नई दिल्ली: 25 जून 2026 का दिन आत्मचिंतन, धैर्य और आंतरिक स्पष्टता का संदेश लेकर आया है। अंक ज्योतिष के अनुसार आज की ऊर्जा हमें रुककर सोचने, अपनी प्राथमिकताओं को समझने और जीवन में आने वाले बदलावों को खुले मन से स्वीकार करने के लिए प्रेरित करती है। यह दिन नई योजनाएं बनाने, सीखने, शोध करने और अपने रिश्तों को मजबूत करने के लिए बेहद अनुकूल माना जा रहा है।
आज का दिन जल्दबाजी में फैसले लेने का नहीं, बल्कि शांत मन से सही दिशा चुनने का है। आइए जानते हैं जन्मतिथि के आधार पर सभी मूलांकों का विस्तृत भविष्यफल।
आज आपके सामने भविष्य से जुड़ी कुछ नई संभावनाएं खुल सकती हैं। किसी भी निर्णय में जल्दबाजी करने के बजाय योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ना आपके लिए फायदेमंद रहेगा। कार्यक्षेत्र में नए अवसर मिलने के संकेत हैं। परिवार और करीबी लोगों की बातों को ध्यान से सुनें, इससे रिश्तों में मजबूती आएगी।
लकी नंबर: 1, 7
लकी रंग: गोल्ड, व्हाइट
विशेष सलाह: आत्मविश्वास और धैर्य का संतुलन आपको सफलता के करीब ले जाएगा।
आज आपकी अंतर्ज्ञान शक्ति काफी मजबूत रहेगी। किसी महत्वपूर्ण निर्णय में मन की आवाज आपको सही रास्ता दिखा सकती है। टीमवर्क से अच्छे परिणाम मिलेंगे। भावनात्मक संतुलन बनाए रखें और दूसरों की परेशानियों को अपने ऊपर हावी न होने दें।
लकी नंबर: 2, 7
लकी रंग: सिल्वर, व्हाइट
विशेष सलाह: खुद पर भरोसा रखें, यही आपकी सबसे बड़ी ताकत बनेगा।
आपके पास कई अच्छे विचार हैं, लेकिन उन्हें सफल बनाने के लिए स्पष्ट योजना जरूरी होगी। एक साथ कई काम शुरू करने की बजाय प्राथमिकता तय करें। आज बातचीत के दौरान संयम बरतें, क्योंकि आपकी कही गई बातें लोगों पर गहरा प्रभाव डाल सकती हैं।
लकी नंबर: 3, 5
लकी रंग: येलो, लेवेंडर
विशेष सलाह: सही शब्द रिश्तों को मजबूत बना सकते हैं।
आज का दिन व्यवस्थित ढंग से काम करने का है। जल्दबाजी से बचें और हर काम को ध्यानपूर्वक पूरा करें। घर-परिवार में आपकी छोटी-सी सराहना भी किसी के चेहरे पर मुस्कान ला सकती है। बदलावों को स्वीकार करने की कोशिश करें।
लकी नंबर: 4, 7
लकी रंग: ग्रे, ब्लू
विशेष सलाह: लचीलापन ही आपकी प्रगति की कुंजी बनेगा।
आज का दिन आपके लिए खास रहने वाला है। कार्यक्षेत्र या सामाजिक संपर्कों के माध्यम से अचानक नए अवसर सामने आ सकते हैं। सतर्क रहें और हर संभावना को समझदारी से परखें। किसी भी वादे को करने से पहले अपनी क्षमता का आकलन जरूर करें।
लकी नंबर: 5, 7
लकी रंग: ग्रीन, एक्वा ब्लू
विशेष सलाह: सही दिशा में लगाई गई ऊर्जा आपको बड़ी सफलता दिला सकती है।
आज आप अपने सहयोगी स्वभाव से लोगों का दिल जीतेंगे। परिवार और प्रियजनों के साथ समय बिताने का मौका मिलेगा। दूसरों की मदद करना अच्छा है, लेकिन अपनी जरूरतों को नजरअंदाज न करें।
लकी नंबर: 6, 7
लकी रंग: पिंक, क्रीम
विशेष सलाह: दूसरों के साथ-साथ खुद का भी ख्याल रखें।
आज का दिन आपके लिए विशेष रूप से शुभ माना जा रहा है। रिसर्च, अध्ययन, योजना निर्माण और आध्यात्मिक गतिविधियों के लिए समय अनुकूल रहेगा। किसी भी बड़े फैसले से पहले मन की आवाज को सुनें। प्रकृति के बीच समय बिताना आपके लिए लाभदायक रहेगा।
