Samsung India के प्रीमियम फ्लैगशिप स्मार्टफोन Samsung Galaxy S26 Ultra पर बड़ा प्राइस कट देखने को मिला है। लॉन्च के कुछ समय बाद ही इस हाई-एंड स्मार्टफोन की कीमत में भारी कमी की गई है। बैंक ऑफर्स और इंस्टैंट कैशबैक जोड़ने के बाद इसकी प्रभावी कीमत और भी कम हो रही है। ऐसे में जो यूजर्स लंबे समय से Samsung की Ultra सीरीज खरीदने का इंतजार कर रहे थे, उनके लिए यह डील काफी आकर्षक मानी जा रही है। लॉन्च कीमत से 9 हजार रुपये तक सस्ता Samsung Galaxy S26 Ultra को भारत में 1,39,999 रुपये की शुरुआती कीमत पर लॉन्च किया गया था। अब इसका 256GB वेरिएंट Vijay Sales पर 1,30,999 रुपये में लिस्ट किया गया है। यानी लॉन्च प्राइस की तुलना में सीधे 9 हजार रुपये तक की कटौती देखने को मिल रही है। इसके अलावा चुनिंदा बैंक कार्ड्स पर 4,500 रुपये तक का इंस्टैंट कैशबैक भी दिया जा रहा है। इस ऑफर के बाद इसकी प्रभावी कीमत करीब 1,26,999 रुपये तक पहुंच सकती है। हालांकि अंतिम कीमत बैंक ऑफर, स्टॉक और शहर के हिसाब से अलग हो सकती है। प्रीमियम डिस्प्ले और डिजाइन फोन में 6.9 इंच का Dynamic LTPO AMOLED 2X डिस्प्ले दिया गया है, जो 120Hz रिफ्रेश रेट सपोर्ट करता है। इससे स्क्रॉलिंग, वीडियो और गेमिंग का एक्सपीरियंस काफी स्मूद हो जाता है। पतले बेजल्स और बड़ी स्क्रीन इसे प्रीमियम लुक देते हैं। कंपनी ने इस बार फोन में प्राइवेसी डिस्प्ले फीचर भी जोड़ा है, जिससे आसपास बैठे लोग स्क्रीन पर मौजूद निजी कंटेंट आसानी से नहीं देख पाते। Snapdragon 8 Elite Gen 5 से दमदार परफॉर्मेंस Qualcomm Snapdragon 8 Elite Gen 5 प्रोसेसर के साथ आने वाला यह स्मार्टफोन कंपनी के सबसे पावरफुल एंड्रॉयड फोन्स में गिना जा रहा है। फोन 16GB तक रैम सपोर्ट के साथ आता है, जिससे मल्टीटास्किंग, हाई-एंड गेमिंग और AI फीचर्स का अनुभव बेहतर हो जाता है। 200MP कैमरा बना सबसे बड़ा आकर्षण इस फ्लैगशिप फोन का कैमरा सेटअप इसकी सबसे बड़ी खासियतों में शामिल है। इसमें 200MP का प्राइमरी कैमरा दिया गया है। इसके अलावा 10MP टेलीफोटो और 50MP पेरिस्कोप कैमरा भी मिलता है। लो-लाइट फोटोग्राफी, 8K वीडियो रिकॉर्डिंग और AI कैमरा फीचर्स इसे कंटेंट क्रिएटर्स और मोबाइल फोटोग्राफी पसंद करने वालों के लिए खास बनाते हैं। प्राइस कट के बाद Galaxy S26 Ultra एक बार फिर प्रीमियम एंड्रॉयड स्मार्टफोन सेगमेंट में चर्चा का केंद्र बन गया है।
