मेष राशि : चू, चे, चो, ल, ली, लू, ले, लो,अ।आपका सकारात्मक रुख़ आपके आसपास के लोगों को प्रभावित करेगा। आज किसी करीबी से आपका झगड़ा हो सकता है और बात कोर्ट कचहरी तक जा सकती है। जिसकी वजह से आपका अच्छा खास धन खर्च हो सकता है। अगर आप सामूहिक गतिविधियों में हिस्सा लेंगे, तो आप नए दोस्त बना सकते हैं। रोमांस का मौसम है। लेकिन अपने जज़्बात क़ाबू में रखें, नहीं तो रिश्ते में खटास पैदा हो सकती है। ऐसे काम हाथ में लें, जो रचनात्मक प्रकृती के हैं। वक्त से बढ़कर कुछ नहीं होता। इसलिए आप वक्त का सदुपयोग करते हैं लेकिन कई बार आपको जीवन को लचीला बनाने की जरुरत भी होती है और अपने घर परिवार के साथ समय बिताने की जरुरत होती है। जीवनसाथी की वजह से आपको अनमने ढंग से बाहर जाना पड़ सकता है, जो बाद में आपकी झल्लाहट की वजह बनेगा।
उपाय :- घर में मछलियों का एक्वेरियम रखें जिसमे 1 काली व 10 गोल्डन मछलियाँ हों, इससे प्रेम सम्बन्ध प्रगाढ़ होंगे।
वृषभ राशि : इ, उ, ए, ओ, ब, बी ,बू, बे ,बो।आज के दिन आप काम को अलग रखकर थोड़ा आराम करें और कुछ ऐसा करें जिसमें आपकी दिलचस्पी हो। अपने जीवनसाथी के साथ मिलकर आज आप भविष्य के लिए कोई आर्थिक योजना बना सकते हैं और उम्मीद है कि यह योजना सफल भी होगी। आज आपका ऊर्जा से भरपूर, ज़िंदादिल और गर्मजोशी से भरा व्यवहार आपके आस-पास के लोगों को ख़ुश कर देगा। रोमांस के लिहाज़ से रोमांचक दिन है। शाम के लिए कोई ख़ास योजना बनाएँ और जितना हो सके, इसे उतना रुमानी बनाने की कोशिश करें। आपकी अन्दरूरनी ताक़त कार्यक्षेत्र में दिन को बेहतर बनाने में मददगार साबित होगी। यात्रा और भ्रमण वग़ैरह न सिर्फ़ आनन्ददायक सिद्ध होंगे, बल्कि काफ़ी शिक्षाप्रद भी रहेंगे। थोड़ी-सी कोशिश करें तो यह दिन आपके वैवाहिक जीवन के सबसे विशेष दिनों में से एक हो सकता है।
उपाय :- सुबह उठते ही ज़मीन पर पाँव रखने से पहले भूमि (क्योंकि मंगल भूमिपुत्र है) को प्रणाम करने से नौकरी/ बिज़नेस में तरक्की होगी।
मिथुन राशि : का,की , कु, घ, ङ ,छ, के, को, ह।कुछ ऐसी घटनाएँ आपकी परेशानी का कारण बन सकती हैं, जिन्हें टालना मुमकिन न हो। लेकिन आप ख़ुद को शांत बनाए रखें और हालात से निपटने के लिए तुरंत प्रतिक्रिया न करें। बिना किसी अनुभवी शख्स की सलाह के आज ऐसा कोई भी काम न करें जिससे आपको आर्थिक हानि हो। ऐसा लगता है कि पारिवारिक-मोर्चे पर आप ज़्यादा ख़ुश नहीं हैं और कुछ अड़चनों का सामना कर रहे हैं। आपका महबूब आज आपको बड़ी ख़ूबसूरती से कुछ ख़ास करके चौंका सकता है। चीज़ें कार्यक्षेत्र में बेहतर नज़र आती हैं। पूरे दिन आपका मिज़ाज बढ़िया रहेगा। अगर आप अपने घर से बाहर रहकर अध्ययन या नौकरी करते हैं तो आज के दिन आप खाली समय में अपने घर वालों से बात कर सकते हैं। घर की किसी खबर को सुनकर आप भावुक भी हो सकते हैं। आपको अपने जीवनसाथी की ओर से ख़ास तोहफ़ा मिल सकता है।
