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Finch Suggests Releasing Two KKR Stars After IPL 2026

IPL 2026: KKR से रिलीज हो सकते हैं ये बड़े खिलाड़ी? आरोन फिंच ने बताए 2 चौंकाने वाले नाम

surbhi मई 25, 2026 0
Aaron Finch discusses potential KKR releases ahead of IPL 2027 auction strategy
Aaron Finch KKR Release Advice IPL 2026

Kolkata Knight Riders का Indian Premier League में सफर लीग स्टेज में ही खत्म हो गया। 2024 में खिताब जीतने वाली टीम लगातार दूसरे सीजन प्लेऑफ में जगह बनाने में नाकाम रही है। ऐसे में अब टीम की रणनीति और खिलाड़ियों के भविष्य को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।

इसी बीच ऑस्ट्रेलिया के पूर्व टी20 विश्व कप विजेता कप्तान Aaron Finch ने केकेआर को कुछ बड़े बदलाव करने की सलाह दी है। फिंच ने दो स्टार खिलाड़ियों को रिलीज करने की बात कही है, जिनके नाम सुनकर फैंस भी हैरान रह सकते हैं।

कैमरन ग्रीन को रिलीज करने की सलाह

Aaron Finch का मानना है कि Cameron Green को रिलीज करना टीम के लिए बेहतर फैसला हो सकता है।

फिंच के मुताबिक:

  • ग्रीन की फिटनेस और वर्कलोड चिंता का विषय हो सकता है
  • ऑस्ट्रेलिया को आने वाले समय में कई टेस्ट मैच खेलने हैं
  • ऐसे में केकेआर उन्हें रिलीज कर बाद में कम कीमत पर दोबारा खरीदने की कोशिश कर सकती है

KKR ने मिनी ऑक्शन में कैमरन ग्रीन को 25.20 करोड़ रुपये की बड़ी रकम देकर खरीदा था।

मथीशा पथिराना पर भी उठे सवाल

Matheesha Pathirana को लेकर भी फिंच ने बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि केकेआर चाहे तो पथिराना को रिलीज करके अगली नीलामी में कम कीमत पर फिर से खरीद सकती है।

KKR ने पथिराना को 18 करोड़ रुपये में टीम में शामिल किया था, लेकिन:

  • इंजरी के कारण वह देर से टीम से जुड़े
  • वापसी के बाद दूसरे ही ओवर में चोटिल होकर बाहर हो गए

लगातार फिटनेस समस्याओं के चलते उनका सीजन निराशाजनक रहा।

अजिंक्य रहाणे को रिटेन करने की सलाह

जहां कुछ खिलाड़ियों को रिलीज करने की बात हुई, वहीं Ajinkya Rahane को लेकर फिंच की राय अलग रही। उनका मानना है कि KKR को रहाणे को हर हाल में रिटेन करना चाहिए।

37 वर्षीय रहाणे ने कप्तान के रूप में टीम को संभालने की कोशिश की और बल्ले से भी योगदान दिया।

IPL 2026 में अजिंक्य रहाणे का प्रदर्शन

  • 14 मैच
  • 335 रन
  • औसत: 36
  • स्ट्राइक रेट: 135

हालांकि ओपनिंग बल्लेबाजों में उनका स्ट्राइक रेट अपेक्षाकृत कम रहा, लेकिन अनुभव और नेतृत्व क्षमता के कारण उन्हें टीम के लिए अहम माना जा रहा है।

KKR के लिए आगे क्या?

लगातार दो सीजन प्लेऑफ से बाहर रहने के बाद अब Kolkata Knight Riders अगले सीजन से पहले बड़ा बदलाव कर सकती है। टीम मैनेजमेंट को अब यह तय करना होगा कि महंगे खिलाड़ियों पर भरोसा जारी रखा जाए या नई रणनीति के साथ आगे बढ़ा जाए।

 

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हरीश राणा मामला: इच्छामृत्यु की अनुमति ने खड़े किए संवेदनशील सवाल, क्या सच में कोई अकेले मरता है?

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लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर आज अमित शाह का भाषण, सदन में हंगामे के आसार

  नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें।   118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है।   गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया।   रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता।   प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।  

यौन उत्पीड़न केस में शंकराचार्य को राहत, हाईकोर्ट ने दी अग्रिम जमानत

लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट  ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है।   फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।   मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।   क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।   जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

इच्छामृत्यु के बाद Harish Rana को अंतिम विदाई, पिता की मार्मिक अपील- "रोना मत"

गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी।   क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ।   कैसे हुई  मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की।   सुप्रीम कोर्ट ने क्या  कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।

