जॉब्स

Govt Jobs Deadline Near

Sarkari Job Alert May 2026: 20,000+ सरकारी नौकरियों पर खत्म होने वाली है आवेदन प्रक्रिया, जल्द करें अप्लाई

surbhi मई 4, 2026 0
Students filling online government job application forms with laptop and documents for May 2026 vacancies
Sarkari Job Alert May 2026 Applications

नई दिल्ली: मई 2026 सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बेहद अहम महीना साबित हो रहा है। Staff Selection Commission (SSC) से लेकर बैंक, पैरामिलिट्री और राज्य स्तरीय आयोगों तक–कुल मिलाकर 20,697 से ज्यादा पदों पर भर्तियां निकली हैं।

लेकिन ध्यान देने वाली बात यह है कि इनमें से कई भर्तियों की अंतिम तारीख बेहद नजदीक है। ऐसे में अगर आपने अभी तक आवेदन नहीं किया है, तो यह मौका हाथ से निकल सकता है।

किन-किन भर्तियों में जल्द खत्म हो रही है तारीख?

1. Staff Selection Commission Selection Post Phase 14

  • कुल पद: 3003
  • अंतिम तारीख: 4 मई 2026
  • योग्यता: 10वीं, 12वीं, ग्रेजुएट
  • पद: MTS, DEO, जूनियर असिस्टेंट समेत कई पोस्ट

2. Staff Selection Commission Stenographer Grade C & D

  • पद: 731
  • अंतिम तारीख: 15 मई 2026
  • योग्यता: 12वीं पास

3. Union Bank of India Apprentice Recruitment

  • पद: 1865
  • अंतिम तारीख: 19 मई 2026
  • योग्यता: ग्रेजुएशन
  • स्टाइपेंड: ₹15,000–₹20,000

4. Uttar Pradesh Subordinate Services Selection Commission (UPSSSC) ASO भर्ती

  • पद: 929
  • अंतिम तारीख: 11 मई 2026
  • योग्यता: संबंधित विषय में मास्टर्स

5. UPSSSC Assistant Boring Technician

  • पद: 402
  • अंतिम तारीख: 5 मई 2026
  • योग्यता: 10वीं + ITI

बड़ी संख्या में वैकेंसी वाली भर्तियां

6. Central Reserve Police Force (CRPF) Constable

  • पद: 9096
  • अंतिम तारीख: 19 मई 2026
  • योग्यता: 10वीं + ट्रेड स्किल

7. Bihar Technical Service Commission (BTSC) Lab Assistant

  • पद: 1091
  • अंतिम तारीख: 6 मई 2026

8. UPCISB Recruitment

  • पद: 2085
  • अंतिम तारीख: 15 मई 2026

9. Sashastra Seema Bal (SSB) Constable

  • पद: 827
  • अंतिम तारीख: 4 मई 2026

10. Power Grid Corporation of India Limited Recruitment

  • पद: 668
  • अंतिम तारीख: 11 मई 2026

क्यों जरूरी है समय पर आवेदन?

सरकारी नौकरी में सफलता का पहला और सबसे अहम स्टेप है–समय पर आवेदन। हर साल हजारों उम्मीदवार सिर्फ इसलिए पीछे रह जाते हैं क्योंकि वे आखिरी तारीख चूक जाते हैं।

एक्सपर्ट्स का मानना है कि केवल तैयारी ही नहीं, बल्कि सही समय पर सही फॉर्म भरना भी उतना ही जरूरी है।

एक्सपर्ट टिप

पटना के कोचिंग एक्सपर्ट्स के मुताबिक,

  • फॉर्म भरते समय जल्दबाजी न करें
  • सभी डॉक्यूमेंट पहले से तैयार रखें
  • योग्यता और आयु सीमा अच्छे से चेक करें
Popular post
शादी समारोह में जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम पर हमला नाकाम, हमलावर 20 साल से कर रहा था मौके का इंतज़ार

  जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री Farooq Abdullah पर जम्मू में एक शादी समारोह के दौरान हुए हमले ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना उस समय हुई जब वे एक कार्यक्रम से बाहर निकल रहे थे और भीड़ में मौजूद एक व्यक्ति ने उनके बेहद करीब आकर पिस्तौल तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि सुरक्षाकर्मियों की त्वरित कार्रवाई से यह हमला नाकाम हो गया और वे बाल-बाल बच गए। यह घटना जम्मू के ग्रेटर कैलाश इलाके में आयोजित एक विवाह समारोह में हुई, जहां Farooq Abdullah जम्मू-कश्मीर के उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary के साथ पहुंचे थे।   कौन है हमलावर? पुलिस ने आरोपी की पहचान कमल सिंह जम्वाल (करीब 65 वर्ष) के रूप में की है, जो जम्मू के पुरानी मंडी इलाके का निवासी बताया जा रहा है। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने दावा किया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से इस मौके का इंतज़ार कर रहा था। पुलिस के अनुसार कमल सिंह के पास एक लाइसेंसी पिस्तौल थी और घटना के समय वह कथित तौर पर नशे में भी था। सुरक्षाकर्मियों ने मौके से हथियार बरामद कर लिया है और उससे पूछताछ जारी है। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि यह हमला व्यक्तिगत रंजिश का नतीजा था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश हो सकती है।   CCTV में कैद हुई पूरी घटना घटना का CCTV फुटेज भी सामने आया है। वीडियो में दिखता है कि जैसे ही Farooq Abdullah समारोह से बाहर निकल रहे थे, आरोपी पीछे से तेजी से आया और उनकी कनपटी पर पिस्तौल तान दी। उसने फायर करने की कोशिश की, लेकिन उसी क्षण सुरक्षा में तैनात कमांडो सक्रिय हो गए और उसका हाथ झटक दिया, जिससे गोली लक्ष्य से चूक गई। इसके तुरंत बाद सुरक्षाकर्मियों और मौके पर मौजूद लोगों ने आरोपी को पकड़ लिया। घटना के बाद का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है।   सीएम उमर अब्दुल्ला ने उठाए सुरक्षा पर सवाल हमले के बाद जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री Omar Abdullah ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके पिता बाल-बाल बच गए। उन्होंने लिखा कि एक व्यक्ति भरी हुई पिस्तौल के साथ इतने करीब तक कैसे पहुंच गया, यह गंभीर सुरक्षा चूक का संकेत है। मुख्यमंत्री ने इस घटना की उच्च-स्तरीय जांच की मांग भी की है, ताकि सुरक्षा व्यवस्था में हुई संभावित खामियों का पता लगाया जा सके। घटना के समय उपमुख्यमंत्री Surinder Choudhary भी वहां मौजूद थे। इस दौरान उन्हें हल्की चोट आई, जिसके बाद मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया।   पुलिस की जांच जारी जम्मू पुलिस के अनुसार हमला ग्रेटर कैलाश के रॉयल पार्क में आयोजित विवाह समारोह के दौरान हुआ। सुरक्षा दल ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बताया कि आरोपी की पिस्तौल जब्त कर ली गई है और उसके पारिवारिक पृष्ठभूमि, संपर्कों और मानसिक स्थिति की भी जांच की जा रही है। सुरक्षा एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि कहीं इस घटना के पीछे कोई बड़ी साजिश तो नहीं।  

हरीश राणा मामला: इच्छामृत्यु की अनुमति ने खड़े किए संवेदनशील सवाल, क्या सच में कोई अकेले मरता है?