उपाय :- पक्षियों को सतनाजा खिलाने से स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।
कर्क राशि : ही, हू, हे, हो, डा, डी ,डू, डे,डो।अपने दिन की शुरुआत कसरत से करें- यही वक़्त है जब आप अपने बारें में अच्छा महसूस करने की शुरुआत कर सकते हैं- इसे अपनी दिनचर्या में शामिल करें और नियमित रखने की कोशिश करें। आज आपको अपने भाई या बहन की मदद से धन लाभ होने की संभावना है। परिवार के सदस्यों का आपके जीवन में विशेष महत्व होगा। आपकी आँखें इतनी चमकीली हैं कि वे आपके प्रिय की अंधेरी रात को भी रोशन कर सकती हैं। कार्यक्षेत्र में आपके सामने नई चुनौतियाँ आएंगी- ख़ास तौर पर अगर आप कूटनीतिक तरीक़े से चीज़ों को नहीं इस्तेमाल करेंगे तो। टीवी, मोबाईल का इस्तेमाल गलत नहीं है लेकिन आवश्यकता से अधिक इनका उपयोग आपके जरुरी समय को खराब कर सकता है। अपने जीवनसाथी के चलते आप महसूस करेंगे कि स्वर्ग धरती पर ही है।
उपाय :- सुबह उठते ही ज़मीन पर पाँव रखने से पहले भूमि (क्योंकि मंगल भूमिपुत्र है) को प्रणाम करने से नौकरी/ बिज़नेस में तरक्की होगी।
सिंह राशि : मा, मी, मू, में, म़ो, ट, टी, टू, टे।अपने मानसिक स्वास्थ्य पर ध्यान दें, जो आध्यात्मिक जीवन के लिए आवश्यक है। मस्तिष्क जीवन का द्वार है, क्योंकि अच्छा-बुरा सब-कुछ इसी के माध्यम से आता है। यही ज़िंदगी की समस्याएँ दूर करने में सहायक सिद्ध होता है और सही सोच से इंसान को आलोकित करता है। आपकी कोई पुरानी बीमारी आज आपको परेशान कर सकती है जिसकी वजह से आपको हॉस्पिटल भी जाना पड़ सकता है और आपका काफी धन भी खर्च हो सकता है। विद्यालय का काम पूरा करने के लिए बच्चे आपसे मदद ले सकते हैं। शाम को प्रिय के साथ रोमांटिक मुलाक़ात और साथ में कहीं लज़ीज़ खाना खाने के लिहाज़ से बढ़िया दिन है। आपका आत्मविश्वास आपकी पेशेवर ज़िंदगी में ख़ास असर छोड़ेगा। यह दूसरों को आपका नज़रिया समझाने और उनकी मदद हासिल करने में कारगर रहेगा। अगर कहीं बाहर जाने की योजना है तो वह आख़िरी वक़्त पर टल सकती है। जीवनसाथी के साथ थोड़ा हँसी-मज़ाक़, थोड़ी छेड़-छाड़ आपको किशोरावस्था के दिनों की याद दिला देंगे।
उपाय :- फिटकरी से दाँत साफ़ करना आर्थिक स्थिति को मजबूत करेगा।
कन्या राशि : टो,पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, प़ो।किसी संत पुरुष का आशीर्वाद मानसिक शान्ति प्रदान करेगा। चंद्र की स्थिति की वजह से आज आपका धन बेवजह की चीजों पर खर्च हो सकता है। अगर आपको धन संचय करके रखना है तो अपने जीवनसाथी या माता पिता से इस बारे में बात करें। शाम का ज़्यादातर समय मेहमानों के साथ गुज़रेगा। आज आपके और आपके प्यार के बीच कोई आ सकता है। कामकाज के मोर्चे पर आपकी कड़ी मेहनत ज़रूर रंग लाएगी। आज आपको अचानक किसी अनचाही यात्रा पर जाना पड़ सकता है जिसकी वजह से घरवालों के साथ समय बिताने का आपका प्लान खराब हो सकता है। कोई व्यक्ति आपके जीवनसाथी में काफ़ी दिलचस्पी दिखा सकता है, लेकिन दिन के आख़िर तक आपको एहसास होगा कि इसमें कुछ ग़लत नहीं है।