लकी नंबर: 7, 25
लकी रंग: पर्पल, इंडिगो
विशेष सलाह: आपके सभी महत्वपूर्ण उत्तर आपके भीतर ही मौजूद हैं।
आर्थिक मामलों और दीर्घकालिक योजनाओं के लिए आज का दिन अच्छा रहेगा। केवल त्वरित परिणामों पर ध्यान देने के बजाय मजबूत नींव तैयार करने की कोशिश करें। परिवार के लोगों की बातों को ध्यान से सुनना रिश्तों को बेहतर बनाएगा।
लकी नंबर: 8, 5
लकी रंग: नेवी ब्लू, ब्लैक
विशेष सलाह: सफलता और मानसिक शांति दोनों को संतुलित रखना जरूरी है।
आज आपको अपने लंबित कार्यों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। पुरानी नाराजगी या शिकायतों को छोड़कर आगे बढ़ना आपके लिए लाभकारी रहेगा। स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के लिए नियमित व्यायाम करें। आपका अनुभव दूसरों के लिए प्रेरणा बन सकता है।
लकी नंबर: 9, 7
लकी रंग: रेड, मरून
विशेष सलाह: पुरानी बातों को छोड़कर आगे बढ़ना ही नई शुरुआत का रास्ता खोलता है।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे। कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है। CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।
भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं? क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है? हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।
नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें। 118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है। गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया। रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता। प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।
लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है। फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी। मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो। क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई। जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी। क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ। कैसे हुई मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की। सुप्रीम कोर्ट ने क्या कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।
नई दिल्ली, एजेंसियां। सावन माह का दूसरा सोमवार आज, 10 अगस्त 2026 को मनाया जा रहा है। इस दिन देशभर के शिव मंदिरों में भगवान शिव की पूजा-अर्चना और जलाभिषेक के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। इस बार सावन सोमवार के साथ सोम प्रदोष व्रत का भी विशेष संयोग बन रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन सोमवार पर भगवान शिव की आराधना और रुद्राभिषेक करने से भक्तों को विशेष फल की प्राप्ति होती है। सावन सोमवार पर बने शुभ संयोग इस बार दूसरे सावन सोमवार के दिन आर्द्रा नक्षत्र और वज्र योग का संयोग बताया गया है। इसके अलावा सोमवार को सोम प्रदोष व्रत भी रखा जा रहा है। ऐसे में शिव भक्तों के लिए यह दिन पूजा-पाठ और जलाभिषेक के लिहाज से विशेष माना जा रहा है। पूजा के ये