गर्मी के मौसम में नया स्मार्टफोन, AC, टीवी या होम अप्लायंस खरीदने की योजना बना रहे ग्राहकों के लिए बड़ी खबर है। Amazon India ने अपनी Summer Sale शुरू कर दी है, जिसमें प्रीमियम स्मार्टफोन्स, मोबाइल एक्सेसरीज, AC, फ्रिज और कई इलेक्ट्रॉनिक प्रोडक्ट्स पर भारी डिस्काउंट दिया जा रहा है। खास बात यह है कि कई फ्लैगशिप डिवाइसेज अपनी लॉन्च कीमत से काफी कम दाम में उपलब्ध हैं। बैंक ऑफर्स, एक्सचेंज बोनस और नो-कॉस्ट EMI जैसी सुविधाओं ने इन डील्स को और भी आकर्षक बना दिया है। Samsung Galaxy S25 Ultra पर बड़ी कीमत कटौती इस सेल में सबसे ज्यादा चर्चा Samsung Galaxy S25 Ultra की हो रही है। यह प्रीमियम फ्लैगशिप स्मार्टफोन पिछले साल करीब ₹1.30 लाख की कीमत में लॉन्च हुआ था, लेकिन अब इसे लगभग ₹94 हजार तक में खरीदा जा सकता है। बैंक डिस्काउंट और अन्य ऑफर्स के बाद यह डील प्रीमियम एंड्रॉयड स्मार्टफोन खरीदने वालों के लिए काफी आकर्षक मानी जा रही है। स्मार्टफोन और मोबाइल एक्सेसरीज पर भी शानदार ऑफर्स सेल के दौरान Samsung, realme, Redmi और Vivo जैसे ब्रांड्स के स्मार्टफोन्स पर भी अच्छी छूट मिल रही है। इसके अलावा मोबाइल एक्सेसरीज पर 40 प्रतिशत तक का डिस्काउंट दिया जा रहा है। चार्जर, ईयरबड्स, पावर बैंक और मोबाइल कवर जैसे प्रोडक्ट्स कम कीमत में उपलब्ध हैं। गेमिंग और कंटेंट क्रिएशन से जुड़े गैजेट्स पर भी ऑफर्स मिल रहे हैं। AC, फ्रिज और टीवी खरीदने का मौका गर्मी बढ़ने के साथ एयर कंडीशनर और कूलिंग प्रोडक्ट्स की मांग भी तेजी से बढ़ रही है। Summer Sale में विंडो और स्प्लिट AC दोनों कैटेगरी में बड़े ऑफर्स दिए जा रहे हैं। इसके अलावा स्मार्ट टीवी, फ्रिज और किचन अप्लायंसेज पर भी कीमतों में कटौती की गई है। कई प्रोडक्ट्स पर नो-कॉस्ट EMI और एक्सचेंज ऑफर भी मिल रहे हैं, जिससे ग्राहक कम बजट में अपग्रेड कर सकते हैं। बैंक ऑफर और कैशबैक से अतिरिक्त बचत Amazon India इस सेल में चुनिंदा बैंक कार्ड्स पर 10 प्रतिशत तक का इंस्टेंट कैशबैक भी दे रहा है। इससे ग्राहकों को डिस्काउंट के ऊपर अतिरिक्त बचत का मौका मिल रहा है। कई प्रोडक्ट्स पर एक्सचेंज बोनस भी दिया जा रहा है, जिससे पुराने डिवाइस देकर नया प्रोडक्ट कम कीमत में खरीदा जा सकता है। Dashcam और गैजेट्स पर भी भारी छूट इस बार की सेल में Dashcam जैसे ऑटोमोबाइल गैजेट्स पर भी शानदार डील्स मिल रही हैं। कंपनी के मुताबिक कुछ Dashcam मॉडल्स पर 60 प्रतिशत तक की छूट दी जा रही है। कार यूजर्स, ट्रैवल व्लॉगर्स और रोड ट्रिप पसंद करने वालों के बीच इन गैजेट्स की मांग लगातार बढ़ रही है, ऐसे में यह ऑफर काफी लोगों को आकर्षित कर सकता है।