उपाय :- बाहर जाते समय केसर या हल्दी का तिलक मस्तक पर करना आर्थिक स्थिति को सुधारेगा।
तुला राशि : रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते।बहुत ज़्यादा तनाव और चिंता करने की आदत सेहत को नुक़सान पहुँचा सकती है। जिन लोगों को आप जानते हैं, उनके ज़रिए आपको आमदनी के नए स्रोत मिलेंगे। एक ख़ुशनुमा और बढ़िया शाम के लिए आपका घर मेहमानों से भर सकता है। आपकी मुलाक़ाता एक ऐसे दोस्त से होगी, जिसे आपका ख़याल है और जो आपको समझता भी है। अगर आपको लगता है कि आप दूसरों की मदद के बिना महत्वपूर्ण कामों को कर सकते हैं, तो आपकी सोच काफ़ी ग़लत है। आज जीवनसाथी के साथ समय बिताने के लिए आपके पास पर्याप्त समय होगा। आपके प्रेम को देखकर आज आपका प्रेमी गदगद हो जाएगा। अपने जीवनसाथी के चलते आप महसूस करेंगे कि स्वर्ग धरती पर ही है।
उपाय :- शरीर पर किसी भी तरह चाँदी धारण करने से स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।
वृश्चिक राशि : तो,न, नी, नू, ने, नो, या, यी , यु।मौज-मस्ती की यात्राएं और सामाजिक मेलजोल आपको ख़ुश रखेंगे और सुकून देंगे। नए क़रार फ़ायदेमंद दिख सकते हैं, लेकिन वे उम्मीद के मुताबिक़ लाभ नहीं पहुँचाएंगे। निवेश करते समय जल्दबाज़ी में निर्णय न लें। आप अपने बच्चों से कुछ सबक़ सीखने वाले हैं। उनकी मासूमियत उनके आस-पास के लोगों में स्नेह व उत्साह के बल पर औरों में बदलाव ला सकती है। आज आपको निराशा हाथ लग सकती है, क्योंकि मुमकिन है कि आप अपने प्रिय के साथ सैर-सपाटे पर न जा पाएँ। दफ़्तर में आपको पता लग सकता है कि जिसे आप अपना दुश्मन समझते थे, वह दरअस्ल आपका शुभचिंतक है। जीवन की पेचीदिगियों को समझने के लिए आज घर के किसी वरिष्ठ शख्स के साथ आप वक्त गुजार सकते हैं। किसी ख़बसूरत याद के कारण आपके और आपके जीवनसाथी के बीच की अनबन रुक सकती है। इसलिए वाद-विवाद की हालत में पुराने दिनों की यादों को ताज़ा करना न भूलें।
उपाय :- हनुमान मंदिर में बादाम चढ़ाएं व आधे बादाम वापिस लाकर लॉकर में रखने से आर्थिक स्थिति अच्छी रहेगी।
धनु राशि : ये,यो, भा, भी,, भू, ध,फ, ढ़, भे।आपको आज महत्वपूर्ण निर्णय लेने होंगे, जिसके चलते आपको तनाव और बेचैनी का सामना करना पड़ सकता है। व्यापारियों को आज व्यापार में घाटा हो सकता है और अपने व्यापार को बेहतर बनाने के लिए आपको पैसा खर्च करना पड़ सकता है। कुछ समय आप अपने शौक़ और अपने परिवार वालों की मदद में भी ख़र्च कर सकते हैं। मुहब्बत और रोमांस आपको ख़ुशमिज़ाज रखेगे। दोस्त आपको तारीफ़ से सराबोर कर देंगे, क्योंकि आप बहुत कठिन काम पूरा करने में क़ामयाब रहेंगे। कोई आध्यात्मिक गुरू या बड़ा आपकी सहायता कर सकता है। रोमानी गाने, महकती मोमबत्तियाँ, लज़ीज़ खाना और पेय - यह दिन आपके और आपके जीवनसाथी के लिए ही बना है।
उपाय :- हरे रंग के कपड़े पहनें।