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Indian Premier League 2026 में शुक्रवार को खेले गए मुकाबले में Sunrisers Hyderabad ने Royal Challengers Bengaluru को 55 रन से हराया। लेकिन मैच खत्म होने के बाद सबसे ज्यादा चर्चा Virat Kohli और Travis Head के बीच हुए एक पल की हो रही है। मैच के बाद जब दोनों टीमों के खिलाड़ी पारंपरिक हैंडशेक के लिए लाइन में खड़े थे, तब विराट कोहली ने Pat Cummins और Abhishek Sharma से हाथ मिलाया, लेकिन ट्रेविस हेड को नजरअंदाज करते हुए आगे बढ़ गए। उस समय हेड ने हाथ बढ़ाया हुआ था, लेकिन कोहली बिना प्रतिक्रिया दिए अगले खिलाड़ी की ओर बढ़ गए। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और फैंस इस पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। मैच के दौरान भी हुई थी बहस आरसीबी की बल्लेबाजी के दौरान Virat Kohli और Travis Head के बीच मैदान पर कुछ बातचीत और बहस होती दिखाई दी थी। हालांकि यह साफ नहीं हो पाया कि दोनों खिलाड़ियों के बीच तनाव किस बात को लेकर हुआ। 255 रन के लक्ष्य के सामने संघर्ष करती दिखी RCB Sunrisers Hyderabad ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 255/4 का बड़ा स्कोर बनाया था। जवाब में Royal Challengers Bengaluru की टीम 200/4 तक ही पहुंच सकी। RCB को टॉप-2 में जगह पक्की करने के लिए कम से कम 166 रन बनाने थे, जबकि पॉइंट्स टेबल में शीर्ष स्थान हासिल करने के लिए 178 रन जरूरी थे। टीम ने जीत से ज्यादा नेट रन रेट और टॉप-2 पर फोकस किया, लेकिन लक्ष्य हासिल नहीं कर सकी। ओपनिंग करने उतरे Virat Kohli ने 11 गेंदों में सिर्फ 15 रन बनाए और Sakib Hussain की गेंद पर आउट हो गए। अब क्वालिफायर-1 में भिड़ेगी RCB हार के बावजूद Royal Challengers Bengaluru ने प्लेऑफ के लिए क्वालिफाई कर लिया है। अब टीम 26 मई को धर्मशाला में क्वालिफायर-1 में Gujarat Titans का सामना करेगी। वहीं Sunrisers Hyderabad तीसरे स्थान पर रही और 27 मई को न्यू चंडीगढ़ में एलिमिनेटर मुकाबला खेलेगी। चौथे प्लेऑफ स्थान के लिए Rajasthan Royals, Punjab Kings, Kolkata Knight Riders और Delhi Capitals के बीच मुकाबला जारी है।  

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जापान में दिखेगा झारखंड का दम, भारतीय महिला U-18 हॉकी टीम में 6 बेटियों का चयन

रांची। झारखंड की बेटियों ने एक बार फिर भारतीय हॉकी में अपनी मजबूत पहचान दर्ज कराई है। हॉकी इंडिया द्वारा जापान के काकामिगाहारा में 29 मई से 6 जून तक आयोजित होने वाले महिला अंडर-18 एशिया कप के लिए घोषित भारतीय टीम में झारखंड की 6 खिलाड़ियों का चयन हुआ है। इस उपलब्धि से पूरे राज्य में खुशी और गर्व का माहौल है।   भारतीय टीम में चयनित खिलाड़ियों में मिडफील्डर पुष्पा मांझी और श्रुति कुमारी, फॉरवर्ड संदीपा कुमारी, डिफेंडर सुगन सांगा और नीलम टोपनो, तथा गोलकीपर खिल्ली कुमारी शामिल हैं। सभी खिलाड़ी झारखंड सरकार द्वारा संचालित खेल प्रशिक्षण केंद्रों से प्रशिक्षण प्राप्त कर चुकी हैं। इन खिलाड़ियों ने पिछले दो वर्षों में राष्ट्रीय सब-जूनियर हॉकी प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा साबित की है।   भोपाल में चला विशेष प्रशिक्षण शिविर एशिया कप की तैयारी के लिए भारतीय महिला U-18 टीम ने भोपाल में एक महीने का विशेष प्रशिक्षण शिविर लगाया था। यहां खिलाड़ियों ने फिटनेस, रणनीति और टीम संयोजन पर विशेष अभ्यास किया। टीम को पूर्व भारतीय कप्तान और स्टार खिलाड़ी Rani Rampal का मार्गदर्शन भी मिला। तैयारी के तहत भारतीय टीम ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चार मैचों की अभ्यास सीरीज भी खेली।   30 मई को मलेशिया से पहला मुकाबला भारत को प्रतियोगिता के पूल-A में रखा गया है। भारतीय टीम अपना पहला मुकाबला 30 मई को मलेशिया के खिलाफ खेलेगी। इसके बाद टीम कोरिया और सिंगापुर से भिड़ेगी। टीम की कप्तानी स्वीटी कुजूर को सौंपी गई है। हॉकी झारखंड के पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई है कि झारखंड की बेटियां जापान में शानदार प्रदर्शन कर देश और राज्य का नाम रोशन करेंगी।

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