महंगे फ्लैगशिप स्मार्टफोन खरीदने का इंतजार कर रहे ग्राहकों के लिए बड़ी खबर है। Flipkart अपनी Sasa Lele Sale के दौरान iPhone 17 Pro Max पर भारी छूट दे रहा है। बैंक ऑफर्स और कैशबैक को मिलाकर इस प्रीमियम iPhone की प्रभावी कीमत करीब ₹1.09 लाख तक पहुंच सकती है। बढ़ती लागत और RAM सप्लाई से जुड़ी चुनौतियों के बीच फ्लैगशिप स्मार्टफोन्स पर इतने बड़े ऑफर्स कम देखने को मिल रहे हैं। ऐसे में यह सेल iPhone खरीदने की योजना बना रहे ग्राहकों के लिए खास अवसर मानी जा रही है। शुरू हो चुकी है Sasa Lele Sale Flipkart की Sasa Lele Sale शुरू हो चुकी है। शुरुआती चरण में केवल Flipkart Plus और Black मेंबर्स को अर्ली एक्सेस दिया गया है, जबकि बाकी यूजर्स 9 मई 2026 से इन ऑफर्स का फायदा उठा सकेंगे। सेल में कई प्रीमियम स्मार्टफोन्स पर डील्स मिल रही हैं, लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा iPhone 17 Pro Max के ऑफर को लेकर हो रही है। कितनी कम हुई कीमत? iPhone 17 Pro Max की लॉन्च कीमत ₹1,34,900 थी, लेकिन सेल के दौरान इसकी शुरुआती कीमत ₹1,19,900 रखी गई है। अगर ग्राहक Flipkart Axis Bank Credit Card से पेमेंट करते हैं, तो ₹6,000 का इंस्टेंट डिस्काउंट मिलेगा। इसके बाद कीमत घटकर ₹1,13,900 रह जाएगी। इसके अलावा ₹4,000 तक का अतिरिक्त कैशबैक भी दिया जा रहा है। यानी सभी ऑफर्स के बाद फोन की प्रभावी कीमत करीब ₹1,09,900 तक पहुंच सकती है। क्यों खास माना जा रहा है यह iPhone? iPhone 17 Pro Max को Apple Inc. का सबसे प्रीमियम स्मार्टफोन माना जा रहा है। इसमें 6.9 इंच का बड़ा डिस्प्ले मिलता है, जो Ceramic Shield 2 प्रोटेक्शन के साथ आता है। कंपनी के मुताबिक यह पहले के मुकाबले ज्यादा स्क्रैच-रेसिस्टेंट है। फोन में नया A19 Pro चिपसेट दिया गया है, जो गेमिंग और हैवी यूसेज के दौरान बेहतर थर्मल मैनेजमेंट और तेज परफॉर्मेंस देता है। इसी वजह से इसे कई Android फ्लैगशिप्स का मजबूत प्रतिद्वंद्वी माना जा रहा है। कैमरा फीचर्स भी हैं दमदार iPhone 17 Pro Max में ट्रिपल 48MP रियर कैमरा सेटअप दिया गया है। सभी कैमरे Apple Fusion टेक्नोलॉजी के साथ आते हैं। मुख्य कैमरा लो-लाइट फोटोग्राफी में बेहतर रिजल्ट देता है, जबकि टेलीफोटो और अल्ट्रा-वाइड कैमरे अच्छी डिटेल कैप्चर करने में सक्षम हैं। वीडियो रिकॉर्डिंग के मामले में भी इसे बाजार के सबसे मजबूत स्मार्टफोन्स में गिना जा रहा है। क्या यह सही समय है खरीदारी का? स्मार्टफोन बाजार में लगातार बढ़ती कीमतों के बीच इस तरह का बड़ा डिस्काउंट कम ही देखने को मिलता है। खासकर उन ग्राहकों के लिए जो लंबे समय से Pro Max सीरीज खरीदने का इंतजार कर रहे थे, यह सेल काफी आकर्षक साबित हो सकती है। हालांकि ऑफर्स सीमित समय के लिए हैं, इसलिए खरीदारी से पहले बैंक ऑफर्स, एक्सचेंज डील्स और स्टॉक उपलब्धता जरूर चेक कर लें।