हैं शुभ मुहूर्त सुबह 5:47 बजे से 7:27 बजे तक अमृत चौघड़िया सुबह 9:07 बजे से 10:46 बजे तक शुभ चौघड़िया शाम 5:25 बजे से 7:05 बजे तक अमृत चौघड़िया सोम प्रदोष पूजा का समय शाम 7:05 बजे से रात 9:14 बजे तक बताया गया है। कैसे करें शिवलिंग का जलाभिषेक? सावन सोमवार पर सुबह स्नान के बाद भगवान शिव का ध्यान कर पूजा शुरू करें। साफ जल में गंगाजल मिलाकर शिवलिंग पर अर्पित करें। इसके बाद दूध, दही, शहद, घी और शक्कर आदि से अभिषेक किया जा सकता है। फिर साफ जल से दोबारा अभिषेक करें। जलाभिषेक के बाद शिवलिंग पर बेलपत्र, फूल, अक्षत और अन्य पूजा सामग्री अर्पित करें। श्रद्धालु इस दौरान 'ॐ नमः शिवाय' और महामृत्युंजय मंत्र का जाप कर सकते हैं। अंत में दीपक जलाकर भगवान शिव की आरती करें। महादेव का मूल मंत्र ॐ नमः शिवाय। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन के सोमवार को भगवान शिव की विधि-विधान से पूजा करने और व्रत रखने से मनोकामनाओं की पूर्ति का आशीर्वाद मिलता है। हालांकि, पूजा की विधि और शुभ मुहूर्त स्थानीय पंचांग के अनुसार अलग-अलग हो सकते हैं।
आज का राशिफल 5 अगस्त 2026: बुधवार का दिन कई राशियों के लिए नई ऊर्जा, उत्साह और सकारात्मक बदलाव लेकर आ सकता है। ज्योतिषीय गणना के अनुसार आज चंद्रमा अश्विनी नक्षत्र से होते हुए मेष राशि में प्रवेश करेंगे। इससे कई लोगों के भीतर उत्साह और सक्रियता बढ़ सकती है। वहीं कर्क राशि में सूर्य और गुरु की युति बनी हुई है। गुरु उच्च स्थिति में होने के बावजूद अस्त अवस्था में हैं, इसलिए इसके शुभ प्रभाव धीरे-धीरे सामने आने की संभावना है। आज बुध का भी कर्क राशि में प्रवेश होगा, जिससे बुद्धि, संवाद और निर्णय क्षमता से जुड़े मामलों में लाभ मिल सकता है। दूसरी ओर मंगल मिथुन राशि में गोचर कर रहे हैं, ऐसे में जल्दबाजी, तीखी बातचीत और अनावश्यक बहस से बचना जरूरी होगा। सितारों की चाल के अनुसार सिंह राशि वालों के लिए आय और कमाई के मामलों में सुधार के संकेत हैं, जबकि धनु राशि के जातकों के घर-परिवार में सुखद माहौल बना रह सकता है। मेष और मिथुन राशि वालों को बातचीत में संयम बरतना होगा। आइए जानते हैं मेष से मीन तक सभी 12 राशियों के लिए आज का दिन कैसा रहेगा। मेष राशिफल: आत्मविश्वास बढ़ेगा, जल्दबाजी से बचें आज आपके भीतर नई ऊर्जा और उत्साह महसूस होगा। आत्मविश्वास भी बढ़ेगा, लेकिन भाई-बहन या आसपास के लोगों से बातचीत के दौरान शब्दों का चयन सोच-समझकर करें। तीखी बहस से बचना आपके लिए बेहतर रहेगा। घर-परिवार से जुड़े मामलों में धीरे-धीरे सकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं। करियर में मेहनत जारी रखें, हालांकि परिणाम मिलने में थोड़ा समय लग सकता है। आर्थिक मामलों में कोई भी बड़ा निर्णय जल्दबाजी में न लें। प्रेम जीवन में उत्साह और नजदीकी बढ़ सकती है। स्वास्थ्य सामान्य रूप से अच्छा रहेगा और मन हल्का महसूस होगा। शुभ रंग: गुलाबी शुभ अंक: 2 उपाय: सुबह तांबे के लोटे से सूर्य को जल अर्पित करें। वृषभ राशिफल: करियर में स्थिरता बनी रहेगी आज मन में शांति और सुकून बना रह सकता है। परिवार में भी सकारात्मक ऊर्जा महसूस