मकर राशि : भो,ज, जी,जू,जे जो, खी,खू, खे, खो, गा, गी।अपना मूड बदलने के लिए सामाजिक मेलजोल का सहारा लें। धन से जुड़ा कोई मसला आज हल हो सकता है और आपको धन लाभ हो सकता है। अगर आप अपने आकर्षण और होशियारी का इस्तेमाल करें, तो लोगों से मनचाहा व्यवहार पा सकते हैं। मुहब्बत और रोमांस आपको ख़ुशमिज़ाज रखेगे। दफ़्तर की राजनीति हो या फिर कोई विवाद, चीज़ें आपके पक्ष में झुकी नज़र आएंगी। व्यस्त दिनचर्या के बावजूद भी आज आप अपने लिए समय निकालपाने में सक्षम होंगे। खाली वक्त में आज कुछ रचनात्मक कर सकते हैं। आज के दिन कुछ भी करने के लिए अपने साथी पर दबाव न डाले, अन्यथा आपके दिलों में दूरियां आ सकती हैं।
उपाय :- लाल या भूरे रंग की गाय को रोटी में गुड़ रखकर खिलाने से लव लाइफ अच्छी रहेगी।
कुम्भ राशि : गू, गे, गो, सा, सि, सू, से, सो, द।व्यस्त दिनचर्या के बावजूद स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। फ़ौरी तौर पर मज़े लेने की अपनी प्रवृत्ति पर क़ाबू रखें और मनोरंजन पर ज़रूरत से ज़्यादा ख़र्च करने से बचें। मुमकिन है कि आप अपने घर में या उसके आस-पास आज कुछ बड़े बदलाव करें। यात्रा के चलते रुमानी संबंध को बढ़ावा मिलेगा। आपको अपनी प्रतिभा दिखाने का अच्छा मौक़ा मिलेगा। इस राशि के लोगोंं को आज शराब सिगरेट से दूर रहने की जरुरत है क्योंकि इससे आपका कीमती समय बर्बाद हो सकता है। मुमकिन है कि आपके माता-पिता आपके जीवनसाथी को कुछ शानदार आशीर्वाद दें, जिसके चलते आपके वैवाहिक जीवन में और निखार आएगा।
उपाय :- मांस, मदिरा, हिंसा, परपीड़ा, निंदा का त्याग करना आर्थिक स्थिति के लिए शुभ है।
मीन राशि: दी, दु, थ, झ, ञ, दे, दो, च, ची।आज अतीत के ग़लत फ़ैसले मानसिक अशान्ति और क्लेश की वजह बनेंगे। आप ख़ुद को अकेला पाएंगे और सही-ग़लत का निर्णय करने में असमर्थ महसूस करेंगे। दूसरों की सलाह लें। अगर आपका धन से जुड़ा कोई मामला कोर्ट-कचहरी में अटका था तो आज उसमें आपको विजय मिल सकती है और आपको धन लाभ हो सकता है। घरेलू मामलों और काफ़ी समय से लंबित घर के काम-काज के हिसाब से अच्छा दिन है। आसमान ज़्यादा उजला नज़र आएगा, फूलों में ज़्यादा रंग दिखेंगे और आपके आस-पास सब कुछ चमक उठेगा - क्योंकि आप इश्क़ का सुरूर महसूस कर रहे हैं! दफ़्तर में आप तारीफ़ पाएंगे। शाम का वक्त अच्छा रहे इसके लिए आपको दिनभर मन लगाकर काम करने की जरुरत है। आज आपको ऐसा अनुभव होगा कि आपके जीवनसाथी के द्वारा आपको नीचा दिखाया जा रहा है। जहां तक सम्भव हो इसे नजरअंदाज करें।
उपाय :- सफेद फूल कुछ पैसे सहित जल में प्रवाहित करने से सेहत बनी रहेगी।
कृपया ध्यान दें
यद्यपि शुद्ध राशिफल की पूरी कोशिश रही है फिर भी इन राशिफलों में और आपकी कुंडली व राशि के ग्रहों के आधार पर आपके जीवन में घटित हो रही घटनाओं में कुछ अन्तर हो सकता है। ऐसी स्थिति में आप किसी ज्योतिषी से अवश्य सम्पर्क करें। किसी भी भिन्नता के लिए IDTV इंद्रधनुष उत्तरदायी नहीं हैं।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।