भारत के कानूनी और सामाजिक विमर्श में एक ऐतिहासिक और भावनात्मक मोड़ तब आया, जब सुप्रीम कोर्ट ने हरीश राणा को निष्क्रिय इच्छामृत्यु (Passive Euthanasia) की अनुमति दे दी। यह फैसला न केवल न्यायिक दृष्टि से अहम है, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और पारिवारिक पीड़ा को भी गहराई से छूता है। 13 साल का संघर्ष: जीवन और मृत्यु के बीच अटका एक अस्तित्व हरीश राणा पिछले 13 वर्षों से अचेत अवस्था में जीवन और मृत्यु के बीच झूल रहे थे। एक हादसे में चंडीगढ़ स्थित हॉस्टल की चौथी मंज़िल से गिरने के बाद उनका शरीर तो जीवित रहा, लेकिन वे किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया देने में असमर्थ हो गए। इन वर्षों में उनके माता-पिता ने निरंतर उनकी सेवा की, लेकिन बढ़ती उम्र और शारीरिक थकान ने उन्हें एक कठिन निर्णय के सामने ला खड़ा किया-अपने ही बेटे के लिए मृत्यु की अनुमति मांगना। अदालत का फैसला: ‘गरिमामय मृत्यु’ की दिशा में कदम सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति दी, जिसमें जीवन को कृत्रिम रूप से बनाए रखने वाले उपकरणों को हटाया जाता है, ताकि व्यक्ति स्वाभाविक रूप से मृत्यु की ओर बढ़ सके। यह निर्णय भारत में इच्छामृत्यु को लेकर एक महत्वपूर्ण मिसाल बन गया है। इससे पहले भी ऐसे मामले सामने आए थे, जैसे अरुणा शानबाग का मामला, लेकिन तब अदालत ने अनुमति नहीं दी थी। एक सवाल जो दिल को झकझोरता है यह मामला सिर्फ कानूनी नहीं, बल्कि गहरे मानवीय और भावनात्मक सवाल भी खड़े करता है- क्या हरीश राणा अकेले मरेंगे? असल में, किसी की मृत्यु कभी अकेली नहीं होती। हरीश के साथ उनके माता-पिता का एक हिस्सा भी खत्म होगा-खासतौर पर उनकी मां, जिन्होंने अपने बेटे की इच्छामृत्यु की अनुमति पर हस्ताक्षर किए। यह निर्णय केवल कागज पर हस्ताक्षर नहीं, बल्कि एक मां के भीतर की पीड़ा, त्याग और टूटन का प्रतीक है। समाज और परिवार पर उठते बड़े सवाल इस घटना ने समाज के बदलते स्वरूप पर भी सवाल खड़े किए हैं- क्या आधुनिक जीवनशैली और टूटते पारिवारिक ढांचे लोगों को ऐसे फैसले लेने के लिए मजबूर कर रहे हैं?   क्या ‘गरिमामय मृत्यु’ की मांग, ‘गरिमामय जीवन’ की कमी को दर्शाती है?   हरीश राणा और अरुणा शानबाग जैसे मामलों ने यह दिखाया है कि कई बार जीवन केवल शरीर से नहीं, बल्कि रिश्तों और देखभाल से भी चलता है। कानून बनने की जरूरत और संभावित खतरे सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इच्छामृत्यु पर स्पष्ट कानून बनाने की भी सलाह दी है। हालांकि, इसके साथ एक चिंता भी जुड़ी है- कहीं इस कानून का दुरुपयोग तो नहीं होगा? विशेषज्ञों का मानना है कि बिना सख्त नियमों के, यह कानून कमजोर और बुजुर्ग लोगों के लिए खतरा बन सकता है। वहीं, कुछ परिवारों के लिए यह पीड़ा से मुक्ति का रास्ता भी साबित हो सकता है।  

लोकसभा स्पीकर के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर आज अमित शाह का भाषण, सदन में हंगामे के आसार