गर्मी अपने चरम पर पहुंचने के साथ ही ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म Amazon ने ग्राहकों के लिए बड़ी राहत का ऐलान किया है। कंपनी की बहुप्रतीक्षित Summer Sale 8 मई 2026 से शुरू होने जा रही है, जिसमें कूलिंग अप्लायंसेज से लेकर इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स तक पर जबरदस्त डिस्काउंट मिलेगा। कंपनी का दावा है कि कई प्रोडक्ट्स पर 70% तक की छूट दी जाएगी, जिससे ग्राहकों को कम बजट में बड़ी खरीदारी का मौका मिलेगा। कब से शुरू होगी सेल और क्या है खास? Amazon Summer Sale 8 मई से लाइव होगी और इसके लिए प्लेटफॉर्म पर पहले ही बैनर जारी कर दिया गया है। इस सेल की सबसे बड़ी खासियत सिर्फ भारी डिस्काउंट ही नहीं, बल्कि बैंक ऑफर्स, एक्सचेंज डील्स और नो-कॉस्ट EMI जैसे विकल्प भी हैं। खास कार्ड्स पर अतिरिक्त छूट मिलने से कुल कीमत और कम हो सकती है। AC, फ्रिज और TV पर सबसे ज्यादा फायदा गर्मी के मौसम में एयर कंडीशनर, रेफ्रिजरेटर और स्मार्ट टीवी की डिमांड सबसे ज्यादा रहती है। इस सेल के दौरान: एसी और फ्रिज पर भारी कीमत कटौती बड़े ब्रांड्स के स्मार्ट टीवी पर आकर्षक ऑफर्स एक्सचेंज और EMI ऑप्शन से आसान खरीदारी इससे उपभोक्ताओं को घर बैठे ही किफायती दाम में जरूरी अप्लायंसेज खरीदने का मौका मिलेगा। स्मार्टफोन और लैपटॉप पर भी तगड़ी डील यह सेल सिर्फ होम अप्लायंसेज तक सीमित नहीं है। प्रीमियम स्मार्टफोन्स पर भी अच्छी छूट मिलने की उम्मीद Intel और ASUS जैसे ब्रांड्स के लैपटॉप पर 35% तक डिस्काउंट स्टूडेंट्स और वर्क फ्रॉम होम यूजर्स के लिए शानदार मौका पार्टी स्पीकर और छोटे गैजेट्स भी सस्ते म्यूजिक और एंटरटेनमेंट पसंद करने वालों के लिए भी यह सेल खास रहने वाली है। पार्टी स्पीकर्स पर 70% तक छूट हेडफोन, ईयरबड्स और अन्य एक्सेसरीज पर भी शानदार डील्स खरीदारी से पहले रखें ये ध्यान सेल के दौरान जल्दबाजी में खरीदारी करना नुकसानदेह हो सकता है। बेहतर होगा कि: प्रोडक्ट की प्राइस हिस्ट्री जरूर चेक करें यूजर रिव्यू और रेटिंग देखें बैंक ऑफर्स और कूपन को समझें लिमिटेड टाइम डील्स पर नजर रखें क्यों है यह सेल खास? Amazon की यह Summer Sale ऐसे समय पर आ रही है जब देशभर में तापमान तेजी से बढ़ रहा है और कूलिंग प्रोडक्ट्स की मांग चरम पर है। ऐसे में यह सेल न सिर्फ ग्राहकों को राहत देगी, बल्कि कम कीमत में बेहतर प्रोडक्ट्स खरीदने का शानदार मौका भी देगी।