होगी। कोई बड़ा या नया शुभ काम शुरू करने से पहले थोड़ा रुककर परिस्थितियों को समझना बेहतर रहेगा। पैसों के मामलों में जल्दबाजी से बचें। किसी से बहस में पड़ना नुकसानदायक हो सकता है, इसलिए महत्वपूर्ण फैसले सोच-समझकर लें। भाई-बहन और पड़ोसियों से जुड़े मामलों में आपकी समझदारी काम आएगी। दोस्तों के साथ समय सुखद रहेगा। करियर में स्थिरता बनी रहेगी। प्रेम जीवन में साथी के साथ गंभीर लेकिन शांत बातचीत हो सकती है। स्वास्थ्य के लिए पर्याप्त आराम जरूरी रहेगा। शुभ रंग: हल्का पीला शुभ अंक: 6 उपाय: गाय को हरा चारा खिलाएं। मिथुन राशिफल: करियर में गुरु का मार्गदर्शन होगा शुभ आज आपकी बुद्धि तेज रहेगी और सही समय पर सही निर्णय लेने में मदद मिलेगी। आपकी बातों में प्रभाव रहेगा और लोग आपकी सलाह को महत्व दे सकते हैं। हालांकि, स्वभाव में बेचैनी या थोड़ी उग्रता दिखाई दे सकती है। इसलिए बहस और तीखी बातचीत से दूरी बनाकर रखें। दोस्तों और सामाजिक दायरे से कोई अच्छी खबर मिल सकती है। करियर में मार्गदर्शन लाभदायक रहेगा, लेकिन उसके परिणाम मिलने में समय लग सकता है। आर्थिक मामलों में जल्दबाजी न करें। प्रेम जीवन में साथी से बातचीत करते समय संयम रखें। शुभ रंग: फिरोजी शुभ अंक: 5 उपाय: 'ॐ बुं बुधाय नमः' मंत्र का जाप करें। कर्क राशिफल: धार्मिक कार्यों में बढ़ेगी रुचि आज आपके व्यक्तित्व में गंभीरता और गरिमा दिखाई देगी। लोग आपकी बातों को गंभीरता से ले सकते हैं। धन और करियर के क्षेत्र में धीरे-धीरे प्रगति के संकेत हैं, इसलिए तुरंत परिणाम की उम्मीद न रखें। मन में कुछ बेचैनी या अकेलेपन की भावना आ सकती है। इसे नजरअंदाज करने के बजाय खुद को सकारात्मक गतिविधियों में व्यस्त रखें। भाग्य का साथ मिलेगा और धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ सकती है। प्रेम जीवन में आकर्षण बढ़ेगा और स्वास्थ्य के लिहाज से दिन सामान्य से बेहतर रह सकता है। शुभ रंग: सफेद शुभ अंक: 11 उपाय: चंद्रमा को अर्घ्य दें और अपनी क्षमता के अनुसार उपवास रखें। सिंह राशिफल: आय और कमाई में सुधार के संकेत आज आत्मनिरीक्षण का दिन है। आपका झुकाव आध्यात्मिक और गहरे विषयों की ओर बढ़ सकता है। भावुक होकर निर्णय लेने के बजाय अपनी अंतरात्मा की आवाज सुनना आपके लिए बेहतर रहेगा। आय और कमाई से जुड़े मामलों में सुधार के संकेत हैं, लेकिन आर्थिक फैसले जल्दबाजी में न लें। भाग्य आपका साथ दे सकता है, फिर भी गोपनीय मामलों में विशेष सावधानी बरतना जरूरी होगा। दोस्तों के साथ अच्छा समय बिताने का मौका मिलेगा और उनका साथ मन को प्रसन्न रखेगा। प्रेम जीवन में भावनाएं गहरी हो सकती हैं। दिखावे के बजाय वास्तविक भावनाओं को महत्व देंगे। ध्यान और आत्मचिंतन से मानसिक शांति मिल सकती है। शुभ रंग: बैंगनी शुभ अंक: 9 उपाय: कुछ समय मौन रहने का प्रयास करें और अनावश्यक बातचीत से बचें। कन्या राशिफल: फैसले लेने में रहेंगे तेज, कठोरता से बचें आज विचारों में स्पष्टता रहेगी, जिससे महत्वपूर्ण मामलों में निर्णय लेने में आसानी होगी। हालांकि, अपने व्यक्तित्व या छवि को लेकर अनावश्यक असंतोष पैदा हो सकता है। खुद की दूसरों से तुलना करने