  नई दिल्ली: लोकसभा स्पीकर Om Birla को पद से हटाने के लिए लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर संसद में सियासी घमासान तेज हो गया है। इस मुद्दे पर जारी बहस के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah लोकसभा में सरकार का पक्ष रखेंगे। माना जा रहा है कि उनके संबोधन के दौरान सदन में तीखी बहस और हंगामे की स्थिति बन सकती है। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसद Mohammed Javed ने पेश किया है, जिसे विपक्ष के कई दलों का समर्थन मिला है। प्रस्ताव को 50 से अधिक सांसदों का समर्थन मिलने के बाद इसे चर्चा के लिए स्वीकार किया गया। मंगलवार को सदन की कार्यवाही की अध्यक्षता कर रहे Jagadambika Pal ने प्रस्ताव पर चर्चा की अनुमति दी और इसके लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित किया। उन्होंने सांसदों से अपील की कि वे बहस के दौरान केवल प्रस्ताव से जुड़े मुद्दों पर ही अपनी बात रखें।   118 विपक्षी सांसदों का समर्थन स्पीकर को हटाने के प्रस्ताव पर कुल 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए हैं। विपक्ष का आरोप है कि Om Birla ने सदन की कार्यवाही के दौरान निष्पक्षता नहीं बरती और कई मौकों पर ‘पक्षपातपूर्ण व्यवहार’ किया। इसी आरोप के आधार पर यह प्रस्ताव लाया गया है। मंगलवार को बहस शुरू होते ही प्रक्रिया को लेकर भी विवाद देखने को मिला। एआईएमआईएम प्रमुख Asaduddin Owaisi और कांग्रेस सांसद K. C. Venugopal ने आपत्ति जताते हुए कहा कि इस तरह की बहस की अध्यक्षता के लिए सदन को किसी सदस्य का चुनाव करना चाहिए। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अध्यक्षों के पैनल से किसे कार्यवाही की अध्यक्षता के लिए चुना गया, इसका निर्णय किस आधार पर लिया गया। हालांकि सत्तारूढ़ दल के नेताओं ने इन आपत्तियों को खारिज कर दिया। भाजपा सांसद Ravi Shankar Prasad और Nishikant Dubey ने विपक्ष के आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि नियमों के तहत ही कार्यवाही चल रही है।   गौरव गोगोई ने शुरू की बहस बहस की शुरुआत कांग्रेस सांसद Gaurav Gogoi ने की। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव किसी व्यक्तिगत विरोध के कारण नहीं बल्कि संसद की गरिमा और निष्पक्षता बनाए रखने के उद्देश्य से लाया गया है। उन्होंने कहा, “यह प्रस्ताव सदन की गरिमा की रक्षा की जिम्मेदारी के तहत लाया गया है, न कि व्यक्तिगत रूप से स्पीकर के खिलाफ।” गोगोई ने संसदीय कार्य मंत्री Kiren Rijiju पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वे अक्सर विपक्षी सांसदों की बातों में बाधा डालते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में जब संसदीय रिकॉर्ड का अध्ययन होगा तो यह सामने आएगा कि विपक्ष की आवाज़ को सबसे अधिक बाधित किया गया।   रिजिजू ने राहुल गांधी पर साधा निशाना अपने जवाब में Kiren Rijiju ने कांग्रेस नेता Rahul Gandhi पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि यदि कोई खुद को स्पीकर से ऊपर समझता है तो उसका “कोई इलाज नहीं है।” रिजिजू ने कहा कि संसद के नियम स्पष्ट हैं और सदन में बोलने के लिए स्पीकर की अनुमति जरूरी होती है, चाहे वह प्रधानमंत्री हो, मंत्री हो या विपक्ष का नेता।   प्रियंका गांधी का पलटवार इस टिप्पणी पर कांग्रेस नेता Priyanka Gandhi Vadra ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी जनता से जुड़े मुद्दों पर सरकार को बेखौफ होकर घेरते हैं और यही बात सत्तारूढ़ दल को असहज करती है। प्रियंका गांधी ने कहा, “पिछले 12 वर्षों में इस देश में केवल एक व्यक्ति है जिसने इनके सामने झुकने से इनकार किया है और वह विपक्ष के नेता हैं। वे जो सच बोलते हैं, उसे ये लोग पचा नहीं पाते।” आज जब गृह मंत्री Amit Shah इस प्रस्ताव पर सदन में अपना पक्ष रखेंगे, तब बहस और अधिक तीखी होने की संभावना है। ऐसे में लोकसभा में राजनीतिक टकराव और हंगामे के आसार बने हुए हैं।  