नई दिल्ली, एजेंसियां। इथेनॉल ब्लेंडेड (E20) पेट्रोल को लेकर सोशल मीडिया पर फैल रही आशंकाओं के बीच टोयोटा किर्लोस्कर मोटर के कंट्री हेड और एग्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट (कॉर्पोरेट अफेयर्स) विक्रम गुलाटी ने स्पष्ट किया है कि E20 ईंधन पूरी तरह सुरक्षित है और इससे वाहनों के इंजन को कोई नुकसान नहीं होता। उन्होंने कहा कि 1 अप्रैल 2023 के बाद भारत में बेचे गए सभी वाहन E20 ईंधन के अनुरूप तैयार किए गए हैं। ऐसे में लोगों को अफवाहों पर भरोसा करने के बजाय वैज्ञानिक तथ्यों पर विश्वास करना चाहिए। विक्रम गुलाटी ने बताया विक्रम गुलाटी ने बताया कि ऑटोमोटिव रिसर्च एसोसिएशन ऑफ इंडिया (ARAI) के 2021 के अध्ययन में भी यह सामने आया है कि पुरानी कारों और दोपहिया वाहनों पर भी E20 ईंधन का कोई गंभीर प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता। उन्होंने माइलेज को लेकर भी फैली भ्रांतियों को खारिज करते हुए कहा कि E20 के इस्तेमाल से माइलेज में केवल 2 से 4 प्रतिशत तक की मामूली कमी आ सकती है, जो सामान्य उपयोग में लगभग नगण्य है। उन्होंने कहा कि इथेनॉल ब्लेंडिंग कार्यक्रम देश की ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम है। इससे कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता कम होगी और विदेशी मुद्रा की बचत होगी। उनके अनुसार, इस योजना से अब तक भारत ने करीब 1.9 लाख करोड़ रुपये की विदेशी मुद्रा बचाई है, जबकि लगभग 1.60 लाख करोड़ रुपये का लाभ किसानों तक पहुंचा है। गन्ना और अतिरिक्त धान जैसी फसलों का उपयोग इथेनॉल उत्पादन में होने से किसानों की आय बढ़ी है। E20 ईंधन को लाभकारी बताते हुए गुलाटी ने कहा पर्यावरण के लिहाज से भी E20 ईंधन को लाभकारी बताते हुए गुलाटी ने कहा कि इथेनॉल एक कार्बन-न्यूट्रल ईंधन है। फसलें जितनी कार्बन डाइऑक्साइड अवशोषित करती हैं, ईंधन के रूप में जलने पर लगभग उतनी ही मात्रा वापस वातावरण में जाती है। इससे अतिरिक्त कार्बन उत्सर्जन नहीं होता और प्रदूषण कम करने में भी मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि इथेनॉल उत्पादन संयंत्र भी आधुनिक तकनीक से संचालित हैं और पर्यावरणीय मानकों का पालन करते हैं।
नई दिल्ली: पंचायती राज संस्थाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने और ग्रामीण स्थानीय निकायों को अधिक संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों को लागू करने के लिए शुक्रवार से केंद्र और राज्यों के पंचायती राज मंत्रियों की दो दिवसीय कार्यशाला शुरू हुई। इसमें वर्ष 2026-31 के लिए वित्त आयोग की सिफारिशों के प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा की गई। कार्यशाला में ग्रामीण स्थानीय निकाय (RLB) अनुदान की संचालन संबंधी