से बचें। जीवनसाथी या साझेदार से जुड़े मामलों में गंभीरता रहेगी। करियर में स्थिति स्पष्ट रहेगी, लेकिन काम जल्द पूरा करने के चक्कर में गलती न करें। पैसों के मामले में सामान्य सावधानी बरतें। प्रेम जीवन में कठोर रवैया अपनाने के बजाय धैर्य और समझदारी से काम लें। शुभ रंग: हरा शुभ अंक: 16 उपाय: माथे पर चंदन का तिलक लगाएं। तुला राशिफल: भाग्य और धार्मिक कार्यों की ओर बढ़ेगा रुझान करियर के मोर्चे पर आज अच्छा मार्गदर्शन मिल सकता है, हालांकि उसका असर सामने आने में थोड़ा समय लगेगा। जीवनसाथी या व्यापारिक साझेदार के साथ सकारात्मक बातचीत हो सकती है। धार्मिक कार्यों और आध्यात्मिक गतिविधियों की ओर रुझान बढ़ सकता है। कभी-कभी अकेलेपन या आत्म-संदेह की भावना परेशान कर सकती है, लेकिन इसे स्थायी स्थिति न मानें। स्वास्थ्य और दिनचर्या के प्रति सतर्क रहें। दोस्तों का सहयोग बना रहेगा। प्रेम जीवन में दिखावे के बजाय सच्चे और गहरे संवाद को महत्व दें। शुभ रंग: आसमानी नीला शुभ अंक: 7 उपाय: जरूरतमंद लोगों को भोजन का दान करें। वृश्चिक राशिफल: भाग्य देगा मजबूत आधार, रिश्तों में तीखेपन से बचें आज भाग्य का साथ मिल सकता है। यदि मेहनत और सही दिशा को भाग्य के साथ जोड़ दें तो लक्ष्य की ओर बढ़ने में सफलता मिल सकती है। हालांकि, परिणाम सामने आने में कुछ समय लग सकता है। जीवनसाथी या साझेदार से जुड़े मामलों में बहस और जल्दबाजी से बचें। स्वास्थ्य और दिनचर्या में नई ऊर्जा महसूस हो सकती है। करियर में आपकी मेहनत जल्द रंग ला सकती है। संतान और प्रेम संबंधों में स्थिति सामान्य रहेगी। आज किसी करीबी के साथ विवाद को बढ़ाने के बजाय शांतिपूर्वक सुलझाने की कोशिश करें। शुभ रंग: लाल शुभ अंक: 3 उपाय: हनुमान चालीसा का पाठ करें। धनु राशिफल: संतान पक्ष से खुशी, शारीरिक काम में जल्दबाजी से बचें आज संतान, प्रेम या रचनात्मक कामों से जुड़ी कोई अच्छी खबर मिल सकती है। मन उत्साहित रहेगा और इसका सकारात्मक प्रभाव काम पर भी पड़ेगा। गोपनीय या महत्वपूर्ण मामलों में परिणाम धीरे-धीरे सामने आएंगे। जीवनसाथी के स्वास्थ्य पर ध्यान दें। साझेदारी से जुड़े मामलों में भी सावधानी जरूरी है। शारीरिक गतिविधियों में जल्दबाजी करने से चोट लगने का जोखिम हो सकता है। घर-परिवार का माहौल स्थिर रहेगा। करियर में गहराई से काम करने का दिन है। शुभ रंग: पीला शुभ अंक: 21 उपाय: पीले वस्त्र धारण कर गुरु की पूजा करें। मकर राशिफल: करियर में मिलेगा शुभ मार्गदर्शन आज जीवनसाथी या व्यापारिक साझेदार के साथ किसी गंभीर विषय पर चर्चा हो सकती है। इसे धैर्य और स्थिर मन से सुलझाने की कोशिश करें। भाई-बहन या आसपास के लोगों से तीखी बातचीत से बचें। घर-परिवार से जुड़े पुराने मामलों की समीक्षा कर उन्हें व्यवस्थित करने का समय है। करियर में अच्छा मार्गदर्शन मिलेगा, लेकिन परिणाम आने में देरी संभव है। आर्थिक मामलों में सामान्य सावधानी रखें। प्रेम जीवन में गंभीर लेकिन स्थिर संवाद बना रहेगा। शुभ रंग: नीला शुभ अंक: 8 उपाय: शनि मंदिर में सरसों के तेल का दीपक जलाएं। कुंभ राशिफल: आर्थिक मामलों में जल्दबाजी न करें आज अपनी दिनचर्या और पुरानी