यौन उत्पीड़न केस में शंकराचार्य को राहत, हाईकोर्ट ने दी अग्रिम जमानत

लखनऊ, एजेंसियां। यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों से घिरे Swami Avimukteshwaranand Saraswati को बड़ी कानूनी राहत मिली है। अलाहबाद हाई कोर्ट  ने उनकी अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है, जिससे फिलहाल उनकी गिरफ्तारी पर रोक लग गई है। इसी मामले में उनके शिष्य Swami Mukundanand Giri को भी राहत दी गई है।   फैसला सुरक्षित रखने के बाद सुनाया गया आदेश इस मामले में अदालत ने पहले ही सभी पक्षों की दलीलें सुन ली थीं और 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था। विस्तृत सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति जितेंद्र कुमार सिन्हा की एकल पीठ ने यह फैसला सुनाया। अदालत के इस निर्णय को आरोपियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है, हालांकि केस की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।   मीडिया बयान पर भी कोर्ट की रोक हाईकोर्ट ने इस मामले को संवेदनशील मानते हुए एक अहम निर्देश भी दिया है। अदालत ने शिकायतकर्ता और आरोपियों—दोनों पक्षों को मीडिया में बयान देने से रोक दिया है, ताकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।   क्या है पूरा मामला? यह मामला नाबालिगों के कथित यौन शोषण से जुड़ा है। आरोप है कि आश्रम से जुड़े कुछ बच्चों के साथ गलत व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर विशेष POCSO अदालत ने पुलिस को मामला दर्ज करने का निर्देश दिया था। इसके बाद प्रयागराज के झूंसी थाने में एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू की गई।   जांच जारी, आगे भी होगी सुनवाई फिलहाल, अदालत से मिली अग्रिम जमानत के कारण गिरफ्तारी से राहत जरूर मिली है, लेकिन मामला खत्म नहीं हुआ है। पुलिस और संबंधित एजेंसियां जांच में जुटी हैं और आने वाले समय में इस केस में और भी कानूनी कार्रवाई हो सकती है।

इच्छामृत्यु के बाद Harish Rana को अंतिम विदाई, पिता की मार्मिक अपील- "रोना मत"

गाजियाबाद/दिल्ली, एजेंसियां। 13 साल से कोमा में रहे 31 वर्षीय हरीश राणा का पार्थिव शरीर बुधवार सुबह 8.30 बजे अंतिम संस्कार के लिए दिल्ली के ग्रीन पार्क श्मशान घाट लाया गया। पिता अशोक राणा ने बेटे को आखिरी बार प्रणाम किया और कहा, “कोई रोए न, बेटा शांति से जाए। उसे भगवान का आशीर्वाद मिले।” थोड़ी देर बाद हरीश का अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें उनके भाई ने मुखाग्नि दी।   क्या है मामला? हरीश 2013 में हॉस्टल की चौथी मंजिल से गिरने के बाद क्वाड्रिप्लेजिया और गंभीर लकवे के कारण कोमा में चले गए थे। बीते 13 वर्षों में उनका जीवन केवल लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर निर्भर रहा। 11 मार्च को सुप्रीम कोर्ट ने पैसिव यूथेनेशिया यानी इच्छामृत्यु की अनुमति दी थी, जिससे हरीश की जिंदगी का अंत उनके परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्डों की मंजूरी के तहत संभव हुआ।   कैसे हुई  मौत ? एम्स में हरीश को पैसिव यूथेनेशिया के तहत जीवनरक्षक उपकरण और फीडिंग ट्यूब से हटाया गया। परिवार ने हरीश के हार्ट वाल्व और कॉर्निया दान कर दिए। इस प्रक्रिया ने भारत में इच्छामृत्यु के कानूनी मान्यता प्राप्त पहले मामले का उदाहरण पेश किया।अंतिम संस्कार के दौरान माता निर्मला राणा और पिता अशोक राणा भावुक नजर आए। यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय और ब्रह्मकुमारी लवली समेत अन्य लोग मौजूद रहे। घाट पर हरीश का पार्थिव शरीर फूलों और उपलों से सजाया गया। पिता ने अंतिम संस्कार के समय सबको संयम रखने और शांति बनाए रखने की अपील की।   सुप्रीम कोर्ट ने क्या  कहा ? सुप्रीम कोर्ट ने 2018 में इच्छामृत्यु के लिए नियम बनाए थे। इसके तहत या तो मरीज ने लिविंग विल लिखी हो या परिवार/करीबी निर्णय लें। पैसिव यूथेनेशिया में इलाज या लाइफ सपोर्ट रोक दिया जाता है, जबकि एक्टिव यूथेनेशिया भारत में गैरकानूनी है। हरीश राणा का यह मामला न केवल परिवार के साहस का प्रतीक है, बल्कि देश में इच्छामृत्यु के संवैधानिक अधिकार को भी सामने लाता है।