भारत के प्रीमियम स्मार्टफोन बाजार में चीनी कंपनी Xiaomi ने अपनी नई फ्लैगशिप सीरीज़ Xiaomi 17 और Xiaomi 17 Ultra की बिक्री आधिकारिक तौर पर शुरू कर दी है। यह सीरीज़ 11 मार्च को भारत में लॉन्च हुई थी, जो इसके ग्लोबल डेब्यू के करीब एक हफ्ते बाद आया। दोनों स्मार्टफोन्स में लेटेस्ट Qualcomm का फ्लैगशिप प्रोसेसर Snapdragon 8 Elite Gen 5 दिया गया है, जो हाई-एंड परफॉर्मेंस और एआई-ड्रिवन फीचर्स के लिए जाना जाता है। खास बात यह है कि इन डिवाइसेज़ में Leica के साथ मिलकर तैयार किए गए कैमरा सिस्टम दिए गए हैं, जो मोबाइल फोटोग्राफी को एक नया स्तर देते हैं। कीमत और वेरिएंट्स Xiaomi 17 की भारत में शुरुआती कीमत 89,999 रुपये रखी गई है, जिसमें 12GB RAM और 256GB स्टोरेज मिलता है। वहीं, 512GB स्टोरेज वेरिएंट की कीमत 99,999 रुपये है। यह फोन Black, Ice Blue और Venture Green रंगों में उपलब्ध है। दूसरी ओर, Xiaomi 17 Ultra की कीमत 1,39,999 रुपये है, जिसमें 16GB RAM और 512GB स्टोरेज का सिंगल वेरिएंट मिलता है। यह Black और White कलर ऑप्शन में आता है। ग्राहक इन स्मार्टफोन्स को Amazon, Xiaomi की आधिकारिक वेबसाइट और देशभर के रिटेल स्टोर्स से खरीद सकते हैं। ऑफर्स और डिस्काउंट लॉन्च ऑफर्स के तहत Xiaomi 17 Ultra पर 10,000 रुपये का इंस्टेंट डिस्काउंट दिया जा रहा है, जिससे इसकी प्रभावी कीमत 1,29,999 रुपये हो जाती है। इसके अलावा 9 महीने तक का नो-कॉस्ट EMI ऑप्शन भी उपलब्ध है, जिसकी शुरुआत 14,444 रुपये प्रति माह से होती है। Xiaomi 17 पर “Never Run Out” ऑफर के तहत ग्राहक 512GB वेरिएंट को 256GB की कीमत पर खरीद सकते हैं, जो एक आकर्षक डील मानी जा रही है। एक्स्ट्रा बेनिफिट्स और सब्सक्रिप्शन इस सीरीज़ के साथ कई प्रीमियम सब्सक्रिप्शन ऑफर्स भी दिए जा रहे हैं, जिनमें शामिल हैं: 4 महीने का Spotify Premium 3 महीने का YouTube Premium 3 महीने का Google AI Pro सब्सक्रिप्शन Reliance Jio यूजर्स के लिए 31,500 रुपये तक के बेनिफिट्स प्री-बुकिंग के दौरान कंपनी ने 19,999 रुपये कीमत का Xiaomi Professional Photography Kit Pro भी मुफ्त में ऑफर किया था, जो 13 से 17 मार्च तक सीमित रहा। स्पेसिफिकेशन हाइलाइट्स Xiaomi 17 Ultra में 6.9-इंच का बड़ा डिस्प्ले दिया गया है और यह Snapdragon 8 Elite Gen 5 प्रोसेसर से लैस है। इसमें 50MP फ्रंट कैमरा और ट्रिपल रियर कैमरा सेटअप (50MP + 200MP + 50MP) मिलता है, जिसमें Leica का 1-इंच LOFIC सेंसर शामिल है। फोन में 6,800mAh की बड़ी बैटरी दी गई है और यह लेटेस्ट Android 16 ऑपरेटिंग सिस्टम पर चलता है।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।