आदतों की समीक्षा करना आपके लिए लाभकारी रहेगा। जिन आदतों में सुधार की जरूरत है, उनमें बदलाव करने का प्रयास करें। आर्थिक मामलों में जल्दबाजी में कोई फैसला न लें। भाई-बहन या छोटी यात्रा से जुड़े मामलों में नई ऊर्जा महसूस होगी। करियर में सामान्य प्रगति रहेगी, लेकिन बड़े फैसले सोच-समझकर लें। संतान और प्रेम संबंधों में स्पष्ट और व्यावहारिक बातचीत जरूरी होगी। परिवार से जुड़े मामलों में सतर्क रहें। स्वास्थ्य से जुड़ी किसी परेशानी को नजरअंदाज न करें। शुभ रंग: काला शुभ अंक: 4 उपाय: काले तिल का दान करें। मीन राशिफल: रिश्तों में आएगा हल्कापन, आत्म-अनुशासन बनाए रखें आज रिश्तों में खुलापन और मन में शांति महसूस हो सकती है। कल की तुलना में भावनात्मक स्थिति बेहतर रहेगी। हालांकि, व्यक्तित्व और आत्म-विश्लेषण से जुड़े विषयों में गंभीरता बनी रहेगी। बड़े फैसले जल्दबाजी में लेने से बचें। घर-परिवार और बातचीत से जुड़े मामलों में बहस न करें। रचनात्मक कामों और आर्थिक मामलों के लिए अच्छा आधार बन सकता है, हालांकि परिणाम मिलने में थोड़ा समय लग सकता है। करियर में आगे बढ़ने के लिए रचनात्मक सोच का इस्तेमाल करें। प्रेम जीवन में खुलापन और नजदीकी बढ़ेगी। स्वास्थ्य के लिए आत्म-अनुशासन जरूरी रहेगा। शुभ रंग: क्रीम शुभ अंक: 1 उपाय: गंगाजल मिश्रित जल से स्नान करें। आज का ज्योतिषीय संदेश 5 अगस्त का दिन कई राशियों के लिए नई ऊर्जा, बेहतर संवाद और सोच-समझकर निर्णय लेने का संकेत दे रहा है। जहां सिंह राशि वालों को आय और कमाई में सुधार के अवसर मिल सकते हैं, वहीं मेष और मिथुन राशि वालों को बातचीत में संयम बरतने की जरूरत होगी। धनु राशि वालों के घर में सुखद माहौल रह सकता है। हालांकि, ज्योतिषीय भविष्यफल आस्था और पारंपरिक गणनाओं पर आधारित होते हैं। इन्हें निश्चित भविष्यवाणी के बजाय सामान्य मार्गदर्शन के रूप में देखना बेहतर है।
रुद्राक्ष धारण करने के नियम: सावन का महीना भगवान शिव की आराधना के लिए विशेष माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं में रुद्राक्ष का संबंध भी भगवान शिव से जोड़ा जाता है। यही वजह है कि श्रावण मास में रुद्राक्ष धारण करना विशेष शुभ माना जाता है। हालांकि, धार्मिक परंपराओं के अनुसार रुद्राक्ष पहनने से पहले उसकी सही विधि और कुछ जरूरी नियमों का पालन करना चाहिए। ज्योतिष और वास्तु से जुड़ी मान्यताओं के अनुसार रुद्राक्ष के अलग-अलग मुख और प्रकार बताए गए हैं और प्रत्येक का अपना अलग महत्व माना जाता है। मान्यता है कि विधि-विधान और श्रद्धा के साथ रुद्राक्ष धारण करने से सकारात्मकता बढ़ती है और मन को शांति मिल सकती है। सावन में रुद्राक्ष क्यों धारण किया जाता है? श्रावण मास को भगवान शिव का प्रिय महीना माना जाता है। धार्मिक कथाओं और शिवपुराण से जुड़ी मान्यताओं में रुद्राक्ष को भगवान शिव के आंसुओं से उत्पन्न बताया गया है। इसी वजह से रुद्राक्ष को शिवजी से विशेष रूप से जुड़ा हुआ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन में शिव आराधना और रुद्राक्ष धारण करने से व्यक्ति को आध्यात्मिक लाभ मिल सकता है। इसे सकारात्मक ऊर्जा और मानसिक