जॉब्स

View more
Candidates applying online for UP Cooperative Bank recruitment 2026 with over 2000 vacancies
यूपी सहकारी बैंक में 2000+ पदों पर बंपर भर्ती: बैंकिंग से टेक्निकल तक सुनहरा मौका, जानें पूरी प्रक्रिया

सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। Uttar Pradesh Cooperative Institutional Service Board (UPCISB) ने वर्ष 2026 के लिए व्यापक भर्ती अभियान की घोषणा की है। इस भर्ती के तहत कुल 2085 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी, जिसमें बैंकिंग, नॉन-बैंकिंग और टेक्निकल क्षेत्रों के विविध पद शामिल हैं। यह भर्ती उन उम्मीदवारों के लिए खास अवसर है, जो वित्तीय संस्थानों या तकनीकी सेवाओं में अपना करियर बनाना चाहते हैं। आवेदन प्रक्रिया 25 अप्रैल 2026 से शुरू हो चुकी है और उम्मीदवार 15 मई 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। किन-किन पदों पर भर्ती? इस भर्ती अभियान के तहत कई महत्वपूर्ण पदों पर नियुक्ति की जाएगी: बैंकिंग सर्विस: क्लर्क, कैशियर, जूनियर मैनेजर नॉन-बैंकिंग सर्विस: एडमिनिस्ट्रेटिव असिस्टेंट, ऑफिस मैनेजर टेक्निकल सर्विस: आईटी ऑफिसर, सिविल और इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग से जुड़े पद वैकेंसी का पूरा विवरण मैनेजर – 65 पद जूनियर मैनेजर – 486 पद बैंक सहायक / कैशियर – 887 पद कंप्यूटर मैनेजर – 10 पद जनरल मैनेजर – 42 पद अकाउंटेंट – 24 पद असिस्टेंट अकाउंटेंट – 34 पद अकाउंट क्लर्क – 2 पद स्टेनोग्राफर – 23 पद जूनियर असिस्टेंट – 45 पद टाइपिस्ट – 71 पद असिस्टेंट इंजीनियर (सिविल) – 32 पद असिस्टेंट इंजीनियर (इलेक्ट्रिकल) – 2 पद जूनियर इंजीनियर (सिविल) – 211 पद जूनियर इंजीनियर (इलेक्ट्रिकल) – 7 पद योग्यता और आयु सीमा बैंकिंग पदों के लिए किसी भी विषय में स्नातक (Graduation) आवश्यक है, जबकि कुछ पदों पर कॉमर्स या गणित पृष्ठभूमि को प्राथमिकता दी जा सकती है। टेक्निकल पदों के लिए संबंधित क्षेत्र में बीटेक या डिप्लोमा अनिवार्य होगा। आयु सीमा से जुड़ी विस्तृत जानकारी आधिकारिक नोटिफिकेशन में उपलब्ध है। कैसे करें आवेदन? उम्मीदवार UPCISB Official Website पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। आवेदन की प्रक्रिया इस प्रकार है: वेबसाइट पर जाएं और भर्ती लिंक पर क्लिक करें नया रजिस्ट्रेशन करें लॉगिन कर आवेदन फॉर्म भरें जरूरी दस्तावेज अपलोड करें ऑनलाइन फीस जमा करें फॉर्म सबमिट कर प्रिंट निकाल लें क्यों खास है यह भर्ती? इतनी बड़ी संख्या में पदों की घोषणा यह दर्शाती है कि सहकारी बैंकिंग सेक्टर में रोजगार के अवसर तेजी से बढ़ रहे हैं। यह भर्ती न केवल फ्रेशर्स बल्कि अनुभवी उम्मीदवारों के लिए भी एक बड़ा अवसर है।  

surbhi मई 6, 2026 0
Students filling online government job application forms with laptop and documents for May 2026 vacancies

Sarkari Job Alert May 2026: 20,000+ सरकारी नौकरियों पर खत्म होने वाली है आवेदन प्रक्रिया, जल्द करें अप्लाई

Union Bank of India recruitment notification for 1865 apprentice posts in 2026

UBI Apprentices Recruitment 2026: यूनियन बैंक में 1865 पदों पर बंपर भर्ती, ग्रेजुएट्स के लिए सुनहरा मौका

