सिर्फ स्टाइल नहीं, बल्कि सही रंग के कपड़े चुनना भी बेहद जरूरी हो जाता है। वैज्ञानिक तौर पर भी यह साबित है कि रंग शरीर के तापमान को प्रभावित करते हैं—कुछ रंग गर्मी को सोखते हैं, तो कुछ उसे रिफ्लेक्ट करते हैं। आइए जानते हैं गर्मियों के लिए 5 ऐसे कूल कलर्स, जो आपको स्टाइलिश भी बनाएंगे और ठंडक भी देंगे 1. सफेद (White) — गर्मियों का किंग सफेद रंग सूरज की किरणों को रिफ्लेक्ट करता है, जिससे शरीर कम गर्म होता है। कॉटन या लिनन की सफेद शर्ट/कुर्ता बेस्ट ऑप्शन है सिंपल, क्लासी और सबसे कूल 2. आसमानी नीला (Sky Blue) — फ्रेश और कूल लुक हल्का नीला रंग आंखों को ठंडक देता है और कम गर्मी सोखता है। हर स्किन टोन पर सूट करता है ऑफिस और कैजुअल दोनों के लिए परफेक्ट 3. बेबी पिंक (Pastel Pink) — सॉफ्ट और ट्रेंडी पेस्टल पिंक न ज्यादा चमकता है, न ज्यादा गर्मी सोखता है। आउटडोर इवेंट्स के लिए बेस्ट ट्रेंडी और एलिगेंट लुक देता है 4. मिंट ग्रीन (Mint Green) — नेचुरल कूलिंग यह रंग आंखों और दिमाग को ठंडक देता है। पसीने के दाग भी कम दिखते हैं कॉलेज और ऑफिस दोनों के लिए शानदार 5. हल्का पीला (Light Yellow) — ब्राइट और एनर्जेटिक नींबू जैसा हल्का पीला रंग गर्मी को रिफ्लेक्ट करता है। आपको फ्रेश और वाइब्रेंट दिखाता है समर वाइब्स के लिए परफेक्ट इन रंगों से करें परहेज काला (Black) नेवी ब्लू डार्क ब्राउन ये रंग ज्यादा गर्मी सोखते हैं, जिससे पसीना और बेचैनी बढ़ती है एक्स्ट्रा समर फैशन टिप्स फैब्रिक का ध्यान रखें: कॉटन, लिनन, शिफॉन पहनें लूज फिटिंग चुनें: हवा का वेंटिलेशन बना रहेगा लाइट कलर्स को प्राथमिकता दें
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।