शांति से भी जोड़ा जाता है। रुद्राक्ष के अलग-अलग मुख बताए गए हैं और उनके महत्व भी अलग माने जाते हैं। इनमें एक मुखी रुद्राक्ष को विशेष और शक्तिशाली माना जाता है। हालांकि, अलग-अलग रुद्राक्ष धारण करने की विधि और मंत्र भी अलग हो सकते हैं। रुद्राक्ष कैसे धारण करें? धार्मिक परंपरा के अनुसार सामान्य रूप से रुद्राक्ष धारण करने के लिए इन बातों का ध्यान रखा जाता है: सावन का महीना रुद्राक्ष धारण करने के लिए शुभ माना जाता है। सोमवार को भगवान शिव का दिन माना जाता है, इसलिए इस दिन रुद्राक्ष धारण करना विशेष शुभ माना जाता है। सोमवार को सुबह जल्दी उठकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनें। रुद्राक्ष को गंगाजल से शुद्ध करने की परंपरा है। इसके बाद रुद्राक्ष को हाथ में लेकर भगवान शिव का ध्यान करें। ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का कम से कम 11 बार जाप करने की मान्यता है। श्रद्धालु अपनी परंपरा के अनुसार शिवजी से संबंधित अन्य मंत्र का भी जाप कर सकते हैं। इसके बाद रुद्राक्ष को धागे में पिरोकर गले या हाथ में धारण किया जा सकता है। ध्यान रखें कि अलग-अलग मुखी रुद्राक्ष के लिए अलग विधि, मंत्र और धारण करने के नियम बताए जाते हैं। रुद्राक्ष धारण करने के जरूरी नियम रुद्राक्ष को लेकर धार्मिक मान्यताओं में कुछ सावधानियां भी बताई गई हैं। यदि आप इसे धारण करते हैं तो इन बातों का ध्यान रखने की परंपरा है: 1. सोते समय रुद्राक्ष उतार दें मान्यता के अनुसार रात में सोते समय रुद्राक्ष उतार देना चाहिए। सुबह स्नान करने से पहले भी इसे अलग रखने की सलाह दी जाती है। 2. स्नान के बाद दोबारा धारण करें सुबह स्नान और पूजा-पाठ करने के बाद रुद्राक्ष को दोबारा धारण करने की परंपरा है। इसे धार्मिक रूप से रुद्राक्ष की पवित्रता बनाए रखने से जोड़ा जाता है। 3. किसी दूसरे व्यक्ति का रुद्राक्ष न पहनें मान्यताओं के अनुसार रुद्राक्ष व्यक्तिगत रूप से धारण किया जाना चाहिए। इसलिए किसी अन्य व्यक्ति का रुद्राक्ष अपने गले में पहनने से बचने की सलाह दी जाती है। इसी तरह अपना रुद्राक्ष भी किसी दूसरे व्यक्ति को पहनने के लिए न देने की परंपरा है। 4. सात्विक जीवनशैली अपनाएं धार्मिक मान्यताओं में रुद्राक्ष धारण करने वाले व्यक्ति को मांस और मदिरा से दूर रहने तथा अनैतिक कार्यों से बचने की सलाह दी जाती है। इसके पीछे सात्विक जीवनशैली और भगवान शिव के प्रति श्रद्धा को महत्व दिया जाता है। रुद्राक्ष धारण करते समय सबसे जरूरी बात रुद्राक्ष केवल एक धार्मिक आस्था से जुड़ी वस्तु नहीं, बल्कि करोड़ों लोगों के लिए भगवान शिव की भक्ति और आध्यात्मिक साधना का प्रतीक भी है। इसलिए इसे धारण करते समय श्रद्धा, स्वच्छता और अपनी धार्मिक परंपरा का ध्यान रखना महत्वपूर्ण माना जाता है। साथ ही, यह समझना जरूरी है कि रुद्राक्ष से जुड़े लाभ और प्रभाव मुख्य रूप से धार्मिक एवं आध्यात्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इन्हें वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित चिकित्सा या स्वास्थ्य उपचार का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।