SSB Head Constable Medical Cadre Recruitment 2026 notification for 76 vacancies

SSB Head Constable Vacancy 2026: मेडिकल कैडर में 76 पदों पर भर्ती, 10वीं-12वीं पास युवाओं के लिए मौका, 4 मई आखिरी तारीख

BA graduate student studying for government exams with books and laptop preparing for competitive exams
BA के बाद करियर की चिंता खत्म: ये 5 सरकारी नौकरियां दिला सकती हैं स्थिर भविष्य और शानदार सैलरी

बैचलर ऑफ आर्ट्स (BA) करने के बाद अक्सर छात्रों के मन में यह सवाल उठता है कि आगे कौन-सा करियर चुना जाए। लेकिन हकीकत यह है कि BA के बाद सरकारी क्षेत्र में कई ऐसे अवसर मौजूद हैं, जो न सिर्फ अच्छी सैलरी देते हैं बल्कि जॉब सिक्योरिटी और सामाजिक सम्मान भी सुनिश्चित करते हैं। सही दिशा में तैयारी और रणनीति अपनाकर इन नौकरियों को हासिल किया जा सकता है। यहां हम आपको ऐसे पांच प्रमुख सरकारी करियर विकल्पों के बारे में बता रहे हैं, जो BA के बाद आपके भविष्य को नई दिशा दे सकते हैं। 1. SSC CGL: स्थिर करियर का मजबूत विकल्प SSC CGL परीक्षा BA ग्रेजुएट्स के बीच सबसे लोकप्रिय विकल्पों में से एक है। इस परीक्षा के माध्यम से इनकम टैक्स ऑफिसर, ऑडिटर और असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर जैसे पदों पर नियुक्ति मिलती है। इसमें आकर्षक वेतन के साथ-साथ नियमित प्रमोशन के अवसर भी मिलते हैं। 2. बैंकिंग सेक्टर: सुरक्षित और संतुलित नौकरी बैंकिंग क्षेत्र में करियर बनाने के लिए IBPS Exam और State Bank of India द्वारा आयोजित परीक्षाएं अहम होती हैं। इन परीक्षाओं के जरिए प्रोबेशनरी ऑफिसर (PO) और क्लर्क पद हासिल किए जा सकते हैं। बैंकिंग नौकरियों में फिक्स वर्किंग आवर्स, अच्छी सैलरी और ग्रोथ के पर्याप्त अवसर होते हैं। 3. UPSC सिविल सर्विस: देश सेवा के साथ प्रतिष्ठा अगर आप प्रशासनिक सेवा में जाना चाहते हैं, तो UPSC Civil Services Examination आपके लिए सबसे बड़ा मंच है। इस परीक्षा के माध्यम से IAS, IPS और IFS जैसे प्रतिष्ठित पदों पर चयन होता है। BA के दौरान पढ़े गए विषय इस परीक्षा की तैयारी में काफी मददगार साबित होते हैं। 4. रेलवे में नौकरी: सुविधाओं के साथ स्थिरता Railway Recruitment Board (RRB) हर साल NTPC, ग्रुप D और क्लर्क जैसे पदों के लिए भर्ती करता है। रेलवे की नौकरियां अपने बेहतरीन भत्तों, जॉब सिक्योरिटी और परिवार के लिए सुविधाओं के कारण बेहद लोकप्रिय हैं। 5. राज्य सरकार की नौकरियां: अपने राज्य में अवसर हर राज्य की Public Service Commission Exams के जरिए विभिन्न प्रशासनिक पदों, पुलिस और राजस्व विभाग में भर्तियां होती हैं। इन परीक्षाओं का सिलेबस BA के विषयों से काफी मेल खाता है, जिससे आर्ट्स के छात्रों को अतिरिक्त फायदा मिलता है। सरकारी नौकरी पाने के लिए सिर्फ डिग्री ही नहीं, बल्कि सही प्लानिंग, नियमित पढ़ाई और समय प्रबंधन भी जरूरी है। यदि आप लक्ष्य तय कर लें और निरंतर मेहनत करें, तो BA के बाद भी आपके पास सफल और सुरक्षित करियर बनाने के कई रास्ते खुले हैं।  

surbhi अप्रैल 29, 2026 0
RBI Grade B recruitment 2026 notification with application dates and officer vacancy details