गाइडलाइंस, अनुदान जारी करने की प्रक्रिया, वित्तीय अनुपालन, संस्थागत तैयारियों और पंचायतों द्वारा समयबद्ध एवं प्रभावी धन उपयोग जैसे मुद्दों पर मंथन किया गया। पंचायतों को मिलेगा 4.35 लाख करोड़ रुपये का अनुदान 16वें वित्त आयोग ने ग्रामीण स्थानीय निकायों के लिए 4.35 लाख करोड़ रुपये के आवंटन की सिफारिश की है। इसमें— 80 प्रतिशत राशि बेसिक ग्रांट के रूप में 20 प्रतिशत राशि प्रदर्शन आधारित (Performance-based) ग्रांट के रूप में दी जाएगी। यह राशि 15वें वित्त आयोग के 2.36 लाख करोड़ रुपये के मुकाबले लगभग 84 प्रतिशत अधिक है। पांच वर्षों में बढ़ेगा अनुदान वित्त आयोग की सिफारिशों के अनुसार ग्रामीण स्थानीय निकायों को मिलने वाला वार्षिक आवंटन इस प्रकार होगा— 2026-27: ₹55,909 करोड़ 2027-28: ₹71,300 करोड़ 2028-29: ₹92,166 करोड़ 2029-30: ₹1,02,303 करोड़ 2030-31: ₹1,13,558 करोड़ अगर शहरी स्थानीय निकायों के लिए प्रस्तावित ₹2.90 लाख करोड़ को भी शामिल किया जाए, तो स्थानीय निकायों के लिए कुल आवंटन ₹7.91 लाख करोड़ तक पहुंच जाएगा। बिहार और झारखंड को मिलेगा बड़ा फायदा बेसिक ग्रांट के तहत बिहार को पांच वर्षों में कुल ₹41,539 करोड़ मिलेंगे। इसमें— 2026-27: ₹6,670 करोड़ 2027-28: ₹7,404 करोड़ 2028-29: ₹8,218 करोड़ 2029-30: ₹9,122 करोड़ 2030-31: ₹10,125 करोड़ वहीं झारखंड को पांच वर्षों में ₹11,385 करोड़ का बेसिक ग्रांट मिलेगा। इसमें— 2026-27: ₹1,828 करोड़ 2027-28: ₹2,029 करोड़ 2028-29: ₹2,253 करोड़ 2029-30: ₹2,500 करोड़ 2030-31: ₹2,775 करोड़ प्रदर्शन आधारित अनुदान भी मिलेगा 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों के अनुसार प्रदर्शन आधारित अनुदान के तहत— बिहार को ₹10,384 करोड़ झारखंड को ₹2,846 करोड़ दिए जाएंगे। इस योजना में 60 प्रतिशत राशि केंद्र सरकार और 40 प्रतिशत राशि राज्य सरकारें उपलब्ध कराएंगी। स्थानीय निकायों की आर्थिक आत्मनिर्भरता पर जोर केंद्र सरकार का उद्देश्य पंचायतों को केवल अनुदान देना नहीं, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना भी है। इसके लिए पंचायतों को स्वयं राजस्व जुटाने की क्षमता विकसित करने और स्थानीय संसाधनों के बेहतर उपयोग पर भी विशेष बल दिया जाएगा। राज्यों के अनुभव साझा होंगे कार्यशाला की अध्यक्षता केंद्रीय पंचायती राज मंत्री राजीव रंजन सिंह (ललन सिंह) ने की। इस दौरान विभिन्न राज्यों की सफल पंचायत मॉडल और बेहतर प्रशासनिक पहल को अन्य राज्यों के साथ साझा किया जा रहा है, ताकि पंचायतों के सुशासन, बुनियादी ढांचे, सार्वजनिक सेवाओं और समावेशी ग्रामीण विकास को नई गति मिल सके।