RBI Grade B Vacancy 2026: रिजर्व बैंक में ऑफिसर बनने का मौका, 29 अप्रैल से शुरू होंगे आवेदन

Students learning digital skills like coding, design, and marketing on laptops for job readiness

Skill Based Courses: डिग्री से आगे बढ़ें, इन स्किल्स के दम पर जल्दी पाएं नौकरी

Up government vacancy 2026

यूपी में 708 पदों पर निकली वैकेंसी, फीस मात्र 25 रुपए

SSC Stenographer 2026 recruitment notification for 731 Grade C and D vacancies
12वीं पास युवाओं के लिए बड़ा मौका: SSC स्टेनोग्राफर के 731 पदों पर भर्ती, आवेदन शुरू

सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए एक शानदार अवसर सामने आया है। Staff Selection Commission (SSC) ने स्टेनोग्राफर ग्रेड C और D पदों पर भर्ती के लिए आधिकारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इस भर्ती के तहत कुल 731 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। खास बात यह है कि इस भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवार का सिर्फ 12वीं पास होना जरूरी है, जिससे बड़ी संख्या में युवा इसके लिए पात्र बनते हैं। महत्वपूर्ण तिथियां (Important Dates) आवेदन शुरू: 24 अप्रैल 2026 आवेदन की अंतिम तिथि: 15 मई 2026 फीस जमा करने की अंतिम तिथि: 16 मई 2026 करेक्शन विंडो: 20–21 मई 2026 परीक्षा (संभावित): जुलाई – अगस्त 2026 कौन कर सकता है आवेदन? स्टेनोग्राफर ग्रेड C और D के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के लिए: किसी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं पास होना अनिवार्य आयु सीमा: ग्रेड D: 18 से 27 वर्ष ग्रेड C: अधिकतम 30 वर्ष आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों को आयु सीमा में नियमानुसार छूट दी जाएगी ऐसे करें ऑनलाइन आवेदन उम्मीदवार Staff Selection Commission (SSC) की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। प्रक्रिया इस प्रकार है: वेबसाइट पर जाकर न्यू रजिस्ट्रेशन करें रजिस्ट्रेशन नंबर और पासवर्ड से लॉगिन करें “Stenographer Grade C & D Examination 2026” लिंक पर क्लिक करें आवश्यक जानकारी भरें आवेदन शुल्क जमा करें फॉर्म सबमिट कर प्रिंटआउट सुरक्षित रखें परीक्षा पैटर्न (Exam Pattern) SSC स्टेनोग्राफर परीक्षा की खास बात यह है कि इसमें गणित (Maths) से कोई सवाल नहीं पूछा जाता। पेपर में शामिल होंगे: जनरल इंटेलिजेंस और रीजनिंग: 50 प्रश्न जनरल अवेयरनेस: 50 प्रश्न इंग्लिश लैंग्वेज और कॉम्प्रिहेंशन: 100 प्रश्न इसके अलावा: प्रत्येक गलत उत्तर पर 0.25 अंक की नेगेटिव मार्किंग होगी क्यों खास है यह भर्ती? यह भर्ती उन युवाओं के लिए खास है: जो 12वीं के बाद सरकारी नौकरी चाहते हैं जिनकी शॉर्टहैंड और टाइपिंग पर अच्छी पकड़ है जो केंद्र सरकार के मंत्रालयों और विभागों में करियर बनाना चाहते हैं

surbhi अप्रैल 25, 2026 0
Patna High Court building with candidates applying online for computer operator typist recruitment 2026

Patna High Court Recruitment 2026: टाइपिंग स्किल है तो मौका न गंवाएं, ₹81,100 तक सैलरी वाली सरकारी नौकरी का सुनहरा अवसर

UP vacancy 2026

यूपी में 2085 पदों पर वैकेंसी, 25 अप्रैल से आवेदन

Andhra Pradesh High Court building with recruitment announcement for 300 government job vacancies

AP High Court Recruitment 2026: 7वीं पास से ग्रेजुएट तक के लिए सरकारी नौकरी का बड़ा मौका, 300 पदों पर भर्ती

0 Comments