बालोतरा/जोधपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार (4 जुलाई) को राजस्थान दौरे पर राज्य को ₹1 लाख करोड़ से अधिक की विकास परियोजनाओं की सौगात देंगे। इस दौरान वे बालोतरा में देश की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी का उद्घाटन करेंगे। इसके अलावा जयपुर मेट्रो फेज-2 का शिलान्यास और जोधपुर एयरपोर्ट के नए टर्मिनल भवन का लोकार्पण भी करेंगे। सरकार का कहना है कि इन परियोजनाओं से राजस्थान के औद्योगिक विकास, रोजगार, परिवहन और बुनियादी ढांचे को नई गति मिलेगी। 13 साल बाद तैयार हुई पचपदरा रिफाइनरी पश्चिमी राजस्थान के बालोतरा स्थित पचपदरा रिफाइनरी परियोजना का शिलान्यास 22 सितंबर 2013 को किया गया था। शुरुआत में इसकी अनुमानित लागत करीब 37 हजार करोड़ रुपये थी, लेकिन वित्तीय मॉडल में बदलाव और अन्य कारणों से परियोजना की लागत बढ़कर लगभग 79,459 करोड़ रुपये हो गई। रिफाइनरी में हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) की 74 प्रतिशत और राजस्थान सरकार की 26 प्रतिशत हिस्सेदारी है। रिफाइनरी की प्रमुख विशेषताएं 9 एमएमटीपीए क्षमता वाली देश की पहली ग्रीनफील्ड रिफाइनरी 2.4 एमएमटीपीए पेट्रोकेमिकल उत्पादन क्षमता निर्माण में 16 लाख घन मीटर कंक्रीट और लगभग 3 लाख मीट्रिक टन स्टील का उपयोग निर्माण के दौरान लगभग 35 हजार लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार 1 लाख से अधिक लोगों के लिए अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर राजस्थान पेट्रो जोन, प्लास्टिक पार्क और डाउनस्ट्रीम उद्योगों को मिलेगा बढ़ावा जयपुर मेट्रो फेज-2 का होगा शिलान्यास प्रधानमंत्री जयपुर मेट्रो रेल परियोजना के फेज-2 का भी वर्चुअल शिलान्यास करेंगे। इस परियोजना की अनुमानित लागत 13,037 करोड़ रुपये से अधिक है। इसके तहत प्रहलादपुरा से टोड़ी मोड़ तक लगभग 41 किलोमीटर लंबा उत्तर-दक्षिण मेट्रो कॉरिडोर विकसित किया जाएगा। इस कॉरिडोर से शहर के प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों सीतापुरा और वीकेआईए को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। एयरपोर्ट के पास भूमिगत मेट्रो स्टेशन भी बनाए जाएंगे, जिससे जयपुर का सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क और मजबूत होगा। जोधपुर एयरपोर्ट को मिलेगा नया टर्मिनल प्रधानमंत्री मोदी जोधपुर एयरपोर्ट के नए टर्मिनल भवन का भी उद्घाटन करेंगे। वे सुबह लगभग 10:30 बजे जोधपुर वायुसेना एयरपोर्ट पहुंचेंगे और पुराने टर्मिनल से ई-कार्ट के माध्यम से नए टर्मिनल भवन तक जाएंगे। नए टर्मिनल के शुरू होने से यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी और जोधपुर की हवाई संपर्क क्षमता में भी विस्तार होगा। राजस्थान के विकास को मिलेगी नई रफ्तार सरकार का दावा है कि इन परियोजनाओं के शुरू होने से राजस्थान में औद्योगिक निवेश, रोजगार, परिवहन और ऊर्जा क्षेत्र को बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा। विशेष रूप से पचपदरा रिफाइनरी के संचालन से पश्चिमी राजस्थान को पेट्रोकेमिकल हब के रूप में विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।